Latest Updates
-
Holi Bhai Dooj 2026 Wishes: माथे की टीका...इन खूबसूरत संदेशों के जरिए अपनों को दें होली भाई दूज की शुभकामनाएं -
होली की रात शारीरिक संबंध बनाना शुभ है या अशुभ? जानें क्या कहते हैं शास्त्र और पौराणिक मान्यताएं -
Holi 2026: होली में ज्यादा पी ली है भांग, तो नशा उतारने के लिए आजमाएं ये घरेलू उपाय -
क्यों जलाई जाती है होलिका और क्यों खेलते हैं रंग? जानें होली से जुड़ी 5 अद्भुत और प्राचीन पौराणिक कहानियां -
Holi 2026 Insta Captions: होली की पोस्ट के साथ शेयर करें ये शानदार कैप्शन, मिलेंगे ढेरों लाइक्स और कमेंट्स -
Holi 2026 Wishes In Sanskrit: इन संस्कृत श्लोकों और संदेशों से अपनों को दें होली की शुभकामनाएं -
Holi Wishes for Nanad-Nandoi: ननद-नंदोई को होली पर करें ऐसे विश, सासु मां कहेंगी- 'मेरी बहू सबसे प्यारी' -
नाखूनों से होली का पक्का रंग छुड़ाने के लिए आजमाएं ये घरेलू उपाय, मिनटों में दूर हो जाएंगे सारे निशान -
Holi 2026: रंगों की मस्ती में न आए कोई परेशानी, इन सावधानियों के साथ मनाएं सुरक्षित होली -
क्या Chandra Grahan के दौरान शारीरिक संबंध बनाना सही है? जानें क्या कहते हैं शास्त्र और नियम
सावन में भोलेनाथ को प्रसन्न करने के लिए अपनाएं ये आसान उपाय, जीवन की हर परेशानी से मिलेगा छुटकारा
ऐसा माना जाता है कि सावन का महीना भगवान शिव को बेहद प्रिय है। श्रावण मास भोलेनाथ और माता पार्वती को समर्पित है। भगवान विष्णु के योगनिद्रा में चले जाने के बाद पूरी सृष्टि की जिम्मेदारी शिवजी संभालते हैं। महादेव की उपासना करने और उनकी शीघ्र कृपा पाने के लिए ये महीना सबसे उत्तम है। सावन के महीने में आप कुछ उपाय करके महादेव की कृपा पा सकते हैं और जीवन की कठिनाइयों से राहत पाकर इसे सुखमय बना सकते हैं।

रोगमुक्त जीवन
यदि किसी बीमारी से परेशान हैं तो ये उपाय आपके काम आ सकता है। सावन माह के किसी भी सोमवार के दिन पानी में दूध और काला तिल मिलाकर शिवलिंग का अभिषेक करें और साथ में ऊं जूं स: मंत्र का जप करते रहें। इसके बाद भोलेनाथ से रोग के निवारण और अच्छे स्वास्थ्य के लिए प्रार्थना करें।
हर सोमवार की रात में सवा नौ बजे के पश्चात सवा पाव गाय के कच्चे दूध से शिवलिंग का अभिषेक करने का संकल्प लें और इसे पूरा करें। इस उपाय से जल्द लाभ मिलने की संभावना है।

आय बढ़ाने के लिए
सावन माह के किसी भी दिन घर में पारद शिवलिंग की स्थापना कर लें। आप इसकी यथाविधि पूजा करें। अब "ऊं ऐं ह्रीं श्रीं ऊं नम: शिवाय:" मंत्र का 108 बार जप करें। प्रत्येक मंत्र के साथ बेल पत्र पारद शिवलिंग पर चढ़ाएं। बिल्वपत्र के तीनों दलों पर लाल चंदन से क्रमश: ऐं, ह्री, श्रीं लिखें। अंतिम 108वां बिल्वपत्र को शिवलिंग पर चढ़ाने के बाद निकाल लें। इसे आप अपने पूजा स्थान पर रखें और रोजाना उसकी पूजा करें। मान्यता है कि ऐसा करने से व्यक्ति की आर्थिक स्थिति मजबूत होती है और साथ ही घर नकारात्मक शक्तियों से बचा रहता है।

मन व आत्मा की शांति के लिए
यदि आप मन में चल रही उथल पुथल से परेशान हैं और खुद को शांत रखना चाहते हैं तो सावन महीने में रोज सुबह जल्दी उठकर स्नानादि कर लें। इसके बाद पास के किसी शिव मंदिर में जाएं और भगवान शिव पर जल चढ़ाएं और उन्हें काला तिल अर्पण करें। इसके बाद मंदिर में ही कुछ देर बैठ जाएं और मन ही मन ऊं नम: शिवाय मंत्र का जाप करें। इससे जरूर मन शांत होगा और स्वयं में सकारात्मक ऊर्जा का एहसास होगा।

खास मनोकामना की पूर्ति के लिए
समुद्र मंथन में हलाहल विष निकला था जिसका सेवन भगवान शिव ने किया था। उस विष का उपचार करने के लिए बिल्वपत्र से औषधि तैयार करके उनका उपचार किया गया था। यही वजह है कि भगवान शिव को बिल्वपत्र अतिप्रिय है। आप सावन महीने में रोजाना 21 बिल्वपत्रों पर चंदन से ऊं नम: शिवाय लिखकर शिवलिंग पर चढ़ा दें। इस उपाय से आपकी हर मनोकामना पूर्ण होगी।

विवाह में आ रही रुकावट दूर करने के लिए
यदि घर में बच्चों के विवाह में रुकावट आ रही है तो सावन माह में रोजाना केसर मिला दूध शिवलिंग पर चढ़ाएं। आपकी समस्या का समाधान जल्द होगा और घर में विवाह का योग बनेगा।



Click it and Unblock the Notifications











