Latest Updates
-
संडे स्पेशल डिनर के लिए परफेक्ट है पनीर कॉर्न पुलाव, स्वाद ऐसा कि सब मांगेंगे दोबारा -
सूरज की तपिश से काला पड़ गया है चेहरा? इन 3 देसी नुस्खों से हटाएं जिद्दी सन टैन -
क्या बारिश से हुए नुकसान पर सरकार और इंश्योरेंस कंपनी से मिलता है मुआवजा? हां, तो जानें कैसे करें क्लेम? -
छोटी हाइट वाली लड़कियों पर सबसे ज्यादा जंचते हैं ये आउटफिट, दिखती हैं सुपर स्टाइलिश और लंबी -
बरसात में इन 5 लोगों को गलती से भी नहीं खाना चाहिए दही, वरना बिगड़ सकती है सेहत -
Ravi Pradosh Vrat Katha: इस कथा के बिना अधूरा है रवि प्रदोष व्रत, जानें पूजा विधि, शुभ मुहूर्त और शिव आरती -
World Paper Bag Day 2026: कब और क्यों हुई पेपर बैग दिवस की शुरुआत? जानें इसका दिलचस्प इतिहास -
गलती से भी पास-पास न रखें मनी प्लांट और तुलसी का पौधा, वरना कंगाली के साथ आ जाएंगी ये 3 बड़ी मुसीबतें -
इस एक श्राप की वजह से अविवाहित कपल्स नहीं कर सकते जगन्नाथ मंदिर में दर्शन, आप भी जान लें रहस्य -
Varalakshmi Vrat के दिन लगेगा साल का आखिरी चंद्र ग्रहण, जानें क्या करें, क्या न करें और सूतक के नियम
जितिया व्रत रखने वाली महिलाएं शारीरिक संबंध बना सकते हैं या नहीं? जानें क्या कहते हैं नियम
Jitiya Vrat Rules for Couple: हिंदू धर्म में जितिया व्रत (जितवतिया व्रत) का विशेष महत्व है। यह व्रत मुख्य रूप से माताएं अपने बच्चों की लंबी उम्र और सुख-समृद्धि के लिए रखती हैं। इस दिन महिलाएं निर्जला उपवास करती हैं और पूरी श्रद्धा से जिटमाहौर जी की पूजा करती हैं। व्रत के दौरान कई नियम और परंपराएं होती हैं, जिनका पालन करना जरूरी माना गया है।
इन्हीं में से एक सवाल अक्सर सामने आता है क्या जितिया व्रत के दौरान महिलाएं शारीरिक संबंध बना सकती हैं? खासतौर पर उन महिलाओं के लिए जिन्होंने व्रत रखा हो। आज हम आपको जितिया व्रत का महत्व बताने जा रहे हैं साथ में ये भी कि धार्मिक पति-पत्नी के बीच संबंध को लेकर शास्त्रों में क्या कहा गया है।

जितिया व्रत का महत्व
यह व्रत अश्विन मास की अष्टमी तिथि को रखा जाता है। इसका उद्देश्य संतान की दीर्घायु और परिवार की समृद्धि है। इस दिन महिलाएं 24 घंटे तक निर्जला उपवास करती हैं। निर्जला व्रत से एक दिन पहले नहाए-खाए होता है और फिर निर्जला व्रत और अगले दिन पारण किया जाता है। इस व्रत के नियम बहुत ही कठिन होते हैं। अच्छी बात ये है कि जिस मौसम में ये व्रत आता है उसमें बहुत अधिक गर्मी नहीं पड़ती है जिस वजह से महिलाएं प्यास को बर्दाश्त कर लेती हैं।
शारीरिक संबंध को लेकर धार्मिक दृष्टिकोण
अब बात कर लेते हैं कि जितिया व्रत के दिन शारीरिक संबंध को लेकर नियम क्या कहते हैं। बता दें कि शास्त्रों और पुरानी मान्यताओं के अनुसार, जितिया व्रत के दौरान शारीरिक संबंध बनाना वर्जित माना गया है। शास्त्रों में कहा गया है कि व्रत के समय ब्रह्मचर्य का पालन करना चाहिए, ताकि पूजा-पाठ का फल पूर्ण रूप से मिल सके। संबंध बनाने से व्रत की पवित्रता भंग होती है और इसका फल अधूरा रह सकता है।
वैज्ञानिक दृष्टिकोण
अब बात आधुनिक या वैज्ञानिक दृष्टिकोण की करें तो उसमें बताया गया है कि व्रत के दौरान महिलाओं की ऊर्जा खत्म हो जाती है। ऐसे में शारीरिक संबंध बनाने से शरीर में और भी कमजोरी महसूस होती है। यही वजह है कि व्रत के दौरान संभोग करने के लिए मना किया जाता है। खासतौर पर जितिया व्रत के दिन जो निर्जला रखा जाता है। ऐसे में हम कह सकते हैं कि स्वास्थ्य की दृष्टि से यह कोई बाध्यता नहीं है, लेकिन धार्मिक आस्था रखने वाली महिलाएं इस नियम का पालन करती हैं।



Click it and Unblock the Notifications