Latest Updates
-
महाकुंभ के वायरल IIT बाबा अभय सिंह ने हिमाचल में रचाई शादी, जानिए कौन है पत्नी? -
World Health Day 2026: स्वस्थ और फिट रहने के लिए रोजाना करें ये 5 योगासन, आस-पास भी नहीं फटकेंगी बीमारियां -
World Health Day 2026: क्यों मनाया जाता है विश्व स्वास्थ्य दिवस? जानें इस दिन का महत्व, इतिहास और 2026 की थीम -
बेटी के 13 साल की होने से पहले पेरेंट्स को जरूर सिखा देनी चाहिए ये 5 बातें, जिंदगी भर आएंगी काम -
बिना दवाई सिर्फ 1 महीने में कंट्रोल हो सकता है थायराइड, बस रोजाना करें ये 3 काम -
चेहरे पर नारियल तेल में मिलाकर लगाएं ये 2 चीजें, कुछ ही दिनों में गायब हो जाएंगी झुर्रियां और फाइन लाइन्स -
गर्मियों में सौंफ का शरबत पीने से सेहत को मिलेंगे ये 5 फायदे, जानें घर पर बनाने का तरीका -
Aaj Ka Rashifal 6 April 2026: आज इन राशियों पर होगी महादेव की अती कृपा, जानें अपना भविष्यफल -
Surya Grahan 2026: कब लगेगा सदी का सबसे लंबा सूर्य ग्रहण? नोट करें सूतक काल और भारत में दिखने का समय -
फ्रीज के ऊपर भूलकर भी न रखें ये 5 चीजें, वरना घर में आ सकता है कर्ज और बदकिस्मती
योनि की सफाई के लिए प्राचीन काल से महिलाएं लेती थी वजाइना स्टीमिंग, जानें फायदे और नुकसान
मासिक धर्म, संभोग और प्रसव के बीच, महिलाओं के प्राइवेट पार्ट यानी योनि को बहुत कुछ झेलना पड़ता है। वैजाइनल स्टीमिंग एक ऐसी प्रथा है जो सैकड़ों साल से की जाती है, जो महिलाओं की योनि को आराम पहुंचता था। वजाइना स्टीमिंग या योनि से भाप लेना महिला प्रजनन प्रणाली और पेल्विक फ्लोर को ठीक करने का एक सौम्य और प्राकृतिक तरीका है। इस प्राचीन चिकित्सा में बड़ी संख्या में स्त्री रोग संबंधी चुनौतियों को ठीक करने के साथ-साथ डिलीवरी के बाद महिलाएं राहत के लिए करती थी।

योनि भाप का उपयोग क्यों करें?
कहा जाता है कि योनि की भाप दर्द से राहत, सफाई और रिकवरी करती है। इसके ये लाभ है-
गर्भ से विषाक्त पदार्थों, रक्त और डिस्चार्ज को साफ करता है
PH संतुलन प्रबंधित करने के लिए
खमीर संक्रमण का इलाज करने के लिए
योनि का सूखापन
हीलिंग त्वचा, ऊतक और गर्भ
हार्मोनल संतुलन
प्रजनन क्षमता बढ़ाता है
बवासीर को ठीक करता है।
हार्मोनल सिस्टम को नियंत्रित करता है
गर्भाशय की परत की मोटाई को बढ़ाता है
मासिक धर्म चक्र को नियंत्रित करता है

आप घर पर भी वजाइनल स्टीमिंग लेने का तरीका
वेजाइनल स्टीमिंग में पानी के एक स्टीमिंग पॉट के ऊपर बैठना होता है जिसमें तुलसी, मगवॉर्ट, मेंहदी और वर्मवुड जैसी जड़ी-बूटियाँ शामिल होती हैं। जो लोग वेजाइनल स्टीमिंग का अभ्यास करते हैं, उनका मानना है कि जड़ी-बूटियाँ योनि के ऊतकों में प्रवेश करके कई तरह के लाभ प्रदान कर सकती हैं। टब के दोनो तरफ पैरों को चौड़ा कर के या स्क्वैट की पोजीशन में खड़े हो जाएं। कमर और टांगों पर तौलिये को लपेट लें ताकि भाप सीधी योनि तक पहुंच पाए।
आपको लगभग 20 से 60 मिनट तक स्टीमिंग लेनी है। पानी के ठंडा होने तक आप भाप ले सकती हैं। कुछ लोग घर पर योनि से भाप लेने की कोशिश करते हैं, लेकिन यह स्पा में भी उपलब्ध है।

क्या यह वास्तव में काम करता है?
यह बताने के लिए कोई वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है कि योनि से भाप लेने से किसी भी स्थिति में मदद मिलती है। OB-GYN डॉ. जेन गुंटर की वेबसाइट के अनुसार, जड़ी-बूटियों को भाप की सहायता से आपकी योनि के अंत में एक कसकर बंद गर्भाशय ग्रीवा के माध्यम से आपके गर्भाशय तक पहुंचना होता है। पारंपरिक चीनी चिकित्सा में, मोक्सीबस्टन नामक जड़ीबूटी का इस प्रक्रिया के लिए उपयोग में लिया जाता था। मोक्सीबस्टन का उपयोग प्रजनन प्रणाली से जुड़ी कई समस्याओं के इलाज के लिए वैकल्पिक चिकित्सा के रूप में किया जाता है।

साइड इफेक्ट
योनि बहुत नाजुक और संवेदनशील होती है। ज्यादा गर्म पानी से योनि जल सकती हैं इसलिए अधिक गर्म पानी का उपयोग न करें।
योनि में अधिक भाप लेने से यीस्ट इंफेक्शन और अन्य वजाइनल इंफेक्शन पैदा करने वाले बैक्टीरिया के पनपने का खतरा रहता है।
प्रेगनेंट महिलाओं को वजाइनल स्टीमिंग नहीं लेनी चाहिए। इससे शिशु को नुकसान पहुंच सकता है।
वजाइनल स्टीमिंग के लिए कोई चिकित्सकीय निर्देश नहीं दिए गए हैं। ये आप अपनी जोखिम पर ही कर सकती है।



Click it and Unblock the Notifications











