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खटमल से छुटकारा पाने के 11 अचूक उपाय

दिन भर की भागा दौड़ी और थकान के बाद अगर रात को सोते समय खटमल काटें तो कोई भी इंसान बेचैनी महसूस करेगा। खटमल आपके शरीर के किसी भी भाग को आसानी से काट सकते हैं जिसकी वजह से आपको खुजली, चकत्ते और फफोले हो सकते हैं। इन रेंगनेवाले खौफनाक कीड़ों के बारेमें सोचते ही हमारी रातों की नींद उड़ जाती है।
गौरतलब है कि खटमल बहुत ही सूक्ष्म जीव होते हैं जिसकी वजह से इन्हें ढूढ़ना और घरेलु नुस्खों द्वारा इन्हें मारना एक बेहद जटिल काम होता है। आप सोच रहे हैं होंगे कि आखिर इन खटमलों से पीछा छुड़ाना इतना मुश्किल क्यों है? तो आपको बता दे कि एक मादा खटमल अपने पूरे जीवनकाल में लगभग 500 अंडे देती है, और उन अण्डों से निकले बच्चे आगे जाकर और अंडे देते हैं। पीढ़ी दर पीढ़ी इनकी संख्या बढ़ती जाती है और आपके बिस्तर में इनका एक छोटा सा झुंड एक पूरे समुदाय में तब्दील हो जाता है जिसके चलते इनकी संख्या को नियंत्रित करना बहुत मुश्किल हो जाता है।
मक्खियों से निजात पाने के घरेलू तरीके
खटमलों से पीछा छुड़ाना इस कारण से भी मुश्किल है क्योंकि ये लम्बे समय तक बिना खाए भी रह सकते हैं। इसीलिए ये कभी भी भोजन की कमी से नहीं मरते और न ही इन्हें ज़िंदा रहने के लिए किसी होस्ट की ज़रूरत होती है।

पुदीना
खटमल पुदीना की गंध को सहन नहीं कर पाते हैं। तो कुछ पुदीने की पत्तियां लें और अपने बिस्तर के पास रख दें। अगर आपके घर में छोटे बच्चे हैं तो कुछ पुदीना के पत्ते उनके पलने में रख दें। पुदीने के पत्ते खटमलों को दूर रखते हैं। आप चाहें तो पुदीने के पत्तों को पीस कर अपने शरीर पर भी मल सकते हैं।

कायेन पेपर(लाल मिर्च)
कायेन पेपर गिनी राज्य की लाल मिर्च है। इसे बर्ड पेपर, काऊ हॉर्न पेपर और अलेवा भी कहते हैं। इससे खटमल बहुत जल्दी भागते हैं। आप इन मिर्चों का पाउडर बना कर खटमलों पर स्प्रे कर सकते हैं।

लैवेंडर
खटमल लैवेंडर की महक सहन नहीं कर पाते हैं। इसीलिए आप लैवेंडर के पत्तों को खटमल वाले कपड़ों पर रगड़ सकते हैं या लैवेंडर का परफ्यूम छिड़क सकते हैं।

रोज़मेरी
लैवेंडर की ही तरह खटमल रोजमेरी की खुशबु भी बर्दाश्त नहीं कर पाते हैं। आप रोजमेरी का स्प्रे बनाकर भी इन पर छिड़क सकते हैं।

नीलगिरी
नीलगिरि, औषधीय गुणों के अलावा खटमल मारने में भी सक्षम है। आप इसकी कुछ बूँदें खटमलों पर छिड़क सकते हैं। आप नीलगिरि के तेल, रोजमेरी और लैवेंडर का स्प्रे बनाकर खटमलों से हमेशा के लिए मुक्ति पा सकते हैं।

बीन की पत्तियां
बीन की पत्तियां को पुराने ज़माने से खटमलों से मुक्ति पाने के लिए इस्तेमाल किया जाता रहा है। हालाँकि हमलोगों को इसके चमत्कारी गुणों के बारे में पता नहीं है पर एक नए शोध के अनुसार, बीन की पत्तियां खटमलों का नाश कर देती हैं।

काले अखरोट की चाय
काले अखरोट के पेड़ का इस्तेमाल चाय बनाने के लिए किया जाता है। इसमें एंटी फंगल और एंटी बैक्टीरियल गुण हैं जिसकी वजह से ये खटमलों को मारने में कारगर साबित होता है। खटमल और उनके अंडे को मारने के लिए घर के सभी कोनों में आप काले अखरोट के टी-बैग का इस्तेमाल कर सकते हैं। ज्ञात कि इन बैग्स को अपने पालतू जानवरों की पहुंच से आप दूर ही रखें तो बेहतर है।

टी ट्री स्प्रे
टी ट्री का तेल अपने एंटी माइक्रोबियल प्रभाव के लिए जाना जाता है। यह खटमलों से निजात पाने के लिए भी कारगर मन जाता है। टी ट्री के तेल की एक बड़ी बोतल ख़रीदें। उसमें थोड़ा सा पानी मिलकर उसे पतला कर लें। अब इस स्प्रे को बोतल में भरके दीवार, पलंग, अलमारी, पर्दे, फर्नीचर, गद्दे, कपड़े सभी चीज़ों में छिड़कें जहाँ आपको लगता है की खटमल मौजूद हैं। एक हफ्ते लगातार ये छिड़काव करने से आप खटमलों से हमेशा के लिए पीछा छुड़ा पाएंगे।

नीम का तेल
नीम का तेल उत्तर भारत में पाए जाने वाले नीम के पेड़ से निकाला जाता है। इसमें कई एंटी माइक्रोबियल गुण होते हैं जिसकी वजह से इसका इस्तेमाल कीड़ों को दूर रखने के लिए किया जाता है। नीम का तेल आपको किसी भी दवा की दुकान पर मिल सकता है। नीम के तेल को आप डाइल्यूट न करें। इसका इस्तेमाल इसके शुद्ध रूप में खटमलों पर किया जाना चाहिए। घर की सभी चीज़ों पर इसका छिड़काव करें और डिटर्जेंट के साथ इस तेल को मिलाकर ही कपडे धोएं। एक हफ्ते लगातार इसका छिड़काव करें।

थाइम (अजवाइन के फूल)
थाइम इटली की एक लोकप्रिय बूटी है जिसका इस्तेमाल खाने में ज़ायका बढ़ने के लिए किया जाता है। थाइम खटमलों पर सीधा असर नहीं करता पर इसकी गंध को खटमल सहन नहीं कर पाते। इसकी गंध से वो खुद ही संक्रमित जगह से निकल जाते हैं। थाइम की पत्तियों को जालीदार बैग में डालकर खटमलों से संक्रमित जगह पर छोड़ दें। हर तीसरे दिन बैग की पत्तियों को ताज़ा पत्तियों से बदलें।

स्वीट फ्लैग
स्वीट फ्लैग को कलामस भी कहते हैं। इसका इस्तेमाल रसायन आधारित कीटनाशक में होता है। इसमें एंटी माइक्रोबियल गुण होते हैं जिसकी वजह से ये खटमल जैसे जीवों को दूर रखता है। इससे बना हर्बल कीटनाशक किसी भी किचन गार्डन से सम्बंधित दुकानों में मिल जाएगा। बस स्वीट फ्लैग के पाउडर को लाकर, उसके पैकेट पर लिखे निर्देशों को पढ़कर उसका घोल बना लें और अपने घर के कोनो में और खटमल से संक्रमित जगहों पे छिड़काव करें। ध्यान रहे कि आप गलती से भी इसका सेवन न करें बहुत हानिकारक होता है ।



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