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Aankh Kyu Fadakti Hai: बार-बार आंख फड़कने के पीछे हो सकते हैं ये 5 गंभीर कारण, भूलकर भी न करें इग्नोर
Eye Twitching Causes: पलकों के नीचे की मांसपेशियां या आंखों के आसपास की मांसपेशियों का अपने आप सिकुड़ना, जिसे आमतौर पर आंख फड़कना कहा जाता है, एक आम समस्या है। आमतौर पर आंख फड़कने को लेकर कई लोग अंधविश्वास से जोड़कर देखते हैं। लेकिन वैज्ञानिक दृष्टिकोण से इसके पीछे का कारण कुछ और ही है। अगर आंख फड़कने की समस्या कुछ दिनों से लगातार बनी हुई है, तो इसे बिल्कुल भी नजरअंदाज न करें। बार-बार आंख फड़कना किसी अपशगुन का नहीं, बल्कि शरीर की एक चेतावनी संकेत है, जो आपका शरीर आपको बार-बार दे रहा है। ऐसे में अगर आपकी आंखें भी बार-बार फड़कती हैं, तो इसे केवल अंधविश्वास का नाम देकर इग्नोर ना करें। आपकी आंख भी बार-बार फड़कती है, तो यह कोई इत्तेफाक नहीं बल्कि आपके शरीर में पोषण की कमी, शरीर में बहुत ज्यादा थकावट और तनाव का कारण हो सकती है। आइए, आज इस आर्टिकल में हम आपको बताते हैं किन कारणों से फड़कती है आंखें -

थकान और तनाव
बार-बार आंख फड़कना एक इत्तेफाक नहीं, बल्कि आपकी दिनभर की थकान और तनाव भी इसका कारण हो सकता है। दिनभर की थकान के कारण अक्सर नींद पूरी नहीं हो पाती है, जिसके कारण मांसपेशियों और तंत्रिका तंत्र पर प्रभाव पड़ता है। इसकी वजह से आंखों में बार-बार झटके लगते हैं और आंखों के आसपास की मांसपेशियां सिकुड़ने लगती हैं। इसके अलावा, आंख फड़कना का एक कारण तनाव भी हो सकता है।
ज्यादा समय तक स्क्रीन टाइम
अगर आप लंबे समय तक मोबाइल फोन, कंयूटर या टीवी पर नजरें टिकाए रखते हैं, तो इससे आंखें तक जाती हैं। इससे आंखों में सूखापन और झटके महसूस हो सकते हैं, जो आंख फड़कने का कारण बन सकता है। इसलिए मोबाइल या लैपटॉप पर काम करते समय बीच-बीच में ब्रेक जरूर लें और आंखों की एक्सरसाइज करें।
अधिक कैफीन और शराब का सेवन
अगर आप बहुत ज्यादा मात्रा में कैफीन लेते हैं और शराब का सेवन करते हैं, तो इससे आपकी तंत्रिका अधिक सक्रिय हो जाता है, जिससे बार-बार आपको आंख फड़कने की समस्या होने लगती है। ऐसे में अगर आप इस समस्या से बचना चाहते हैं, तो कैफीन और शराब का कम सेवन करें।
पोषण की कमी
अगर आपके शरीर में विटामिन बी12, मैग्नीशियम और पोटेशियम की कमी हो जाती है, तो इससे आपके तंत्रिका कमजोर हो जाती है और आपकी आंखों की नसें फड़कने लगती है। इसलिए इस समस्या से बचने के लिए अपनी डाइट में विटामिन बी12 और पोटेशियम से भरपूर चीजों को जरूर शामिल करें।
गंभीर या न्यूरोलॉजिकल समस्याएं
कभो-कभी आंख फड़कना किसी गंभीर या न्यूरोलॉजिकल समस्या का संकेत भी हो सकता है। ब्लेफरोस्पाज्म, हेमीफेशियल स्पाज्म जैसी बीमारी या पार्किंसंस या मल्टीपल स्केलेरोसिस जैसी न्यूरोलॉजिकल विकारों के कारण आंख फड़कने की समस्या हो सकती है। यदि आपको लंबे समय से यह समस्या बनी हुई है, तो एक बार डॉक्टर से कंसल्ट अवश्य करें।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



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