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कौन थे बाबा सिद्दीकी? सलमान-शाहरुख में सुलह कराया, चर्चा में रहती थी इफ्तार पार्टी, पीछे छोड़ गए इतनी दौलत
महाराष्ट्र के कद्दावर नेता और सोशललिस्ट बाबा सिद्दीकी की शनिवार देर रात सरेआम गोली मार दी गई। जिसके बाद लीलावती अस्पताल में इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। यह घटना वास्तव में चौंकाने वाली है, क्योंकि बाबा सिद्दीकी जैसी शख्सियत, जिन्हें वाई श्रेणी की सुरक्षा मिली हुई थी।
खैर आपको बता दें कि बाबा सिद्दीकी महाराष्ट्र की राजनीति में एक प्रभावशाली व्यक्ति थे और उनके बॉलीवुड कनेक्शन के कारण वे अधिक चर्चित थे। बाबा सिद्दीकी अपनी लेविश लाइफस्टाइल और हाई-प्रोफाइल पार्टियों के लिए खासे मशहूर थे, जिनमें बॉलीवुड और राजनीति से जुड़े बड़े सितारे और प्रमुख हस्तियां हमेशा शिरकत करती थीं। बाबा की इफ्तार पार्टी खासतौर पर हमेशा मीडिया में चर्चा का विषय रहती थीं।

सिद्दीकी एक्टर शाहरुख खान और सलमान खान के बेहद करीबी भी माने जाते थे, बताया जाता है कि एक ऐसी ही इफ्तार पार्टी में दोनों के बीच के मनमुटाव को खत्म कर सुलह कराने का क्रेडिट भी इनको ही जाता है। आइए जानते हैं कि कौन थे बाबा सिद्दीकी और उनकी नेटवर्थ के बारे
कौन थे बाबा सिद्दीकी?
बाबा सिद्दीकी ने अपनी राजनीतिक करियर की शुरुआत 1977 में कांग्रेस पार्टी से की थी। उन्होंने कांग्रेस की छात्र इकाई एनएसयूआई (नेशनल स्टूडेंट्स यूनियन ऑफ इंडिया) से जुड़कर राजनीति में कदम रखा। इसके बाद, उन्होंने यूथ कांग्रेस में सक्रिय भूमिका निभाई। 1992 में, वह पहली बार मुंबई महानगरपालिका के काउंसलर चुने गए, जिससे उनकी राजनीतिक ताकत बढ़ी।
1999 में, सिद्दीकी ने बांद्रा वेस्ट निर्वाचन क्षेत्र से कांग्रेस के विधायक के रूप में पहली बार चुनाव जीता। इसके बाद, वह 2004 और 2009 में भी इसी सीट से लगातार विधायक चुने गए। उनकी सक्रियता और प्रभावशाली नेतृत्व के कारण उन्हें महाराष्ट्र सरकार में मंत्री पद भी मिला, जहां उन्होंने विभिन्न विभागों में कार्य किया।
बाबा सिद्दीकी का नेट वर्थ
चुनाव आयोग को सौंपे गए हलफनामे के मुताबिक बाबा सिद्दीकी की 76 करोड़ रुपये की संपत्ति है। साल 2018 में ईडी ने सिद्दीकी से जुड़ी 462 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त की थी। बांद्रा में झुग्गी पुनर्वास योजना में गड़बड़ी और मनी लॉन्ड्रिंग जैसी गतिविधियों को लेकर इस कार्यवाही में ईडी ने मुंबई में सिद्दीकी और पिरामिड डेवलपर्स से लगभग 462 करोड़ रुपये के 33 फ्लैट जब्त किए थे।
लग्जरी कारें और ज्वैलरी का शौक
चुनाव आयोग को दिए गए हलफनामे में उन्होंने अपनी संपत्ति का जो ब्यौरा दिया था, उसमें नकदी, बैंक जमा और कई कंपनियों में शेयर सहित कई प्रकार की चल संपत्तियों स्वामित्व भी शामिल था। इसके अलावा उनके पास मर्सिडीज बेंज कारों और सोने और हीरे के ज्वैलरी जैसे वैल्युएबल एसेट्स का भी कलेक्शन था। जिनकी कीमत 30 करोड़ रुपये बताई गई थी।



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