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ड्राई आई की समस्या के लिए आसान उपचार
जब किसी व्यक्ति की आँखों में आंसू नहीं आते तो ऐसी स्थिति को ड्राई आईज़ (सूखी आँखें) कहा जाता है क्योंकि ये आंसू आँखों को नमी और पोषण प्रदान करते हैं। इसके लक्षणों में आँखों में खुजली, खुरदुरापन और गालों तक आंसू आना शामिल हैं।
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दिन के अंत में आपकी आँखें थकान महसूस करती हैं, धुएं से जलती हैं तथा हवा के कारण आँखों में मवाद भी आता है। यदि आँखों की शुष्कता का इलाज नहीं किया गया तो आपकी आँखों में अल्सर हो सकता है, कॉर्निया में ज़ख्म हो सकता है या आँखों में गंभीर संक्रमण हो सकता है। कई ऐसी आदतें होती हैं जिनके कारण आँखें सूख जाती हैं।

जब आप कोई किताब पढ़ते हैं तथा आँखों के तरल पदार्थ को फ़ैलाने के लिए बहुत अधिक देर तक पलक नहीं झपकाते हैं तो इसके कारण ड्राई आईज़ की समस्या हो सकती है।
ड्राई आईज़ के अन्य कारणों में कॉन्टेक्ट लेंस पहनना, लासिक सर्जरी होना जिसमें नसों को काट दिया जाता है तथा इससे पलक झपकाने की दर भी कम हो जाती है तथा कुछ दवाईयों जैसे एलर्जी की दवाई का सेवन, गर्भ निरोधक गोलियों का सेवन आदि शामिल है।

यदि आप प्री मेनोपॉज़ के दौर से गुज़र रही हैं तो भी ड्राई आईज़ की समस्या हो सकती है क्योंकि यह वह समय होता है जब शरीर के हार्मोन्स में परिवर्तन होता है। शोध से पता चला है कि ड्राई आईज़ और हार्मोंस के असंतुलन के बीच एक विशेष संबंध है।

आँखों में होने वाले संक्रमण के कारण हल्की जलन होती है। इस जलन के कारण किसी भी प्रकार के लुब्रिकेंट्स आँखों द्वारा अवशोषित कर लिए जाते हैं जिसमें आँखों में पाया जाने वाला द्रव्य भी शामिल है। अत: आँखों में किसी भी प्रकार का संक्रमण न होने दें।

यदि आप आँखों की शुष्कता की समस्या से परेशान हैं तो आपको विशेष उपचार करने चाहिए। प्री मेनोपॉज़ के कारण होने वाली आँखों की शुष्कता के लिए कृत्रिम आंसू भी एक उपचार है। आपको ऐसी डाइट खानी चाहिये जिसमें ओमेगा 3 फैटी एसिड पाए जाते हैं।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



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