Latest Updates
-
नसों में जमा कोलेस्ट्रॉल को कम कर सकते हैं ये 5 योगासन, नियमित अभ्यास से हार्ट डिजीज का खतरा होगा कम -
चेहरे पर नारियल तेल में मिलाकर लगाएं कॉफी पाउडर, स्किन की इन 5 समस्याओं से मिलेगा छुटकारा -
Myth Vs Fact: टाइट ब्रा पहनने से ब्रेस्ट कैंसर होता है? डॉक्टर से जानिए ऐसे ही 10 मिथ और उनकी सच्चाई -
Karwa Chauth Kab Hai 2026: करवा चौथ कब है? जानें सही तारीख, शुभ मुहूर्त और चांद दिखने का सटीक समय -
डायबिटीज में नारियल पानी पिएं या नींबू पानी? जानें शुगर कंट्रोल के लिए क्या है बेहतर -
Papankusha Ekadashi Vrat Katha: पापांकुशा एकादशी पर जरूर पढ़ें ये व्रत कथा, सभी पापों से मिलेगी मुक्ति -
Papankusha Ekadashi 2026 Wishes: विष्णु जी की कृपा...पापांकुशा एकादशी पर अपनों को भेजें ये खास शुभकामना संदेश -
पार्टी में जल्दी बिगड़ जाता है मेकअप? केकी और पैची लुक से बचने के लिए अपनाएं ये 5 टिप्स -
दशहरा के बाद दिल्ली की हवा हुई जहरीली, 200 के पार पहुंचा AQI, प्रदूषण से बचाव के लिए फॉलो करें ये टिप्स -
कुल्लू दशहरा में नहीं जलता रावण का पुतला, देवलोक से आते हैं देवी-देवता, जानिए क्या है सदियों पुरानी परंपरा
गंदे शौचालय के इस्तेमाल से होने वाले इन्फेक्शन
सार्वजनिक शौचालय में अत्यधिक मात्रा में छुपे हुये कीटाणु होते हैं। यह कितना ही साफ हो, इसमें रोजाना इतने लोग आते हैं इसलिए यह पूरी तरह साफ नहीं रह सकता।
इन सार्वजनिक शौचालयों का इस्तेमाल विभिन्न बीमारियों से ग्रसित लोग भी करते हैं। इसलिए इसमें कोई संदेह नहीं है कि ऐसे गंदे टॉइलेट्स में संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है।
READ: ना करें सार्वजनिक शौचालयों का प्रयोग नहीं तो लग सकती हैं ये बीमारियां
हमेशा सूखे और साफ शौचालय इस्तेमाल करें। लेकिन इसके साथ ही आपको अपनी स्वच्छता का भी ध्यान रखना है। केवल इस सीट पर बैठने से ही आप बीमार नहीं पड़ते हैं, इसका कोई गलत प्रभाव नहीं पड़ता यदि आपके कोई खुला घाव ना हो।
लेकिन इन दरवाजों के हैंडल्स से हेपेटाइटिस ए जैसी बीमारियाँ फैल सकती हैं। जब भी आप इन शौचालयों का इस्तेमाल करें तो अच्छे सैनिटाइजर से हाथ धो लें।
READ: कब्ज से छुटकारा पाने के 15 घरेलू उपचार
जब आप सार्वजनिक सुविधाओं का इस्तेमाल करते हैं तो साफ बाथरूम काम में लें। गंदा बाथरूम इस्तेमाल न करें क्यों कि इनमें बहुत से संक्रमण होते हैं। आपको इनमें सावधानी रखने की आवश्यकता है, खासतौर पर बच्चों को। यदि आप जानना चाहते हैं कि गंदे शौचालयों से कितने प्रकार के इन्फेक्शन फैल सकते हैं तो आगे लिस्ट देखें।

स्ट्रेप्टोकोकस संक्रमण
इसे स्ट्रेप के रूप में जाना जाता है और एक प्रकार का बैक्टीरिया है। यह गंदे शौचालयों के इस्तेमाल से फैल सकता है। इससे स्ट्रेप थ्रोट (गले में संक्रमण), स्कार्लेट फीवर (लाल सुर्ख बुखार) और त्वचा का संक्रमण आदि हैं। इनसे मूत्र मार्ग में संक्रमण, रक्त में संक्रमण और निमोनिया भी पैदा सकता है।

हेपेटाइटिस ए संक्रमण
यह इन गंदे शौचालयों से होने वाला मुख्य संक्रमण है। बुखार, उल्टी और पेट में ऐंठन आदि इसके लक्षण हैं। ये संक्रमित लोगों के मल से फैलते हैं। एक ही बाल्टी या मग इस्तेमाल करने से भी ये फैलते हैं।

सर्दी जुकाम
यह भी गंदे शौचालयों से होने वाला वायरस इन्फेक्शन है। घर पर भी हम देखते हैं कि एक जने को बुखार होने पर सबको हो जाता है। सार्वजनिक शौचालयों के साथ भी ऐसा ही है। सिर दर्द, बुखार और नाक का रुकना और बहना आदि भी इस इन्फेक्शन के लक्षण हैं।

स्टाफीलोकोकस संक्रमण
इसे स्टफ इन्फेक्शन के रूप में जाना जाता है। कई बैक्टीरिया हैं जो कि अनेक बीमारियों का कारण बनते हैं। इनसे प्रत्यक्ष संक्रमण होता है जो कि कई महीनों के लिए आपको बीमार कर सकता है। और ये बैक्टीरिया सार्वजनिक शौचालय में मिलते हैं। इसलिए जब आप अगली बार सार्वजनिक शौचालय का इस्तेमाल करें तो ध्यान रखें।

ई-कोलाई इन्फेक्शन
गंदे शौचालयों से होने वाले इन्फेक्शन में ई-कोलाई बैक्टीरिया इन्फेक्शन भी प्रमुख है। इस प्रकार के इन्फेक्शन में आपको खूनी दस्त, पेट में ऐंठन और उल्टी जैसी समस्याएँ हो सकती हैं। इस तरह के इन्फेक्शन से छुटकारा पाने में आपको एक सप्ताह का समय लगेगा। दरवाज़े के हैंडल पर इन बैक्टीरिया की अधिकता होती है



Click it and Unblock the Notifications
