Latest Updates
-
IND vs SL 2nd Test: कोलंबो में सीरीज जीत की दहलीज पर भारत, बारिश और पिच का क्या है हाल? -
Varalakshmi Vrat Katha: वरलक्ष्मी व्रत के दिन जरूर पढ़ें ये व्रत कथा, धन से जुड़ी बाधाएं होंगी दूर -
Varalakshmi Vrat 2026 Wishes: मां लक्ष्मी का आशीर्वाद...वरलक्ष्मी व्रत पर प्रियजनों को भेजें ये शुभकामना संदेश -
Rakhi Gift Ideas For Sister: इस रक्षाबंधन बहन को दें ये 7 प्यार भरे तोहफे, देखते ही खुशी से झूम उठेगी -
World Mosquito Day 2026: मच्छरों के काटने से हो सकती हैं ये खतरनाक बीमारियां, बचाव के लिए अपनाएं ये घरेलू उपाय -
पुरूषों को स्पर्म काउंट बढ़ाने के लिए खानी चाहिए ये 7 चीजें, फर्टिलिटी में होगा सुधार -
घर में अचानक कॉकरोच निकलना शुभ या अशुभ? जानें ज्योतिष और वास्तु के संकेत -
40 की उम्र में भी नजर आएंगी 20 की, हेल्दी और ग्लोइंग स्किन के लिए डाइट में शामिल करें ये 7 फूड्स -
September Travel Destinations: सितंबर में घूमने के लिए बेस्ट हैं ये भारत की ये 7 खूबसूरत जगहें, मिलेगा यादगार -
World Photography Day 2026: क्यों मनाया जाता है विश्व फोटोग्राफी दिवस? जानें इस दिन का इतिहास, महत्व और थीम
Eris Variant : ब्रिटेन में तेजी से फैल रहा कोरोना का नया वेरिएंट, जानें कितना खतरनाक है ये वाला वेरिएंट
Eris New Covid Variant : ब्रिटेन में एक नए कोविड वेरिएंट के फैलने की जानकारी सामने आई है। यूके हेल्थ सिक्योरिटी एजेंसी (UKHSA) ने इसकी जानकारी दी है।
UKHSA की मानें तो ब्रिटेन में सामने आ रहे हर सात में से एक केस इस वेरिएंट से जुड़ा हुआ है। वैज्ञानिकों ने नए वेरिएंट को EG.5.1 नाम दिया है। जिसे एरिस का उपनाम दिया गया है। एरिस वेरिएंट कोविड के ओमिक्रोन वेरिएंट से निकला है। UKHSA का कहना है कि नए वेरिएंट के ज्यादातर मामले एशिया में देखने को मिले हैं।
ब्रिटेन में 31 जुलाई को EG.5.1 को नए वेरिएंट के तौर पर दर्ज किया गया। ब्रिटेन में इस वेरिएंट से संक्रमित होने वालों में युवाओं की तादाद ज्यादा है, जबकि पहले वेरिएंट से संक्रमितों में बुजुर्ग और कमजोर इम्यूनिटी वाले ज्यादा थे। आइए जानते है कि ये वेरिएंट कितना खतरनाक है?

नए वेरिएंट एरिस के लक्षण
संक्रमित मरीजों के लक्षण में है बुखार, ठंड लगकर बुखार आना, खांसी आना, कफ निकलना। सबसे आम बात यह है कि इसमें अक्सर निमोनिया के लक्षण भी दिखाई देते हैं। गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल लक्षण भी मौजूद होते हैं। हालांकि सांस लेने में तकलीफ, महक न आना और बुखार अब मुख्य लक्षण नहीं हैं।
कितना खतरनाक है ये एरिस वेरिएंट
1 जुलाई को प्रत्येक 1,00,000 लोगों में से 3.3 को कोविड था लेकिन 29 जुलाई को यह बढ़कर 7.2 लोगों तक पहुंच गया। माना जा रहा है कि नया स्ट्रेन ही इसके लिए जिम्मेदार है। एरिस मई की शुरुआत में सामने आया था जिसके तुरंत बाद वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गेनाइजेशन ने इसे अपनी वॉच लिस्ट में शामिल कर लिया। फिलहाल कोरोना के इस नए वेरिएंट को 'चिंताजनक' नहीं माना जा रहा है।
WHO की नए वेरिएंट पर नजर
वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गेनाइजेशन (WHO) का कहना है कि उसने EG.5.1 वेरिएंट पर पिछले दो हफ्तों से नजर रखना शुरू किया है। WHO के डायरेक्टर टेड्रोस अधनोम घेब्रेसियस ने कहा कि भले ही लोग वैक्सीन की वजह से सुरक्षित हैं, लेकिन इसका कतई ये मतलब नहीं है कि कोई भी देश ढिलाई बरते। सभी सरकारों से गुजारिश की जाती है कि वे अभी कोविड-19 को लेकर बनाए गए सिस्टम को खत्म नहीं करें।
बचाव
* संक्रमण का कोई भी लक्षण नजर आए तो बाहर जाने से बचें।
* उन लोगों के पास जाने से बचें जिनमें संक्रमण के लक्षण हों।
* बिना मास्क पहने भीड़-भाड़ वाली जगहों पर जाने से बचें।
* घर का कोई सदस्य संक्रमित हो जाएं तो उसे बच्चों और बुजुर्गों से अलग रखें।
* घर के अंदर हवा का संचार बेहतर बनाकर रखें।
* हाथों को साबुन से धोते रहें या सैनिटाइजर का इस्तेमाल करें।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications