Latest Updates
-
Simple Aromatic Peas Pulao Recipe: घर पर बनाएं होटल जैसा खिला-खिला मटर पुलाव -
International Yoga Day 2026: रोजाना योग करने से मिलेंगे ये 10 जबरदस्त फायदे, तन और मन रहेगा स्वस्थ -
Jamai Sasthi 2026: दामाद की लंबी उम्र के लिए रखा जाता है व्रत, जानें जमाई षष्ठी का महत्व और मनाने का तरीका -
5 Minute Protein Masala Omelette Recipe: झटपट बनाएं होटल जैसा टेस्टी और हेल्दी नाश्ता -
Aaj Ka Rashifal 20 June 2026: शनिवार को इन 5 राशियों पर बरसेगी शनिदेव की कृपा, धन लाभ के प्रबल योग -
Restaurant Style Egg Masala Gravy Recipe: घर पर बनाएं होटल जैसा चटपटा अंडा मसाला -
International Yoga Day 2026: नाभि खिसकने पर करें ये 4 योगासन, मिलेगा तुरंत आराम -
कब से शुरू हो रहे हैं श्राद्ध? जानें तिथि, धार्मिक महत्व और पितरों के तर्पण की सही विधि -
जुलाई 2026 में कितने दिन बंद रहेंगे बैंक? यहां देखें स्टेट वाइज छुट्टियों की लिस्ट -
Restaurant Secret Amritsari Kulcha Recipe: घर पर बनाएं बाजार जैसा कुरकुरा कुलचा
भाई दूज के दिन शारीरिक संबंध बना सकते हैं या नहीं? जानें कपल्स के लिए क्या है नियम
Bhai Dooj 2024: भाई दूज का त्योहार भाई-बहन के अटूट प्रेम और स्नेह का प्रतीक है। यह पर्व दीवाली के दो दिन बाद मनाया जाता है और इसे यमराज और उनकी बहन यमुनाजी की कथा से जोड़ा जाता है।
मान्यता है कि इस दिन यमुनाजी ने यमराज को अपने घर भोजन के लिए बुलाया था और उनसे वचन लिया कि जो भाई इस दिन अपनी बहन का सम्मान करेगा, उसे यमलोक का भय नहीं होगा।
भाई दूज पर बहनें अपने भाई की लंबी उम्र और समृद्धि की कामना करते हुए तिलक करती हैं, और भाई अपनी बहनों की सुरक्षा का संकल्प लेते हैं। आइये इस लेख के माध्यम से जानते हैं कि दंपत्तियों को भाई दूज के दिन किन नियमों का पालन करने की सलाह दी जाती है।

भाई दूज 2024 कब है? (Bhai Dooj 2024)
भाई दूज रविवार, नवम्बर 3, 2024 को
भाई दूज अपराह्न समय - 01:10 पी एम से 03:22 पी एम
अवधि - 02 घण्टे 12 मिनट्स
यम द्वितीया रविवार, नवम्बर 3, 2024 को
द्वितीया तिथि प्रारम्भ - नवम्बर 02, 2024 को 08:21 पी एम बजे
द्वितीया तिथि समाप्त - नवम्बर 03, 2024 को 10:05 पी एम बजे
भाई दूज के दिन शारीरिक संबंध बना सकते हैं या नहीं?
भाई दूज के दिन शारीरिक संबंध बनाने को पारंपरिक रूप से उचित नहीं माना जाता है। इस दिन का महत्व धार्मिक और सांस्कृतिक रूप से भाई-बहन के स्नेह और उनकी सुरक्षा कामना से जुड़ा है। यह पर्व पवित्रता और रिश्तों की मर्यादा का प्रतीक माना जाता है, जिसमें बहन अपने भाई की लंबी उम्र और सुख-समृद्धि की प्रार्थना करती है, और भाई उसकी सुरक्षा का वचन देता है। ऐसे में इस दिन शारीरिक संबंधों को वर्जित माना गया है, ताकि इस दिन का पावन उद्देश्य और पारंपरिक महत्व बना रहे।
नोट: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। बोल्डस्काई लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी और धारणा को अमल में लाने या लागू करने से पहले कृपया संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications