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‘कोरोनो वायरस’ से बच्चों को बचाना है तो उन्हें जरूर सिखाएं हाइजीन के ये टिप्स
दुनिया भर में इन दिनों बहुचर्चित विषय है 'कोरोना वायरस’, जिससे चीन में अब तक कई जानें जा चुकी हैं। चीन के नेशनल हेल्थ कमीशन की रिपोर्ट के अनुसार अब तक इस जानलेवा बीमारी के 20,000 से भी ज्यादा केस दर्ज किए जा चुके हैं। भारत के दक्षिण राज्य केरल में भी कोरोनो वायरस के मामले सामने आ चुके हैं। देश में इस लाईलाज बीमारी का अभी तक असर कम होने से बच्चों और प्रेगनेंट महिलाओं में इसका खतरा कम है। लेकिन इसके बावजूद भी खुद के संग बच्चों को थोड़ा सर्तक करना बहुत जरूरी है।

इंटरनेट, वॉट्सअप और न्यूजपेपर में इस बीमारी से बचाव के तौर तरीकों पर खूब चर्चा चल रही है, लेकिन इन चर्चाओं पर ज्यादा भरोसा नहीं किया जा सकता है। ऐसा इसलिए क्योंकि अभी तक कोरोनो वायरस की कोई दवा या वैक्सीन नहीं बन पायी है। यही वजह है कि इस घातक वायरस के खिलाफ खुद को सुरक्षित करने के लिए लोग अपने स्तर पर तरीके ढूंढ रहे हैं। ऐसे में WHO ने कुछ हेल्थ गाइडलाइंस जारी की हैं जिससे एक स्तर तक इस बीमारी से बचाव किया जा सकता है।

WHO ने जारी किए गाइडलाइंस
वर्ल्ड हेल्थ आर्गेनाईजेशन ने कोरोनो वायरस के प्रति सतर्क रहने के लिए कुछ गाइडलाइंस जारी की है। हालांकि इस वायरस से जुड़ी सभी डिटेल्स बहुत धीरे-धीरे मिल रही हैं, इसलिए जरूरी हो गया है कि हम अपने बच्चों को इस वायरस के बारे में बताएं और यह भी सिखाएं कि इसके प्रति किस तरह के एहतियात बरते जाने चाहिए। असल में WHO ने nCoV 19 को फैलने से रोकने और उससे बचाव के लिए कुछ टिप्स दिए हैं, जिन्हें हम और बच्चे आसानी से फॉलो कर सकते हैं।

साफ सफाई रखना है जरूरी
बच्चों को साफ सफाई की महत्ता समझाएं। उन्हें सिखाएं कि वह दिन में कई बार हाथ धोएं। इसके लिए वह पानी, साबुन या फिर एल्कोहॉल बेस्ड क्लीनर का इस्तेमाल कर सकते हैं। बीमार लोगों से मिलने, हाथ मिलाने, छींकने या चीजों को छूने के बाद अगर आप हाथ धो लेते हैं तो बीमार पड़ने के चांस कम होते हैं।
जब बच्चे, कफ या छींकने के बाद हाथ धो लेते हैं तो उनमें संक्रमण कम फैलता है। चाहे बच्चा स्कूल में खेलें, पार्क में खेले या फिर किसी भी तरह की एक्टिविटी में ही व्यस्त क्यों न हो, यह जरूर तय कर लें कि उसके हाथ साफ हों, ताकि वह किसी भी तरह के किटाणुओं से बचा रहे।
माता पिता होने के नाते बच्चों को सही तरीके से हाथ धोना सिखाएं। हर तरीके के किटाणु से दूर रहने के लिए हाथ धोना ही सबसे कारगर तरीका है। बच्चों को सही तरीके से हाथ धोना जरूर सिखाएं।
1. सबसे पहले हाथों को साफ सुथरे बहते पानी से धोएं, फिर नल को बंद कर दें। अब हाथों पर साबुन लगाएं। याद रहे कि बच्चों के लिए पानी ज्यादा गर्म न हो।
2. कम से कम 20 मिनट तक साबुन को हाथों पर आगे पीछे और अंगुलियों के बीच से मले। नाखुन और कलाई को भी जरूर साफ करें।
3. अब साबुन को बहते साफ पानी से धो लें।
4. बच्चों को सिखाएं कि हाथ धोने के बाद ड्रायर के बजाय साफ सुथरे, कॉटन टॉवल का इस्तेमाल करें। बच्चों में हड़बड़ाहट बहुत रहती है इसलिए हो सकता है कि वह ड्रायर का सही तरीके से इस्तेमाल न कर पाए।

रखें हमेशा याद
याद रहे कि बच्चों के हाथ हमेशा साफ सुथरे रहें। खासकर खाना खाने के बाद और पहले।
टॉयलट जानें के बाद।
छींकने के बाद।
कफ और जुखाम में।
किसी भी तरह के जानवर को छूने के बाद और एनीमल फूड को हाथ लगाने पर।
कचरा छूने पर।
घाव को छूने पर या फिर बैंडेज बदलने पर।
बगीचे में या फिर खिलौनों से खेलने के बाद।



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