Latest Updates
-
Ganesh Chaturthi Decoration Ideas: गणेश चतुर्थी पर ऐसे सजाएं बप्पा का दरबार, कम खर्च में ये आइडियाज आएंगे काम -
Hartalika Teej 2026: हरतालिका तीज पर हाथों में लगी मेहंदी का चाहती हैं डार्क कलर, तो आजमाएं ये 4 आसान टिप्स -
Modak Recipe: गणेश चतुर्थी पर बप्पा के लिए घर पर बनाएं उनके प्रिय उकडिचे मोदक, जानें इसकी आसान रेसिपी -
Hartalika Teej 2026: हरतालिका तीज का व्रत कब है? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त, पूजा विधि और महत्व -
ना मूर्ति, ना पुजारी, सूर्यास्त के बाद एंट्री भी मना, जानिए फिल्म 'The Vvaan' वाले वन देवी मंदिर का रहस्य -
नेपाल में बाढ़ के बाद भूकंप, इंडोनेशिया में फटा ज्वालामुखी, क्या बाबा वेंगा की भविष्यवाणी हुई सच? -
Pithori Amavasya 2026: आज या कल, पिठोरी अमावस्या कब है? जानें सही तारीख, स्नान-दान का शुभ मुहूर्त और महत्व -
World Suicide Prevention Day 2026: क्यों मनाया जाता है विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस? जानें इसका इतिहास और महत्व -
तांबे के बर्तन में पानी पीने से मिलेंगे ये 5 फायदे, डायजेशन के साथ इम्यूनिटी भी होगी मजबूत -
Ganesh Chaturthi 2026: कब है गणेश चतुर्थी? जानें तिथि, गणपति स्थापना का शुभ मुहूर्त और विसर्जन की तारीख
World Coconut Day 2021: जानिए कैसे हुई वर्ल्ड कोकोनट डे को सेलिब्रेट करने की शुरूआत
नारियल खाना तो हम सभी को पसंद होता है और नारियल पानी से लेकर नारियल की कई तरह की रेसिपी को हम सभी अपने घर में ट्राई करते हैं। नारियल की एक खास बात यह है कि इसे चाहे किसी भी रूप में खाया जाए, यह उतना ही अधिक डिलिशियस लगता है। लेकिन क्या आपको नारियल के लिए एक दिन भी समर्पित है। जी हां, हर साल 2 सितंबर को वर्ल्ड कोकोनट डे यानी विश्व नारियल दिवस के रूप में मनाया जाता है। पाम परिवार से संबंधित नारियल का

वैज्ञानिक नाम “कोको न्यूसिफेरा है।
यूं वर्ल्ड कोकोनट डे को लोग कई तरह से सेलिब्रेट करते हैं, लेकिन इस खास दिन को सेलिब्रेट करने का एक मुख्य उद्देश्य दुनियाभर में नारियल की खेती को बढ़ाना और अधिक से अधिक लोगों को रोजगार प्रदान करता है। वैसे अगर विश्व में सबसे ज्यादा नारियल उत्पादन की बात की जाए तो उसमें प्रमुख पांच देशों में इंडोनेशिया, फिलीपींस, भारत, ब्राजील और श्रीलंका का नाम लिया जा सकता है। भारत में भी केरल, कर्नाटक, तमिलनाडु और आंध्रप्रदेश में भी प्रमुख रूप से नारियल की खेती की जाती है। तो चलिए आज हम आपको वर्ल्ड कोकोनट डे के इतिहास और उसकी महत्ता से रूबरू करवा रहे हैं-

जानिए इतिहास
विश्व नारियल दिवस को मनाने की शुरूआत साल 2009 में हुई थी। इसका पहला आयोजन 2009 में एपीसीसी (एशियाई और प्रशांत नारियल समुदाय) के निर्माण की स्मृति में हुआ था। बता दें कि एपीसीसी एशिया-प्रशांत में राज्यों का एक अंतर सरकारी संगठन है जो नारियल का उत्पादन करता है। इसका उद्देश्य नारियल उद्योग की सभी गतिविधियों को बढ़ावा देना, समन्वय और सामंजस्य स्थापित करना है। हर साल, अंतर्राष्ट्रीय नारियल समुदाय विश्व नारियल दिवस के लिए एक थीम निर्धारित करता है। इस खास दिन को मनाने मनाने का उद्देश्य नारियल को सुर्खियों में लाना और उनके महत्व और लाभों को पहचानना है - न केवल स्वास्थ्य के लिहाज से बल्कि आर्थिक रूप से भी।

ऐसे करते हैं सेलिब्रेट
विश्व नारियल दिवस को कई अलग-अलग तरीकों से सेलिब्रेट किया जाता है। इस दिन कई तरह के समारोह आयोजित किए जाते हैं, जिसमें विशेषज्ञ वक्ताओं द्वारा तकनीकी सत्र शामिल होते हैं, जिन्हें नारियल की खेती का विशेष ज्ञान होता है। इस आयोजनों में नारियल के उपयोग के विभिन्न लाभों के प्रति भी लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया जाता है। इसके अलावा, इस दिन कई तरह की प्रदर्शनियां भी लगाई जाती है, जिसमें नारियल से बने कई तरह की सामग्री को सबके समक्ष प्रस्तुत किया जाता है। साथ ही, नारियल विकास बोर्ड से निर्देशित प्रस्तुतियां और नारियल उत्पादन बढ़ाने के उनके प्रस्ताव सुझाव आमतौर पर चर्चा मंचों पर रखे जाते हैं।

जानिए फायदे
नारियल का चाहे सेवन किया जाए या फिर इसे ब्यूटी रूटीन में शामिल किया जाए, यह हर तरह से आपको लाभ ही पहुंचाता है। इसके कुछ बेमिसाल लाभ हैं-
• नारियल एक बेहतरीन एंटीऑक्सिडेंट की तरह काम करता है। नारियल खाने और इसका पानी पीने से रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाया जा सकता है, जिससे आप कई तरह की बीमारियों से लड़ सकते हैं।
• कम कैलोरी और उच्च फाइबर सामग्री के कारण, मधुमेह रोगी अपने रक्त शर्करा के स्तर को प्रबंधित करने में मदद करने के लिए अधिक नारियल खा सकते हैं। यह मधुमेह रोगियों के लिए बेहद लाभकारी है।
• वहीं, यह बालों के लिए भी बेहद लाभकारी है। यह न केवल बालों को कंडीशन करता है, बल्कि उन्हें मुलायम और शाइनी बनाता है, बल्कि यह बालों की कई समस्याओं से भी निपटता है।
• मच्छरों के काटने से लेकर एंटी-एजिंग तक, नारियल का तेल त्वचा के दाग-धब्बों, पपड़ी और घावों को ठीक करने के साथ-साथ डल स्किन को रोकने में भी उपयोगी है।



Click it and Unblock the Notifications
