Latest Updates
-
World Mental Health Day 2026: कब और क्यों मनाया जाता है विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस? जानें इस बार की थीम -
Sarva Pitru Amavasya 2026: सर्वपितृ अमावस्या पर इन 5 जगहों पर जलाएं दीपक, पितरों का मिलेगा आशीर्वाद -
Navratri 2026 Vrat Niyam: नवरात्रि व्रत में क्या करें और क्या न करें? जानें व्रत रखने के जरूरी नियम -
'खुद की चीयरलीडर बनो', प्रेग्नेंसी के बाद बढ़े वजन को लेकर ट्रोलिंग पर पहली बार बोलीं कैटरीना कैफ -
Evil Dead...नाना पाटेकर के निधन पर तनुश्री दत्ता ने दिया विवादित बयान, सोशल मीडिया पर मचा बवाल -
World Egg Day 2026: अंडे के साथ भूलकर भी नहीं खानी चाहिए ये 5 चीजें, सेहत को हो सकता गंभीर नुकसान -
World Post Day 2026: कब और कैसे हुई विश्व डाक दिवस की शुरुआत? जानें दुनिया के सबसे ऊंचे पोस्ट ऑफिस के बारे में -
Sarva Pitru Amavasya 2026: 9 या 10 अक्टूबर, सर्वपितृ अमावस्या कब है? जानें तिथि, कुतुप-रौहिण मुहूर्त और महत्व -
Indian Air Force Day 2026: दुनिया की सबसे ताकतवर एरयफोर्स में से एक है भारतीय वायुसेना, जानें 10 खास बातें -
35 साल की उम्र में दूसरी बार मां बनेंगी कियारा आडवाणी , जानिए इस उम्र में मां बनना कितना सेफ है?
रेड वाइन का सेवन व्यायाम के बराबर
एक शोध में पता चला है कि एक ग्लास रेड वाइन के सेवन से शरीर को एक घंटे के व्यायाम जितना फायदा पहुंचता है। कनाडाई शोधकर्ताओं ने पता लगाया कि लाल अंगूर में पाया जाने वाला एंटीऑक्सीडेंट रेसवेरेट्रॉल शरीर की मांसपेशियों और दिल के लिए उसी तरह फायदेमंद होता है, जैसे एक घंटे का शारीरिक व्यायाम।
कनाडा की यूनिवर्सिटी ऑफ अल्बर्टा के जेसन डाइक ने कहा, "मुझे लगता है कि रेसवेरेट्रॉल मरीजों की उस जमात के लिए फायदेमंद हो सकता है, जो व्यायाम करना तो चाहते हैं, लेकिन शारीरिक कमजोरी या असमर्थता के कारण ऐसा नहीं कर पाते।

रेसवेरेट्रॉल ऐसे व्यक्तियों को व्यायाम के फायदे बिना व्यायाम किए दिला सकता है।" ब्यूटी वल्ड में छाया रेड वाइन फेशियल
लैब में किए गए प्रयोगों में डाइक और उनकी टीम ने पाया कि रेसवेरेट्रॉल की अधिक मात्रा शारीरिक प्रदर्शन, हृदय की कार्य प्रणाली और मांसपेशियों को मजबूत बनाने में काफी हद तक सुधार ला सकती है।
साइंस डेली की रिपोर्ट के मुताबिक डाइक ने कहा, "हम एक व्यायाम के फायदे को एक टैबलेट या गोली के रूप में विकसित करने के बारे में भी सोच सकते हैं।"
पूर्व में हुए शोधों में यह देखा गया है कि यह एंटीऑक्सीडेंट मोतियाबिंद औ कैंसर जैसी बीमारियों के खतरे को कम करने और याददाश्त बढ़ाने में भी सहायक है।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications
