Latest Updates
-
World Malaria Day 2026: कॉइल के धुएं से घुटता है दम? तो मच्छर भगाने के लिए आजमाएं ये 7 देसी तरीके -
Sita Navami 2026: माता सीता के वो 3 दिव्य गुण जो हर बिखरते रिश्ते में भर सकते हैं नई जान -
इजरायल के PM नेतन्याहू ने पोस्ट कर दी कैंसर की जानकारी, जानें पुरुषों के लिए कितनी घातक है यह बीमारी -
World Malaria Day Slogans: 'मलेरिया मुक्त हो अपना हिंदुस्तान' इन कोट्स और संदेशों से लोगों को करें जागरुक -
Sita Navami 2026 Wishes: 'जिनके मन में बसते हैं श्री राम', सीत नवमी पर इन संदेशों से अपनों को दें बधाई -
Aaj Ka Rashifal, 25 April 2026: शनि की चाल बदलेगी इन राशियों का भाग्य, जानें शनिवार का राशिफल -
World Malaria Day 2026: एक नहीं 5 तरह का होता है मलेरिया, जानें लक्षण और बचाव के उपाय -
Anniversary wishes For Parents: पापा-मम्मी की 50वीं सालगिरह पर भेजें ये दिल छू लेने वाले संदेश और कोट्स -
World Malaria Day 2026: मलेरिया की जांच के लिए कौन से टेस्ट किए जाते हैं? जानें कब टेस्ट करवाना होता है जरूरी -
Sita Navami Wishes in Sanskrit: सीता नवमी पर अपनों को भेजें ये संस्कृत श्लोक और शुभकामना संदेश
100 डेसिबल की ध्वनि पर गाना सुनने से हो सकते है आप बहरे, डब्लूएचओ ने जारी की गाइडलाइन
आपको हेडफोन लगाकर तेज आवाज में गाने सुनने के शौकीन है?, आपका ये शौक आपको बहरा बना सकता है। हाल ही में यूनाइटेड नेशन की ओर से जारी एक रिपोर्ट में ये बात सामने आई है कि दुनियाभर में एक बिलियन से ज्यादा युवा अत्यधिक स्मार्टफोन और ऑडियो उपकरणों का इस्तेमाल करने की वजह से बहरेपन का शिकार हो सकते है। इस समस्या को गौर करते हुए ही यूएन ने नई गाइडलाइंस भी जारी की है।

12-35 वर्ष के युवाओं पर अधिक खतरा
यूएन की रिपोर्ट के अनुसार, लम्बे समय तक तेज आवाज में हेडफोन पर गाना सुनने की वजह से 12 से 35 साल के करीब एक बिलियन लोगों अपनी सुनने की क्षमता खो सकते है। डब्लूएच का मानना है कि 85 डेसिबल की ध्वनि पर लगातार 8 घंटे गाना सुनना और 100 डेसिबल की आवाज में 15 मिनट गाना सुनना कानों के लिए असुरक्षित है।

फोन में वॉल्यूम कंट्रोल यूज करें
आजकल तकरीबन हर स्मार्टफोन में एक साउंड कंट्रोलिंग सिस्टम होता है, जो आपको बताता है कि आपको कितनी साउंड मिल रही है और आप साउंड लिमिट से ऊपर जा रहे हैं या नहीं। ऐसे में अगर बहरेपन का शिकार होने से बचना है तो स्मार्टफोन में दी गई उस गाइडलाइंस को जरूर फॉलो करें। इसके अलावा आप बहरेपन का शिकार होने से बचने के लिए ऐसी डिवाइस का भी इस्तेमाल कर सकते हैं, जिसमें ऑटोमैटिक वॉल्यूम कंट्रोल हो। कान में तेज आवाज होने पर आवाज अपने आप कम हो जाए।

ज्यादा देर न सुने
अगर आपको हेडफोन पर गाने सुनने की आदत है तो ज्यादा देर तक गाने न सुनें। थोड़ी देर के लिए माइंड रिफ्रेश करने के लिए तो ठीक है। लेकिन इसे अपनी आदतों में शुमार न करें।

90 डेसिबल सुनने से फट सकती है कान की नसें
बता दें कि आमतौर पर कान 65 डेसिबल की ध्वनि को ही सहन कर सकता है। लेकिन ईयरफोन पर अगर 90 डेसिबल की ध्वनि अगर 40 घंटे से ज्यादा सुनी जाए तो कान की नसें पूरी तरह डेड हो जाती है।

ये भी हो सकती है समस्याएं
डॉक्टरों के अनुसार इनके ज्यादा उपयोग लेने से कानों में अनेक प्रकार की समस्या हो सकती है जिनमें कान में छन-छन की आवाज आना,चक्कर आना, सनसनाहट, नींद न आना, सिर और कान में दर्द आदि मुख्य है।



Click it and Unblock the Notifications