Latest Updates
-
Shardiya Navratri 2026 Day 8: नवरात्रि के आठवें दिन करें मां महागौरी की पूजा, जानें विधि, मंत्र, भोग और आरती -
Durga Ashtami 2026 Wishes: महागौरी की कृपा...इन संदेशों के साथ अपनों को दें दुर्गा अष्टमी की शुभकामनाएं -
सिर्फ गांठ ही नहीं, ये 5 संकेत भी हो सकते हैं ब्रेस्ट कैंसर का लक्षण, साधारण समझकर इग्नोर करने की न करें भूल -
Maha Navami 2026: 19 या 20 अक्तूबर, महानवमी कब है? जानें तिथि, हवन और कन्या पूजन का शुभ मुहूर्त -
SRH की मालकिन काव्या मारन की शादी हुई तय! कौन है दुल्हा, कब और कहां होगी वेडिंग, जानिए पूरी डिटेल्स -
Ashtami Kab Hai: 18 या 19 अक्टूबर, कब है अष्टमी? जानें सही तारीख, कन्या पूजन का शुभ मुहूर्त और पारण का समय -
Shardiya Navratri 2026 Day 7: नवरात्रि के सातवें दिन करें मां कालरात्रि की पूजा, जानें विधि, मंत्र, भोग, आरती -
Navratri Day 7 Wishes: मां कालरात्रि का आशीर्वाद...इन संदेशों के साथ अपनों को भेजें महासप्तमी की शुभकामनाएं -
‘रामायण’ के ट्रेलर लॉन्च के दौरान रणबीर कपूर की घड़ी क्यों हुई वायरल? कीमत सुन उड़ जाएंगे होश, जानें खासियत -
लंबे समय तक बैठे रहने से रीढ़ की हड्डी को पहुंचता है नुकसान, डॉक्टर ने बताया इतने घंटे में ब्रेक जरूरी
महिलाओं, पुरुषों के मस्तिष्क में कोई अंतर नहीं
(आईएएनएस)| महिलाएं अधिक बुद्धिमान होती हैं या पुरुष, लंबे समय से चली आ रही इस बहस पर अब विराम लग गया है। दरअसल, एक नए शोध से खुलासा हुआ है कि लड़कों का मस्तिष्क या लड़कियों का मस्तिष्क जैसी कोई चीज नहीं होती, बल्कि दोनों के मस्तिष्क एक समान होते हैं। हां, दोनों के सोचने-समझने की क्षमता अलग-अलग होती है।
लेकिन इसकी वजह किसी मस्तिष्क का कमतर या बेहतर होना नहीं, बल्कि समाज में लिंग के आधार पर उनके लिए तय भूमिकाएं हैं। यानी लड़के और लड़कियों के मस्तिष्क को अलग-अलग बताने का कोई वैज्ञानिक आधार नहीं है।

ब्रिटेन के बर्मिघम स्थित एश्टन युनिवर्सिटी में प्रोफेसर और न्यूरोसाइंस की विशेषज्ञ गिना रिपॉन ने कहा, "पुरुष मंगल ग्रह से आए हैं और महिलाएं बुध ग्रह से, इस सोच का कोई वैज्ञानिक आधार नहीं है। हमारे मस्तिष्क उन भूमिकाओं के कारण अलग हैं, जिसे निभाने के लिए समाज हम पर दबाव बनाता है और जिसका निर्धारण लैंगिक आधार पर किया जाता है।"
रिपॉन के मुताबिक, इस तरह की रूढ़िवादी सोच कि महिलाएं मानचित्र नहीं पढ़ सकतीं और पुरुष विभिन्न तरह के काम नहीं कर सकते, इसका विज्ञान से कोई लेना-देना नहीं है। महिला और पुरुष सिर्फ इसलिए अलग होते हैं, क्योंकि जिस दुनिया में हम जीते हैं, वहां लिंग के आधार पर भूमिकाएं थोपी जाती हैं। मोटी महिला या पतली महिला? पुरुष किसे करते हैं पसंद?
समाचार पत्र 'डेली मेल' के अनुसार, रिपॉन ने कहा, "आप मस्तिष्क का चयन इस तरह नहीं कर सकते कि यह लड़कियों का मस्तिष्क है और यह लड़कों का। वे एक तरह के दिखते हैं।"
उन्होंने कहा, वास्तविकता यह है कि लड़के एवं लड़कियों को उनके लिंग के आधार पर बचपन से ही खिलौने भी अलग तरह के दिए जाते हैं। उदाहरण के लिए, लड़कियों को खेलने के लिए बार्बी डॉल दी जाती है तो लड़कों को सुपरहीरो। इस प्रकार, गुड़िया से खेलते-खेलते लड़की में स्वाभाविक रूप से नारीसुलभ सोच विकसित होती है।
रिपॉन के अनुसार, वास्तव में मस्तिष्क एक मांशपेशी है और यह आवश्यकता के अनुसार काम करता है।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications
