Latest Updates
-
Restaurant Style Egg Masala Gravy Recipe: घर पर बनाएं होटल जैसा चटपटा अंडा मसाला -
International Yoga Day 2026: नाभि खिसकने पर करें ये 4 योगासन, मिलेगा तुरंत आराम -
कब से शुरू हो रहे हैं श्राद्ध? जानें तिथि, धार्मिक महत्व और पितरों के तर्पण की सही विधि -
जुलाई 2026 में कितने दिन बंद रहेंगे बैंक? यहां देखें स्टेट वाइज छुट्टियों की लिस्ट -
Restaurant Secret Amritsari Kulcha Recipe: घर पर बनाएं बाजार जैसा कुरकुरा कुलचा -
Father's Day 2026: पापा को स्पेशल फील कराने के लिए बेस्ट हैं ये शॉर्ट स्पीच और कविताएं, जो छू लेंगी दिल -
निर्जला एकादशी व्रत में पानी पी सकते हैं या नहीं? जान लें क्या कहते हैं शास्त्र और नियम -
इन 5 बीमारियों में भूलकर भी न खाएं काजू, स्वाद के चक्कर में बढ़ सकता है मर्ज -
UP Style Vegetable Pulao Tehri Recipe: घर पर बनाएं यूपी का मशहूर स्वाद -
Father's Day Sanskrit Wishes: पिता स्वर्गः पिता धर्मः, फादर्स डे पर संस्कृत संदेशों से जताएं प्यार और सम्मान
तीज, रक्षाबंधन, जन्माष्टमी, जानें अगस्त में किस दिन है कौन सा त्योहार
साल 2019 का अगस्त महीना लग चुका है। हिंदू कैलेंडर के मुताबिक, इस महीने के शुरुआती 15 दिन सावन के रहेंगे और बाद के 15 दिन में भाद्रपद लग जाएगा। धार्मिक और आध्यात्मिक रूप से इस महीने का खास महत्व है। अगस्त महीने की शुरुआत के साथ तीज त्योहारों का सिलसिला भी शुरू हो जाएगा। जानते हैं अगस्त माह में कौन कौन से व्रत और त्योहार आने वाले हैं।

1 अगस्त- हरियाली अमावस्या
श्रावण माह की अमावस्या हरियाली अमावस्या के नाम से जानी जाती है। सावन माह में बरसात होने की वजह से प्रकृति का रूप बेहद आकर्षक हो जाता है और चारों ओर हरा रंग बिखरा नजर आता है। इस दिन लोगों को वृक्षारोपण करना चाहिए। वहीं शास्त्रों में ये दिन पितरों के लिए श्राद्ध और तर्पण जैसे काम के लिए महत्वपूर्ण माने गए हैं।

3 अगस्त- हरियाली तीज
हरियाली तीज का पर्व सावन माह की शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को मनाया जाता है। शादीशुदा महिलाएं इस दिन उपवास रखती हैं और भगवान शिव तथा माता पार्वती की पूजा करती है। महिलाएं भगवान की पूजा अर्चना करके अपने पति की लंबी आयु के लिए प्रार्थना करती हैं।

5 अगस्त- नागपंचमी
सावन माह में भगवान शिव की आराधना की जाती है। वहीं भगवान शिव के आभूषण के समान उनकी गर्दन में विराजे नाग को भी हिंदू धर्म में पूजा जाता है। पाताल लोक को इनका निवास स्थान माना गया है। भविष्य पुराण में नाग पंचमी के दिन नाग देवता की पूजा का जिक्र मिलता है। नागपंचमी के दिन धान का लावा और दूध चढ़ाने से नागों का विशेष आशीर्वाद मिलता है।

7 अगस्त- तुससीदास जयंती
भारत ऋषि मुनियों की धरती रही है। महान ग्रंथ रामचरितमानस के रचयिता गोस्वामी तुलसीदास की याद में तुलसीदास जयंती मनाई जाती है। श्रावण माह की सप्तमी के दिन तुलसीदास की जयंती मनाई जाती है।

8 अगस्त- दुर्गाष्टमी
हर महीने एक दुर्गाष्टमी आती है। प्रत्येक माह जो व्यक्ति पूरे विधि विधान से दुर्गाष्टमी पर व्रत और पूजन करता है उसे मनोवांछित फल की प्राप्ति होती है।

11 अगस्त- पवित्रा एकादशी
श्रावण माह के शुक्ल पक्ष की एकादशी को पुत्रदा या पवित्रा एकादशी कहा जाता है। इस एकादशी को संतान प्राप्ति के लिए व्रत किया जाता है। ऐसा माना जाता है कि एकादशी कथा पढ़ने और सुनने से कई गायों के दान जितना पुण्य प्राप्त होता है। इस व्रत में भगवान विष्णु और पीपल की पूजा करें।

12 अगस्त- बकरीद
इस्लामी कैलेंडर के बारहवें महीने की दसवीं तारीख को बकरीद मनाई जाती है जिसे मुस्लिम संप्रदाय कुर्बानी का त्योहार मानता है। पैगंबर इब्राहिम ने अल्लाह के हुक्म पर अपने दिल के सबसे करीब अपने दस साल के बेटे की कुर्बानी स्वीकार की थी, तब से ही त्याग की ये रिवायत चली आ रही है। बकरीद ईद-उल-अजहा के नाम से भी जानी जाती है।

12 अगस्त- सोम प्रदोष व्रत
सावन माह का चौथा और अंतिम सोमवार 12 अगस्त को पड़ने वाला है और इस दिन सोम प्रदोष व्रत होने से शुभ संयोग बन रहा है। इस दिन शिव भक्तों को श्रद्धा पूर्वक अभिषेक करना चाहिए।

15 अगस्त- रक्षाबंधन, स्वतंत्रता दिवस
हर साल सावन माह के शुक्ल पक्ष की पूर्णिमा को रक्षाबंधन का पर्व मनाया जाता है। रक्षाबंधन सिर्फ धागों का त्योहार नहीं बल्कि ये भाई बहन के बीच प्यार, विश्वास और रिश्तों की गरिमा को बनाये रखने का उत्स्व है।
15 अगस्त का दिन पूरा भारतवर्ष आजादी के जश्न के तौर पर मनाता है।

18 अगस्त- कजली तीज
भाद्रपद माह की कृष्ण पक्ष की तृतीया को कजली तीज का पर्व मनाया जाता है जिसे सातुड़ी या बड़ी तीज भी कहा जाता है। अविवाहित और सुहागिन महिलाएं व्रत रखकर शाम के समय नीमड़ी की पूजा करती हैं। ये अपने भावी जीवनसाथी तथा पति की लंबी उम्र की कामना करती हैं।

23 अगस्त- श्रीकृष्ण जन्माष्टमी
भगवान श्री कृष्ण के मानने वाले सिर्फ भारत ही नहीं बल्कि विदेशों में भी मौजूद हैं। हर जगह उनके जनमोत्स्व पर तरह तरह के धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाता है। भगवान श्री कृष्ण के भक्त उनका आशीर्वाद पाने के लिए व्रत रखते हैं। मध्यरात्रि 12 बजे उनके जन्म के साथ ही विधि विधान से उनकी पूजा करके व्रत संपन्न किया जाता है।

26 अगस्त- अजा एकादशी व्रत
भाद्रपद माह के कृष्ण पक्ष की एकादशी को अजा एकादशी के तौर पर मनाया जाता है। इस एकादशी के व्रत में भगवान विष्णु की पूजा की जाती है। माना जाता है कि व्रत रखने वाले साधक की मनोकामनाएं पूरी होती हैं।



Click it and Unblock the Notifications