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बॉडी को डिटॉक्स करने वाले ग्रीन जूस
हमारी दिन प्रतिदिन की आदतों और लाइफस्टाइल के कारण हमारे शरीर में बड़ी मात्रा में टॉक्सिन जमा होते हैं। हर रोज शराब पीने, धुम्रपान करने और अस्वस्थ खाने से शरीर में टॉक्सिन बढ़ता चला जाता है। टॉक्सिन से मुहांसे व पिग्मेंटेशन जैसी स्किन प्राब्लम, तनाव का बढ़ना और पाचन से संबंधित समस्याएं होती हैं। अगर आप इन समस्याओं से बचना चाहते हैं तो आपको शरीर डिटॉक्सिफाई करना पड़ेगा। डिटॉक्सिफिकेशन के जरिए शरीर को अंदर और बाहर दोनों तरह से साफ किया जाता है।
डिटॉक्सिफिकेशन के कई तरीके हैं। सबसे पहले तो आप टॉक्सिन पैदा करने वाले फूड और आदतों को छोड़ दें। साथ ही आप डिटॉक्सिफाइंग फूड और जूस की मदद से भी शरीर को साफ कर सकते हैं। इतना ही नहीं, आप खून को साफ कर के और शरीर को आराम देकर भी शरीर के टॉक्सिन से छुटकारा पा सकते हैं। जब आपका शरीर मानसिक और शारीरिक रूप से बहुत ज्यादा थका हुआ हो तो डिटॉक्सिफाइंग बहुत जरूरी हो जाता है।
हेल्थी फ्रूट और वेजटेबल डाइट, खून को साफ करने वाले कुछ जूस, एक्सरसाइज और योगा व मेडिटेशन के जरिए आप डिटॉक्सिफाइंग कर सकते हैं। जूस तो खासतौर पर शरीर से अंवांटेड टॉक्सिन को हटाने में काफी कारगर होता है। इसके लिए ग्रीन वेजटेबल और फ्रूट जूस का भी इस्तेमाल किया जाता है। आइए हम आपको शरीर को डिटॉक्सिफाइंग करने के लिए उपयोगी कुछ ग्रीन जूस के बारे में बताते हैं।

1. पालक
पालक में डिटॉक्सिफाइंग का गुण बड़ी मात्रा में पाया जाता है और बॉडी सिस्टम को साफ करने के लिए आमतौर पर इसका इस्तेमाल किया जाता है। साथ ही पालक का जूस सबसे ज्यादा सेहतमंद डिटॉक्सिफाइंग जूस भी है। इसे जूस को आप पालक, नींबू और काली मिर्च से तैयार कर सकते हैं। पालक के पत्ते को पीसकर आप पेस्ट तैयार कर लें। इसे पतला करने के लिए इसमें पानी मिलाएं। अच्छे स्वाद के लिए इसमें नींबू के कुछ बूंद और काली मिर्च मिला सकते हैं। यह जूस भले ही अन्य जूस जितना स्वादिष्ट न हो पर यह काफी सेहतमंद होता है। इसका नियमित सेवन शरीर को डिटॉक्सिफाइंग करने के लिए काफी फायदेमंद रहता है।

2. ग्रीन एप्पल
हमारे शरीर और ब्लड को साफ और डिटॉक्सिफाइंग करने के ग्रीन एप्प्ल भी काफी असरदार होता है। हालांकि इसका स्वाद थोड़ा तीखा होता है, पर डिटॉक्सिफाइंग के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले अन्य जूस की तुलना में इसका फ्लेवर काफी अच्छा होता है। एक जूसर की मदद से आप ग्रीन एप्प्ल जूस तैयार कर सकते हैं। आप जूस में बिना कुछ मिलाए भी इसका सेवन कर सकते हैं। अगर जूस बहुत ज्यादा तीखा हो तो आप इसमें थोड़ा शहद मिला सकते हैं। एप्पल जूस को हर रोज खासकर सुबह के समय लेना चाहिए। यह शरीर को अंदर से बेहतरीन तरीके से साफ करता है।

3. नारियल
ताजा हरे नारियल के जूस में कई इलेक्ट्रोलाइट्स और एंटीआक्सीडेंट होते हैं जो शरीर से टॉक्सि को निकाल कर बॉडी सिस्टम को साफ करते हैं। हल्के हरे नारियल के पानी के बारे में कहा जाता है कि इसमें बड़ी मात्रा में प्योरीफाइंग प्रोपर्टी होती है। यही वजह है कि किसी भी तरह की बीमारी से ग्रस्त रोगी को हमेशा नारियल पानी पीने की सलाह दी जाती है। नारियल पानी की मदद से शरीर में जमा टॉक्सिन को निकाला जा सकता है। हालांकि नारियल पानी का रंग हरा नहीं होता, फिर भी इसे ग्रीन जूस माना जाता है, क्योंकि नारियल का रंग हरा होता है।

4. केल की पत्ती
केले की पत्ती का जूस भी एक बेहतरीन डिटॉक्सिफाइंग जूस है। इसका इस्तेमाल पालक, एप्पल और दूसरी चीजों के साथ किया जाता है। केल की पत्ती का सबसे अच्छा डिटॉक्सिफाइंग जूस केल पत्ती को पीस कर इसमें कुछ बूंद नींबू, एक चम्मच पीसा हुआ अदरक और थोड़े खीरे से तैयार किया जाता है। यह जूस बहुत ही अच्छा डिटॉक्सिफाइंग एजेंट है और इसका सेवन सुबह में करना चाहिए।

5. पुदीना और लेमन
यह सबसे सरल ग्रीन जूस है जिसका इस्तेमाल डिटॉक्सिफाइंग एजेंट के रूप में किया जा सकता है। इसे तैयार करने के लिए पुदीना की पत्ती को पानी में अच्छी तरह से मसल लें और इसमें नींबू के कुछ बूंद मिला दें। अगर आप अच्छा स्वाद चाहते हैं तो इसमें काली मिर्च और नमक भी मिला सकते हैं।



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