Latest Updates
-
Gangaur Vrat 2026: 20 या 21 मार्च, किस दिन रखा जाएगा गणगौर व्रत? नोट करें तिथि, पूजा का शुभ मुहूर्त -
घर में लाल चीटियों का दिखना शुभ है या अशुभ? जानें शकुन शास्त्र के ये 5 बड़े संकेत -
गर्दन का कालापन दूर करने के लिए रामबाण हैं ये 5 देसी नुस्खे, आज ही आजमाएं -
आपके 'नन्हे कान्हा' और 'प्यारी राधा' के लिए रंगों जैसे खूबसूरत और ट्रेंडी नाम, अर्थ सहित -
15 या 16 मार्च कब है पापमोचिनी एकादशी? जानें सही तारीख, शुभ मुहूर्त और पारण का समय -
Women's Day 2026: चांद पर कदम, जमीन पर आज भी असुरक्षित है स्त्री; जानें कैसे बदलेगी नारी की किस्मत -
Women’s Day 2026: बचपन के हादसे ने बदली किस्मत, अपनी मेहनत के दम पर मिताली बनीं Supermodel -
Happy Women's Day 2026: महिला दिवस पर 'मां' जैसा प्यार देने वाली बुआ, मौसी और मामी को भेजें ये खास संदेश -
Rang Panchami 2026 Wishes: रंगों की फुहार हो…रंग पंचमी पर प्रियजनों को भेजें ये खास शुभकामना संदेश -
Women's Day 2026 Wishes for Mother: मेरी पहली 'सुपरवुमन' मेरी मां के नाम खास संदेश, जिसने दुनिया दिखाई
प्रेगनेंसी के First Trimester में क्या खाना चाहिए और क्या नहीं? कैसी होनी चाहिए हेल्दी डाइट
First Trimester Me Kya Khana Chaiye : प्रेगनेंसी हर महिला के लिए एक सुखद अहसास होता है। जहां वो 9 महीनें की इस जर्नी में कई उतार-चढ़ाव महसूस करती हैं। इस वक्त मां को खुद की और होने वाले बच्चे की पोषण की दोहरी जिम्मेदारी निभानी होती है।
शुरुआत के तीन महीने बेहद ही महत्वपूर्ण होते हैं। ऐसे में हर मां बनने वाली महिला को यह पता होना चाहिए कि उसे क्या खाना हैं और क्या नहीं? आज हम मां बनने वाली महिलाओं के लिए पहली तिमाही के लिए डाइट चार्ट लेकर आएं हैं कि शुरुआती तीन महीनों में गर्भवती महिलाओं को अपनी डाइट में किन चीजों को शामिल करना चाहिए और किन्हें नहीं?

पहली तिमाही में कितनी कैलोरी खाएं?
प्रेग्नेंसी की पहली तिमाही में गर्भवती महिला को सामान्य से 300 कैलोरिज ज्यादा खानी चाहिए। लेकिन इससे ज्यादा महिला को अपनी डाइट में प्रोटीन, मिनरल और विटामिन जैसे हेल्दी तत्वों पर ध्यान देना चाहिए।
क्या खाएं पहली तिमाही में
पहली तिमाही में गर्भवती महिला संतुलित आहार के जरिए अपनी और अपने गर्भस्थ शिशु की सभी जरूरतों को पूरा कर सकती है। एक संतुलित आहार के लिए उसे ये चीजें खानी चाहिए:
बींस और दालें
बींस और दालें प्रोटीन का अच्छा स्रोत होते हैं। प्रेगनेंसी में महिला को सबसे ज्यादा प्रोटीन इनटेक करना चाहिए। यह गर्भस्थ शिशु की विकास में बहुत बड़ी भूमिका निभाता है। इसलिए डॉक्टर भी आपको ज्यादा से ज्यादा प्रोटीन खाने की सलाह देंगे।

फल व हरी सब्जियां
फल और हरी सब्जियों में प्राकृतिक रुप से फोलिक एसिड, आयरन और कई जरुरी मिनरल्स होते हैं। जो बच्चें के मानसिक विकास के लिए अहम होते हैं। इसके अलावा मां में खून की कमी न हो इसलिए गर्भावस्था में खूब फल और सब्जियां खानी चाहिए।
डेयरी प्रॉडक्ट
प्रेगनेंसी के दौरान कैल्शियम भी बहुत जरुरी होता है। पूरी प्रेगनेंसी के दौरान डॉक्टर आपको कैल्शियम सप्लीमेंट खाने की सलाह देते हैं। लेकिन नेचुरल तरीके से दूध, दही, पनीर और अंडों में भी खूब कैल्शियम होता है। इनका इनटेक करने से मां और बच्चे के बोन और मसल्स स्ट्रॉन्ग बनते हैं।
साबुत अनाज
प्रेगनेंसी के दौरान साबुत अनाज जैसे गेहूं, ओट, मक्का, ज्चार, बाजरा जैसे मोटे अनाज को अपनी डाइट में शामिल करें। इनमें मौजूद जरूरी विटमिन बच्चे की गर्भनाल के विकास में सहायता करते हैं इसके अलावा यह बच्चे की ग्रोथ में भी मदद करते हैं।
सूखे मेवे
फल, सब्जियों के अलावा प्रेगनेंसी में खूब ड्रायफ्रूट्स खाएं। प्रेगनेंसी में ओमेगा 3 फैटी एसिड बहुत जरूरी होता है। ओमेगा 3 एक पॉलीअनसैच्युरेटेड फैटी एसिड दिमाग और हृदय को सेहतमंद रखता है। इसके अलावा ये गर्भनाल के विकास में भी मदद करती है। इसलिए प्रेग्नेंसी में खूब सारा ड्रायफ्रूट खाना चाहिए। ओमेगा 3 फैटी बच्चें के आईक्यू के लिए भी अच्छा माना जाता है।
ये चीजें खाने से बचें
गर्भावस्था के पहले तिमाही कुछ चीजें खाने से बचना चाहिए। जैसे कच्चा पपीता, कॉफी, फास्टफूड, कॉल्ड ड्रिंक्स और ज्यादा मांस खाने से भी बचना चाहिए। ये चीजें गर्भस्थ शिशु को नुकसान पहुंचा सकते हैं।



Click it and Unblock the Notifications











