Latest Updates
-
Fry Pan Method Fish Masala Recipe: घर पर बनाएं रेस्टोरेंट जैसा चटपटा फिश मसाला -
Pahadi Green Superfood Kafuli Recipe: घर पर बनाएं उत्तराखंड का पारंपरिक और पौष्टिक स्वाद -
टीम इंडिया की जर्सी पाकर इमोशनल हुए 15 साल के वैभव सूर्यवंशी, कही ये बड़ी बात, देखें Video -
क्यों मनाते हैं International Olympic Day? जानें इसका इतिहास, महत्व और इस साल की खास थीम -
कौन हैं WhatsApp के नए CEO कुणाल शाह? न इंजीनियरिंग, न MBA डिग्री, फिर भी करोड़ों में है नेट वर्थ -
Mahesh Navami 2026: महेश नवमी आज, जानें शुभ मुहूर्त, महत्व और पूजा विधि -
Bada Mangal 2026: ज्येष्ठ माह का आखिरी बड़ा मंगल आज, इन उपायों को करने से मिलेगी हनुमान जी की विशेष कृपा -
Happy Mahesh Navami 2026 Wishes: महेश जिनका नाम है...महेश नवमी पर प्रियजनों को भेजें ये खास शुभकामना संदेश -
Aaj Ka Rashifal 23 June 2026: मंगलवार को इन 4 राशियों पर बरसेगी बजरंगबली की कृपा, जानें अपना भाग्य -
शाम 7 बजे के बाद गलती से भी मत करना ये 5 काम, बढ़ता है हार्ट अटैक का रिस्क
पीरियड्स में सावन सोमवार का व्रत रखें या नहीं? जानें महिलाओं के सवालों के जवाब
Sawan Fast During Periods: सावन के महीने में भोले बाबा की पूजा की जाती है। महिलाएं हों या पुरुष सभी श्रद्धा भाव से भोले बाबा की पूजा करते हैं और व्रत रखते हैं। महिलाएं बड़े श्रद्धा-भाव से व्रत रखती हैं, शिवलिंग पर जल चढ़ाती हैं और प्रार्थनाएं करती हैं। लेकिन हर साल सावन आते ही महिलाओं को इस बात की चिंता सताने लगती है कि पीरियड्स आ गए तो उनका सावन सोमवार का व्रत पूरा होगा या नहीं? वो व्रत के दौरान शिवलिंग पर जल चढ़ा सकती हैं या नहीं? पूजा कर सकती हैं या नहीं?
मंदिर जा सकती हैं या नहीं? बता दें कि यह विषय सिर्फ धार्मिक आस्था से नहीं जुड़ा, बल्कि इसमें स्वास्थ्य, समाज और बदलती सोच की भी बड़ी भूमिका है। आइए जानते हैं व्रत रख सकते हैं या नहीं अगर रख सकते हैं तो कैसे करें पूजा?

धार्मिक मान्यता क्या कहती है?
परंपरागत हिन्दू मान्यताओं के अनुसार, मासिक धर्म के दौरान महिलाएं पूजा-पाठ, मंदिर प्रवेश या व्रत आदि से दूर रहती हैं। इस दौरान उन्हें कई प्रकार के काम करने की मनाही होती है। इसका मुख्य कारण शुद्ध-अशुद्ध की अवधारणा रही है, जिसमें पीरियड्स को अशुद्ध माना जाता था।

विशेष रूप से प्राचीन काल में जब सैनिटेशन की सुविधाएं नहीं थीं, तब यह एक सुरक्षा और विश्राम का नियम भी था। हालांकि, शिव पुराण या किसी वेद में सीधे तौर पर यह नहीं लिखा गया है कि महिलाएं व्रत नहीं रख सकतीं। यह सामाजिक परंपराओं और व्याख्याओं पर अधिक आधारित है।

पीरियड्स के दौरान व्रत रखने के नियम
अगर सावन के व्रत के दौरान महिलाओं को पीरियड्स आ गए हैं तो वो व्रत तो रख सकती हैं लेकिन कुछ नियमों का उन्हें पालन करना होगा। दरअसल पहले और आज के समय की सोच में काफी बदलाव आए हैं। पहले कहा जाता था कि पीरियड्स में व्रत नहीं रखने चाहिए लेकिन अब सोच में परिवर्तन आया। चलिए फिर मासिक धर्म के दौरान व्रत रखने के नियम भी जान लेते हैं।
सुबह उठकर स्नान आदि करें और साफ-सुथरे कपड़े पहनें।
पीरियड्स के दौरान महिलाएं मंदिर के अंदर नहीं जा सकतीं ऐसे में वो दूर से ही भगवान के दर्शन कर लें।
पीरियड्स के दौरान महिलाओं का शिवलिंग पर जल चढ़ाना वर्जित होता है, मगर वो मन ही मन जाप कर सकती हैं।
पीरियड्स के दौरान महिलाएं चाहें तो व्रत न रखें या फिर फलाहार कर सकती हैं।



Click it and Unblock the Notifications