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टॉयलेट में अखबार पढ़ने की लत दे सकती है आपको पाइल्स और हार्निया जैसी बीमारियां, इन बातों का भी रहता है डर
क्या आप भी वॉशरुम में अखबार या मैग्जीन पढ़ने या मोबाइल देखने के आदी है? अगर हां तो आपको मालूम होना चाहिए कि आपकी ये लत आपको बीमार करने में कोई कसर नहीं छोड़ेगी। कई रिसर्च में ये बात साबित हो चुकी हैं कि वॉशरुम में अखबार पढ़ना या मोबाइल देखने या
किसी भी तरह की गतिविधि (जैसे सिगरेट पीना या चाय पीने ) करने से आप बीमार पढ़ सकते हैं। वॉशरुम में बैठकर अखबार, किताबें और मैगजीन पढ़ने से सूक्ष्म कीटाणु पेपर पर चिपक जाते हैं और आपको बीमार कर सकते हैं। आइए जानते हैं कि वॉशरुम में अखबार पढ़ना आपकी सेहत के लिए कितना खतरनाक है?

हो सकती है ये बीमारियां
वॉशरुम में पाए जाने वाले कीटाणु मोबाइल या अखबार के जरिए सीधे वॉशरुम से घर के दूसरे हिस्सों में चले आते हैं। ये बैक्टीरिया घर के दूसरे सदस्यों को भी संक्रमित कर देता है। कोलंबिया यूनिवर्सिटी मेडिकल सेंटर के वैज्ञानिकों के मुताबिक, टॉयलेट पर अखबार या पढ़ने से डायरिया, सांस लेने की बीमारियां, फेफड़ों में संक्रमण जैसी बीमारियां फैलती हैं। हालांकि न्यूजपेपर पर बैक्टीरिया ज्यादा देर तक नहीं रहते हैं, क्योंकि अखबार की सतह पर ये आसानी से नहीं पनपते है। लेकिन मैग्जीन और मोबाइल की सतह बहुत चिकनी होती है तो वहां इन्हें पनपने के लिए आसानी रहती हैं। जो घंटो उनकी सतह पर रहकर आपकी सेहत बिगाड़ सकते हैं।
साइकोलॉजिकल इम्पैक्ट
टॉयलेट में अखबार या मोबाइल देखना भी एक तरह से लत है। जब तक अखबार नहीं पढ़ेंगे तब तक बाथरूम में बैठ नहीं सकते। इसका हमारे शरीर पर साइकोलॉजिकल असर देखने को मिलता है। टॉयलेट में जब तक अखबार आपके हाथ में रहता है उतनी देर आपका फोकस भी वहीं रहता है। ऐसे में आपको पता भी नहीं चलता कि आप टॉयलेट में कितनी देर से बैठे हैं। टॉयलेट में लंबा समय बिताने से इसका असर पेल्विक मसल्स पर पड़ता है।

पाइल्स का खतरा
टॉयलेट सीट पर ज्यादा देर तक बैठते हैं तो इससे एनस पर अधिक दबाव पड़ता है। लंबे समय तक ऐसा होने पर बवासीर का खतरा बढ़ जाता है। इसके अलावा टॉयलेट में देर तक बैठने की आदत से हर्निया भी हो सकता है।
बॉडी पोस्चर होता है खराब
विशेषज्ञों की मानें तो इंडियन या वेस्टर्न टॉयलेट सीट पर बैठकर जब आप अखबार पढ़ते है या मोबाइल देखते रहते हैं तो आपका बॉडी पोस्चर भी गड़बड़ा जाता है। लंबे समय तक ऐसा होने पर मांसपेशियों में खिंचाव आने लगता है। इस कारण आप पीठ दर्द की शिकायत भी कर सकते हैं।
( डिस्क्लेमर : इस लेख में दी गई सभी जानकारी और सूचनाएं सामान्य जानकारियों पर आधारित हैं। Boldsky Hindi इसकी पुष्टि नहीं करता है। इन चीजों पर अमल करने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें। )
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



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