Latest Updates
-
अमरनाथ गुफा में पिघला तो फ्रिज में दिखा 'बाबा बर्फानी' का शिवलिंग? वायरल वीडियो देख लोग रह गए हैरान -
एक कली कच्चा लहसुन खाकर दिन की शुरुआत करती हैं सोहा अली खान, जानें खाली पेट गार्लिक खाने के 5 जबरदस्त फायदे -
पिृत दोष से मुक्ति के लिए आज आषाढ़ अमावस्या पर करें इन 5 चीजों का दान, पितरों का मिलेगा आशीर्वाद -
बार-बार मुंह में हो रहे छालों को भूलकर भी न करें नजरअंदाज, हो सकता है ओरल कैंसर, जानें लक्षण -
लड़के-लड़कियों के लिए सबसे मॉडर्न और छोटे 100+ टॉप नाम, यहां देखें अर्थ सहित लिस्ट -
कांवड़ यात्रा कब से होगी शुरू? इस दौरान भूलकर भी न करें ये 5 गलतियां, अधूरी रह जाएगी पूजा -
Kriti Sanon ने करवाए अपने अंडे फ्रीज! जानें किस उम्र में ये कराना बेहतर और Egg Freezing फायदे-नुकसान? -
कब है आषाढ़ अमावस्या? इस दिन इन 4 राशियों पर मंडरा रहा संकट, कहीं आपकी राशि भी तो लिस्ट में नहीं? -
Corona Alert: सिंगर कुमार सानू के बेटे को हुआ कोविड, आंध्र प्रदेश में मिले सबसे ज्यादा मरीज, जानें लक्षण -
स्कूल टिफिन के लिए 15 मिनट में तैयार करें सॉफ्ट और स्पंजी सूजी के अप्पे, नोट कर लें आसान रेसिपी
Mauni Amavasya 2025: पितरों की कृपा पाने का सबसे उत्तम दिन है मौनी अमावस्या, जरूर करें तिल से जुड़ा ये उपाय
Mauni Amavasya 2025 Upay: मौनी अमावस्या, जो इस वर्ष 29 जनवरी 2025 को है, पितरों को तृप्त करने और उनकी कृपा प्राप्त करने के लिए बेहद शुभ मानी जाती है।
इस दिन मौन रहकर, पवित्र नदियों में स्नान करके, और विशेष उपायों को अपनाकर पितरों को संतुष्ट किया जा सकता है। तिल (तिलकुट) को पितरों के तर्पण और पूजा में महत्वपूर्ण स्थान दिया गया है। यह उपाय न केवल पितृ दोष से मुक्ति दिलाते हैं, बल्कि परिवार में सुख-समृद्धि का भी संचार करते हैं।

मौनी अमावस्या और तिल का महत्व
तिल का उपयोग धार्मिक कर्मकांडों, दान और तर्पण में किया जाता है। मान्यता है कि मौनी अमावस्या पर तिल का दान और उपयोग पितरों को तृप्त करता है और उन्हें मोक्ष की प्राप्ति में सहायता करता है। तिल के उपायों से जीवन में आने वाले बाधाओं और कष्टों का निवारण होता है।
तिल से जुड़े उपाय जो पितरों की कृपा दिलाते हैं
1. तिल का तर्पण करें
पवित्र नदी या घर में किसी पात्र में जल भरकर उसमें काले तिल डालें। इसके बाद पितरों का ध्यान करते हुए मंत्रों का जाप करें।
मंत्र:
"ॐ पितृभ्यः स्वधायिभ्यः स्वधा नमः"
तर्पण करते समय मन में अपने पितरों की शांति और संतुष्टि की प्रार्थना करें।
2. तिल के दान का महत्व
मौनी अमावस्या पर काले और सफेद तिल का दान पितृ दोष को समाप्त करता है। तिल के साथ गुड़, कपड़े, अन्न, और तिल के लड्डू का दान करें। यह पितरों को संतुष्ट करता है और उनकी कृपा प्राप्त होती है।
3. तिल से बनी खीर का भोग
पितरों की प्रसन्नता के लिए तिल और गुड़ से बनी खीर का भोग लगाएं। इसे भगवान विष्णु और पितरों को अर्पित करें। भोग के बाद इसे गरीबों और ब्राह्मणों को दान करें।
4. तिलयुक्त दीपक जलाएं
संध्या समय तुलसी के पौधे के पास तिल के तेल का दीपक जलाएं। यह पितरों की आत्मा को शांति प्रदान करता है। दीपक जलाने के साथ "ॐ नमो भगवते वासुदेवाय" मंत्र का जाप करें।
5. तिल और जल का अर्घ्य दें
पवित्र जल में तिल मिलाकर सूर्य को अर्घ्य देने से पितरों को तृप्ति मिलती है। यह उपाय पितरों की कृपा से जीवन की सभी बाधाओं को समाप्त करता है।
अन्य महत्वपूर्ण उपाय
- मौन रहकर दिन भर व्रत रखें और साधना करें।
- तिल के लड्डू, कंबल और अन्न का दान करें।
- जरूरतमंदों को भोजन कराएं और उनसे आशीर्वाद लें।
पितरों की कृपा का प्रभाव
पितरों की कृपा से परिवार में धन, स्वास्थ्य, और समृद्धि आती है। पितृ दोष का निवारण होने से जीवन के विभिन्न क्षेत्रों में आ रही रुकावटें समाप्त होती हैं।
मौनी अमावस्या पर तिल से जुड़े ये सरल उपाय अपनाकर आप पितरों का आशीर्वाद प्राप्त कर सकते हैं और अपने जीवन को सुखद और समृद्ध बना सकते हैं।
नोट: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। बोल्डस्काई लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी और धारणा को अमल में लाने या लागू करने से पहले कृपया संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications