Latest Updates
-
स्कूल टिफिन के लिए 15 मिनट में तैयार करें सॉफ्ट और स्पंजी सूजी के अप्पे, नोट कर लें आसान रेसिपी -
संडे स्पेशल डिनर के लिए परफेक्ट है पनीर कॉर्न पुलाव, स्वाद ऐसा कि सब मांगेंगे दोबारा -
सूरज की तपिश से काला पड़ गया है चेहरा? इन 3 देसी नुस्खों से हटाएं जिद्दी सन टैन -
क्या बारिश से हुए नुकसान पर सरकार और इंश्योरेंस कंपनी से मिलता है मुआवजा? हां, तो जानें कैसे करें क्लेम? -
छोटी हाइट वाली लड़कियों पर सबसे ज्यादा जंचते हैं ये आउटफिट, दिखती हैं सुपर स्टाइलिश और लंबी -
बरसात में इन 5 लोगों को गलती से भी नहीं खाना चाहिए दही, वरना बिगड़ सकती है सेहत -
Ravi Pradosh Vrat Katha: इस कथा के बिना अधूरा है रवि प्रदोष व्रत, जानें पूजा विधि, शुभ मुहूर्त और शिव आरती -
World Paper Bag Day 2026: कब और क्यों हुई पेपर बैग दिवस की शुरुआत? जानें इसका दिलचस्प इतिहास -
गलती से भी पास-पास न रखें मनी प्लांट और तुलसी का पौधा, वरना कंगाली के साथ आ जाएंगी ये 3 बड़ी मुसीबतें -
इस एक श्राप की वजह से अविवाहित कपल्स नहीं कर सकते जगन्नाथ मंदिर में दर्शन, आप भी जान लें रहस्य
इसको खाएं और एसिडिटी को दूर भगाएं
कई बीमारियां ऐसी होती हैं जिसे हम खुद ही बुलावा देते हैं। कहने का मतलब यह है कि हमारी गलत जीवनशैली ही ऐसे रोगों को बढ़ावा देती है। एसिडिटी ऐसे ही रोगों में से एक है। एसिडिटी को चिकित्सकीय भाषा में गैस्ट्रोइसोफेजियल रिफलक्स डिजीज (GERD) के नाम से जाना जाता है। आयुर्वेद में इसे अम्ल पित्त कहते हैं। आज इससे हर दूसरा व्यक्ति या महिला पीडि़त है। एसिडिटी होने पर शरीर की पाचन प्रक्रिया ठीक नहीं रहती।
जब एसीडिटी होती है तब सीने और छाती में जलन होने लगती है। इसके अलावा गले में जलन और अपचन भी इसके लक्षणों में शामिल होता है। जहां अपचन की वजह से घबराहट होती है, खट्टी डकारें आती हैं। वहीं खट्टी डकारों के साथ गले में जलन-सी महसूस होती है। आइये जानते हैं कुछ ऐसे खाघ पदार्थ जिसे खाने से एसीडिटी सही हो जाती है।

ओटमील
ब्रेकफास्ट में हमेशा ओटीमील का सेवन करें, इससे आपके पेट में एसिड बिल्कुल भी नहीं बनेगा और पेट भी भर जाएगा।

अदरक
अगर अदरक को सीमित खाया जाए तो एसिड रिफलक्स सही हो जाता है। अदरक को पुराने जमाने से इस्तमाल किया जा रहा है।

एलो वेरा
एलोवेरा तमाम बीमारियों को ठीक करता है। इसे आप किसी खाने की रेसीपी में उसको गाढा करने के लिये या फिर उसका एसिड कम करने के लिये डाल सकती हैं।

हरी सब्जियां
गोभी, ब्रॉकली, हरी बींस और अन्य जितनी भी हरी सब्जियां होती हैं एसिडिटी को दूर भगाती हैं।

ब्राउन राइस
यह चावल भूरे रंग का होता है जिसको खाने से पेट में एसिड नहीं बनती।

ठंडा दूध
2 या 3 बड़ा चम्मच दूध का सेवन करने से एसिडिटी से तुरंत राहत मिलती है।

इन बातों का रखें ख्याल
कोल्ड्रिंक और कॉफी न पियें, इसके अलावा हर्बल टी पियें।

इन बातों का रखें ख्याल
हर रोज 1 गिलास गुनगुना पानी पियें।

इन बातों का रखें ख्याल
अपनी डाइट में केला, तरबूज और खीरा शामिल करें। इनका जूस एसिडिटी सही करता है।

इन बातों का रखें ख्याल
नारियल पानी पेट की जलन को बुझाता है।

इन बातों का रखें ख्याल
भोजन के बीच में बहुत देर का अंतर नहीं रखना चाहिये। थोड़ी थोडी़ देर में कुछ न कुछ खाते रहना चाहिये।

इन बातों का रखें ख्याल
अंचार, तीखी चटनी और सिरका आदि का सेवन कम कर दें।

इन बातों का रखें ख्याल
पुदीने की पत्तियों को थोड़े से पानी के साथ उबाल कर भोजन के बाद पियें।

इन बातों का रखें ख्याल
थोड़ा सा लौंग चूसने से फायदा मिलता है।

इन बातों का रखें ख्याल
गुड, केला, बादाम और दही आदि खाने से राहत मिलती है।

इन बातों का रखें ख्याल
अत्यधिक स्मोकिंग और शराब पीने से एसिडिटी की समस्या बढ सकती है।

इन बातों का रखें ख्याल
च्विंग गम चबाएं। इससे पैदा होने वाला थूक भोजन को पचाने में कारगर होता है और गले की जलन को दूर करता है।

इन बातों का रखें ख्याल
बींस, कद्दू, पत्ता गोभी और हरी पत्तेदार प्याज खाएं।



Click it and Unblock the Notifications