Latest Updates
-
Lal Bahadur Shastri Jayanti 2026: क्या आप जानते हैं लाल बहादुर शास्त्री का असली नाम? जानें 10 रोचक तथ्य -
Gandhi Jayanti 2026: गांधी जी को 'बापू' क्यों कहा जाता है? जानें किसने दी थी 'महात्मा' की उपाधि -
Gandhi Jayanti Wishes 2026: हाथ में लाठी थी...गांधी जयंती पर अपनों को ये खास मैसेज भेजकर दें शुभकामनाएं -
Gandhi Jayanti 2026 Essay, Speech: गांधी जयंती पर ऐसे करें भाषण और निबंध की तैयारी, मिलेगा इनाम -
Pitru Paksha 2026: पितृपक्ष में खीर बनाते समय न करें ये गलती, नहीं तो नाराज हो सकते हैं पितर, जानें सही विधि -
Koffee With Karan 9: करण जौहर का ‘कॉफी विद करण’ 22 साल बाद होगा खत्म, जानें कब और कहां स्ट्रीम होगा आखिरी सीजन -
Jitiya Vrat 2026: कब है जितिया (जीवित्पुत्रिका) व्रत? जानें सही तारीख, और नहाय-खाय से लेकर पारण तक का समय -
लाखों में बिकती है दुनिया की सबसे महंगी कॉफी, लेकिन बनाने का प्रोसेस जानकर फ्री में भी पीने से करेंगे तौबा! -
पाम ऑयल क्या होता है और इसे खाने से क्या नुकसान होते हैं? जानिए इससे शरीर पर क्या असर होता है -
October 2026 Vrat Tyohar List: नवरात्रि, दशहरा से करवा चौथ तक, यहां देखें व्रत-त्योहारों की पूरी लिस्ट
श्रेयस अय्यर की चोट पर बड़ा खुलासा! पसलियों में नहीं स्प्लीन में लगी गहरी चोट, जानें कितनी खतरनाक है ये इंजरी
Shreyas Iyer Spleen Injury: टीम इंडिया के स्टार बल्लेबाज श्रेयस अय्यर की चोट को लेकर बड़ा अपडेट सामने आया है। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ वनडे सीरीज के दौरान सिडनी में फील्डिंग करते हुए अय्यर जब कैच लेने के दौरान जमीन पर अजीब तरह से गिरे, तो शुरुआत में माना गया कि उनकी पसलियों में चोट लगी है। लेकिन मेडिकल जांच के बाद पता चला कि मामला इससे कहीं ज्यादा गंभीर है। दरअसल, अय्यर को पसलियों से ज्यादा स्प्लीन (तिल्ली) में चोट लगी है जो मेडिकल की भाषा में एक गंभीर चोट है।
आइए जानते हैं कि स्प्लीन क्या होती है, इसकी चोट कितनी गंभीर होती है और रिकवरी में कितना समय लगता है।

क्या होती है स्प्लीन और इसका काम क्या है?
डॉक्टरों के मुताबिक, स्प्लीन जिसे हिंदी में तिल्ली (Spleen) कहा जाता है एक मुलायम और बेहद संवेदनशील अंग है जो शरीर की बाईं पसली के नीचे स्थित होता है। इसका काम शरीर में संक्रमण से लड़ने और पुरानी या क्षतिग्रस्त रक्त कोशिकाओं को हटाकर रक्त को शुद्ध करने का होता है। यह अंग रक्त वाहिकाओं से भरा होता है, इसलिए किसी भी तेज चोट या गिरने से यह आसानी से प्रभावित हो सकता है।
जब शरीर के इस हिस्से पर जोरदार चोट लगती है, तो स्प्लीन फट सकती है (Spleen Rupture) और इसके कारण शरीर के अंदर खून बहने लगता है। यही कारण है कि ऐसी चोटों को मेडिकल इमरजेंसी माना जाता है।
कितनी खतरनाक है स्प्लीन की चोट?
हर स्प्लीन इंजरी में सर्जरी की जरूरत नहीं पड़ती। हल्के मामलों में डॉक्टर निगरानी और बेड रेस्ट से ही मरीज को ठीक कर सकते हैं। लेकिन अगर तिल्ली में गहरा कट या फटना हो जाए, तो इससे आंतरिक रक्तस्राव (Internal Bleeding) हो सकता है, जो जानलेवा साबित हो सकता है। ऐसे में तुरंत आपातकालीन सर्जरी करनी पड़ती है। श्रेयस अय्यर के मामले में, बीसीसीआई के सूत्रों ने बताया कि उन्हें समय पर मेडिकल ट्रीटमेंट और स्कैन की सुविधा मिली, जिससे गंभीर स्थिति बनने से पहले ही इलाज शुरू कर दिया गया।
रिकवरी में कितना समय लगता है?
डॉक्टरों के अनुसार, अगर चोट हल्की हो तो स्प्लीन को पूरी तरह ठीक होने में लगभग 6 से 12 हफ्ते लगते हैं। शुरुआती 24 से 48 घंटे बेहद अहम होते हैं, क्योंकि इस दौरान मरीज की हालत में अचानक गिरावट आ सकती है। ऐसे में इस समय श्रेयस अय्यर को कड़ी निगरानी में रखा गया है, और डॉक्टर लगातार स्कैन के जरिए जांच कर रहे हैं कि शरीर में कोई नया रक्तस्राव तो नहीं हो रहा है। उम्मीद है कि आने वाले कुछ हफ्तों में अय्यर पूरी तरह से ठीक होकर मैदान पर वापसी करेंगे।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications
