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कहीं आपकी इस लापरवाही से तो नहीं पड़ रहा बच्चा बार बार बीमार
बच्चे जितने ज़्यादा प्यारे और मासूम होते हैं उतने ही नाज़ुक भी। अगर इनकी सही देखभाल न की जाए तो फिर माता पिता के लिए मुश्किलें खड़ी हो जाती है। ख़ास तौर पर उन लोगों को इस बात का ज़्यादा ध्यान रखना चाहिए जो अभी अभी पेरेंट्स बने हैं यानी जिनके बच्चे ने अभी अभी इस दुनिया में अपना कदम रखा है।
पहली बार पेरेंट्स बन रहे लोगों के लिए यह बिल्कुल ही नया अनुभव होता है क्योंकि आपको चौबीस घंटे अपने बच्चे पर ध्यान देना पड़ता है। बच्चे के जन्म के बाद आपके डॉक्टर आपको बच्चे की सेहत से जुड़ी हर छोटी बड़ी जानकारी देंगे ताकि आप उनकी देखभाल में कोई कमी न रखें। अब यह आप पर निर्भर करता है कि आप अपनी ज़िम्मेदारियों को कैसे निभाते हैं।
जब बच्चे का जन्म होता है तब उसके शरीर के सभी अंग विकसित हो चुके होते हैं और दुनिया में आते ही ये अंग अपना काम करना भी शुरू कर देते हैं। हालांकि नवजात शिशु का इम्यून सिस्टम अभी तक विकसित हो रहा होता है जिसके कारण उन्हें तरह तरह की बीमारियों का खतरा बना रहता है। ख़ास तौर पर एक से दो महीने के बच्चों को बीमारियों का ख़तरा ज़्यादा रहता है इसलिए इनकी सही देखभाल बहुत ज़रूरी है। तो आइए जानते हैं कैसे आप अपने शिशु की सही देखभाल करके उन्हें बीमारियों से दूर स्वस्थ रख सकते हैं।

बच्चे को सही तापमान में रखें
इस बात को ध्यान में रखना ज़रूरी है कि बच्चे को सही तापमान में रखें यानी अगर आपका बच्चा अधिक ठंडी जगह पर रहेगा तो उसके बीमार होने की संभावना ज़्यादा रहेगी। ऐसे में आप अपने बच्चे को अच्छे से कपड़े में लपेटकर रखें ताकि वह आराम और सहज महसूस कर सके जैसा वह अपनी माँ के गर्भ में करता है।

हाथों की सफाई
अपने बच्चे का कोई भी काम करने से पहले यहां तक कि उसे गोद में उठाने से पहले भी आप अपने हाथों को अच्छे से धोएं। आप इस बात का अंदाज़ा भी नहीं लगा सकते कि आपके हाथों में कितने कीटाणु होते हैं जो आपके बच्चे के लिए बेहद हानिकारक हो सकते हैं।

बार बार बच्चे को चुमे नहीं
अपने बच्चे को लाड़ प्यार करने के लिए अकसर माता पिता, परिवार के अन्य सदस्य या फिर रिश्तेदार बच्चे को चूमने लगते हैं लेकिन यह बहुत ही गलत होता है क्योंकि जिस तरह से हमारे हाथ के कीटाणु बच्चे को नुकसान पहुंचा सकते हैं ठीक उसी प्रकार मुँह के कीटाणु भी बच्चों के लिए जानलेवा हो सकते हैं। ख़ास तौर पर जन्म के बाद जब बच्चा अस्पताल में होता है तब आप इस बात का ध्यान रखें कि कहीं कोई बाहरी व्यक्ति आपके बच्चे को न चूमें।

बच्चे को स्तनपान ही करवाएं
माँ का दूध शिशु के लिए वरदान होता है इसलिए आपके डॉक्टर भी आपको यही सलाह देंगे कि 6 महीने तक आप अपने बच्चे को स्तनपान ही कराएं क्योंकि यह उसके सही विकास के लिए बहुत ज़रूरी है। साथ ही माँ का दूध पीने से बच्चे का इम्यून सिस्टम भी मज़बूत होता है और वह लंबे समय तक स्वस्थ रहता है।

कपड़ों की साफ़ सफाई
बच्चों की सही देखभाल में साफ़ सफाई बहुत महत्वपूर्ण है इसलिए उनके नहाने से लेकर उनके कपड़ों की भी सफ़ाई का ख़ास ख्याल रखना चाहिए क्योंकि बच्चा जिन जिन लोगों के संपर्क में आता है हो सकता है उनके कपड़ों के कीटाणु आपके बच्चे तक पहुंच जाए। इसलिए बच्चे के कपड़ों की सफाई भी ठीक से करनी चाहिए। इतना ही नहीं धोने के बाद उसे अच्छे से सुखाना भी बहुत ज़रूरी है।

समय समय पर वेक्सीनेशन
अपने बच्चों को कई तरह की घातक बीमारियों से बचाने के लिए समय समय पर उसका टीकाकरण ज़रूर करवाएं। इसके लिए आप डॉक्टर द्वारा दिए गए वेक्सीनेशन चार्ट का पालन करें।



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