Latest Updates
-
Aja Ekadashi Vrat Katha: अजा एकादशी पर पढ़ें ये व्रत कथा, मिलेगा अश्वमेध यज्ञ के बराबर पुण्य -
Aja Ekadashi 2026: नारायण की कृपा...इन संदेशों के साथ अपने प्रियजनों को भेजें अजा एकादशी की शुभकामनाएं -
National Nutrition Week: प्रेग्नेंसी में जरूरी है सही न्यूट्रिशन, जानें गर्भावस्था में क्या खाएं-क्या न खाएं -
Aja Ekadashi 2026: कब है अजा एकादशी? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त, महत्व, पूजा विधि और पारण समय -
Teacher's Day 2026: 5 सितंबर को ही क्यों मनाया जाता है शिक्षक दिवस? जानिए क्या है इसका इतिहास और महत्व -
Teacher's Day 2026 Sanskrit Wishes: इन संस्कृत श्लोकोंं के जरिए गुरुजनों को भेजें शिक्षक दिवस की शुभकामनाएं -
Teacher’s Day 2026 Wishes: गुरु का ज्ञान...इन संदेशों के साथ अपने टीचर्स को भेजें शिक्षक दिवस की शुभकामनाएं -
Dahi Handi 2026: 5 या 6 सितंबर, कब है दही हांडी? जानें क्यों और कैसे मनाते हैं ये पर्व -
Janmashtami 2026: धन, प्रेम विवाह और संतान प्राप्ति के लिए जन्माष्टमी पर करें ये अचूक उपाय, पूरी होगी मनोकामना -
Happy Krishna Janmashtami 2026 Wishes: नंद के घर खुशियां आईं...जन्माष्टमी पर अपनों को भेजें ये शुभकामना संदेश
Menstrual Hygiene Day: मेंस्ट्रुअल कप यूज करने में आप भी करती हैं झिझक, जानिए इससे जुड़े मिथक और तथ्य
पीरियड्स के दौरान अब दुनिया भर की महिलाएं स्वास्थ्य और स्वच्छता का बहुत ध्यान रखती है। आज के समय में महिलाओं के पास सैनिटरी पैड और पीरियड पैंटी से लेकर टैम्पोन और मेंस्ट्रुअल कप तक कई तरह के विकल्प मौजूद हैं। लेकिन जब इनके प्रयोग करने की बात आती है, तो लोग मेन्सट्रुअल कप से जुड़े मिथकों के शिकार हो जाते हैं।
मेंस्ट्रुअल कप एक कप के आकार का सिलिकॉन होता है जिसे पीरियड्स के दौरान मासिक धर्म के खून को इकट्ठा करने के लिए योनि के अंदर डाला जाता है। ये कप आमतौर पर मेडिकल ग्रेड सिलिकॉन से बने होते हैं और कप के आकार के होते हैं जो एक स्टेम के साथ होते हैं, जिसकी मदद से इसे योनि में डालने और निकालने में मदद मिलती है। इन सैनिटरी उत्पादों को लेकर महिलाओं के मन में कई तरह के मिथक और झिझक होते हैं, आइए इनके बारे में खुल कर जानते हैं।

मिथक 1: मेंस्ट्रुअल कप से टॉक्सिक शॉक सिंड्रोम का खतरा !
तथ्य: टॉक्सिक शॉक सिंड्रोम का जोखिम मेंस्ट्रुअल कप के इस्तेमाल से बहुत कम होता है, खासकर टैम्पोन की तुलना में। TSS मुख्य रूप से टैम्पोन के उपयोग और कुछ इंफेक्शन के कारण होता है। कप का उपयोग करते समय, किसी भी संभावित जोखिम को कम करने के लिए कप को साफ करने के लिए सही दिशानिर्देशों का पालन करना बहुत जरूरी होता है।
मिथक 2: मेंस्ट्रुअल कप उपयोग करने में मुश्किल होती है!
तथ्य: कप को कैसे डालें और कैसे निकालें, यह सीखने के लिए थोड़े अभ्यास की जरूरत होती है। इसके लिए आपको सही साइज के कप का चुनाव करने की जरूरत हो। फिर कप को फोल्ड करने और डालने के अलग-अलग तरीके हैं ताकि यह अंदर जाकर आराम से सही जगह पर सेट हो सके। एक बार जब आप इसे सीख लेते हैं तो टैम्पोन और पैड के उपयोग की तुलना में मेन्सट्रुअल कप ज्यादा आरामदायक होते हैं।
मिथक 3: मेंस्ट्रुअल कप होता है अनहेल्दी !
तथ्य: संक्रमण से बचने के लिए मेन्सट्रुअल कप का उपयोग करने से पहले आपको अपने हाथों को अच्छी तरह से धोना चाहिए। इसके अलावा, आपको कप को हल्के साबुन से धोना होगा और डालने से पहले इसे हवा में सूखने देना होगा। मेंसट्रुअल कप मेडिकल ग्रेड सिलिकॉन से बने होते हैं जो शरीर के अंदर उपयोग करने के लिए सुरक्षित माने जाते हैं।
मिथक 4: मेंस्ट्रुअल कप गंदे होते हैं!
तथ्य: अगर तने के उपयोग से कप को सही से लगाया और हटाया जाए, तो मेंस्ट्रुअल कप को बिना गिराए आसानी से खाली किया जा सकता है।
मिथक 5: केवल बच्चे की मां ही कर सकती हैं मेंस्ट्रुअल कप का इस्तेमाल !
तथ्य: मेंस्ट्रुअल कप का उपयोग पीरियड के दौरान सभी महिलाएं कर सकती हैं। बस आपको कप का सही आकार चुनने की जरूरत होती है।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications
