Latest Updates
-
Navratri Day 9: नवरात्रि के नौवें दिन करें मां सिद्धिदात्री की पूजा, जानें पूजा विधि, मंत्र, भोग और आरती -
Navratri Day 9 Wishes: मां सिद्धिदात्री का आशीष मिले...इन संदेशों से अपनों को दें महानवमी की शुभकामनाएं -
Ram Navami 2026 Wishes Quotes: भए प्रगट कृपाला...इन चौपाइयों के साथ अपनों को दें राम नवमी की शुभकामनाएं -
Aaj Ka Rashifal 27 March 2026: जानें आज किन राशियों की चमकेगी किस्मत, किन्हें रहना होगा सावधान -
डायबिटीज की दवा मेटफॉर्मिन कैसे डालती है दिमाग पर असर, 60 साल बाद रिसर्च में हुआ खुलासा -
चेहरे से झाइयां हटाने के लिए शहद का इन 3 तरीकों से करें इस्तेमाल, फेस पर आएगा इंस्टेंट निखार -
चेहरे के अनचाहे बालों और मूंछों से हैं परेशान? आजमाएं ये जादुई उबटन, पार्लर जाना भूल जाएंगे -
Kamada Ekadashi 2026: 28 या 29 मार्च, कब है कामदा एकादशी? जानें सही तिथि, शुभ मुहूर्त, महत्व और पूजा विधि -
नवरात्रि में जन्मीं बेटियों के लिए मां दुर्गा के 108+ सबसे सुंदर नाम और उनके अर्थ, देखें लिस्ट -
Ram Navami 2026 Upay: राम नवमी पर प्रभु राम को प्रसन्न करने के लिए करें ये 5 उपाय, सुख-सौभाग्य में होगी वृद्धि
बेबी के लिए कर रहे हैं प्लास्टिक से बनी चीजों का इस्तेमाल तो जान लें इसके साइड-इफेक्ट्स, जानें बचाव के उपाय
Reducing Plastic In Newborn Care: आजकल ज्यादातर माता-पिता अपने नवजात शिशुओं और छोटे बच्चों के लिए प्लास्टिक की बोतलें, खिलौने और बर्तन इस्तेमाल करते हैं। ये चीजें सस्ती और आसानी से मिल जाती हैं, इसलिए हर घर में आम हो गई हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि ये प्लास्टिक धीरे-धीरे बच्चे और मां की सेहत के लिए नुकसानदायक हो सकता है? इसके कारण कई तरह की गंभीर स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं। प्लास्टिक में मौजूद कुछ केमिकल्स बच्चे के शरीर में जाकर उसकी सेहत पर असर डालते हैं। इसलिए जरूरी कि माता-पिता प्लास्टिक की जगह सुरक्षित और प्राकृतिक चीजों का इस्तेमाल करें, ताकि बच्चा भी सुरक्षित रहे और मां भी स्वस्थ रहे। इस विषय पर बेहतर जानकारी के लिए हमने डॉ अक्षय मेहता, सीनियर कंसल्टेंट, नवजात शिशु एवं बाल रोग विशेषज्ञ, मदरहुड हॉस्पिटल्स, ग्रेटर नोएडा से बातचीत की। आइए, जानते हैं बच्चों को प्लास्टिक से क्या नुकसान हो सकते हैं और इसके सुरक्षित व प्राकृतिक विकल्प क्या हैं -
बच्चों को प्लास्टिक से होने वाले नुकसान
बाजार में मिलने वाले ज्यादातर बेबी प्रोडक्ट्स, जैसे बोतलें, खिलौने, कंटेनर या वाइप्स प्लास्टिक से बने होते हैं। जब इन्हें बार-बार गर्म किया जाता है या लंबे समय तक इस्तेमाल किया जाता है, तो इनमें से बीपीए (BPA) और फ्थेलेट्स (Phthalates) जैसे हानिकारक केमिकल्स निकलते हैं। ये केमिकल्स बच्चे के दूध, खाने या त्वचा के संपर्क में आकर शरीर में चले जाते हैं, जिससे बच्चे के हार्मोन बिगड़ सकते हैं, पाचन और इम्यूनिटी कमजोर हो सकती है और लंबे समय में सेहत पर असर पड़ सकता है। सिर्फ बच्चे ही नहीं, मांओं के लिए भी यह नुकसानदायक है क्योंकि वे रोजाना इन चीजों का इस्तेमाल करती हैं, जिससे थोड़ी मात्रा में केमिकल शरीर में जा सकता है।
रोजमर्रा में इस्तेमाल होने वाले प्लास्टिक प्रोडक्ट्स
फीडिंग बोतलें और सिपर्स
प्लास्टिक खिलौने और टीथर्स
खाने के बर्तन और कंटेनर
प्लास्टिक लाइनिंग वाले डायपर
वेट वाइप्स
स्किनकेयर की प्लास्टिक बोतलें

छोटे बच्चों की देखभाल के लिए सुरक्षित और प्राकृतिक विकल्प
गिलास या स्टील की बोतल इस्तेमाल करें
प्लास्टिक बोतलों की जगह गिलास या स्टेनलेस स्टील की बोतलें इस्तेमाल करें। ये ज़्यादा सुरक्षित होती हैं और आसानी से साफ की जा सकती हैं।
लकड़ी या कपड़े के खिलौने दें
प्लास्टिक खिलौनों की जगह कपड़े या लकड़ी के खिलौने चुनें। ये बच्चे के लिए सुरक्षित और केमिकल-फ्री होते हैं।
कपड़े के डायपर इस्तेमाल करें
कॉटन या ऑर्गेनिक कपड़े के डायपर बच्चे की त्वचा के लिए कोमल होते हैं और कचरा भी कम करते हैं।
स्टील या बांस के बर्तन इस्तेमाल करें
बच्चे को खिलाने के लिए स्टील या बांस के बर्तन का इस्तेमाल करें। ये लंबे समय तक चलने वाले और सुरक्षित होते हैं।
प्राकृतिक स्किन केयर प्रोडक्ट्स चुनें
ऐसे लोशन या क्रीम का इस्तेमाल करें, जो ग्लास पैकिंग में हों और जिन पर 'paraben-free' या 'phthalate-free' लिखा हो।
वेट वाइप्स की जगह कपड़ा इस्तेमाल करें
कॉटन कपड़े से बच्चे को साफ करें, या ऐसे वाइप्स चुनें जो रिसाइक्लेबल पैकिंग में आते हों।
माता-पिता के लिए कुछ आसान टिप्स
दूध या खाना कभी भी प्लास्टिक कंटेनर में गर्म न करें।
हमेशा 'BPA-free' या 'non-toxic' लेबल वाले प्रोडक्ट्स ही खरीदें।
बच्चे के कपड़े हवा में सुखाएं, ड्रायर शीट्स का इस्तेमाल न करें।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications











