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Ramadan 2023 Date: जानें कब से शुरू हो रहा है रमजान का पाक़ महीना, सऊदी अरब में कब दिखेगा चांद
इस्लामिक कैलेंडर के अनुसार पवित्र रमजान का महीना शुरू होने को है। रमजान के पाक महीने में 4 हफ्तों तक अल्लाह की इबादत में रोज़े (यानी उपवास) रखे जाते हैं। इस्लाम में दो बार ईद का त्यौहार मनाया जाता है। ईद-उल-फितर को मीठी ईद भी कहा जाता है, जो रमजान के महीने के बाद मनाई जाती है। रमजान को रमादान के नाम से भी जाना जाता है। हर वर्ष रमजान का पाक़ महीना 10 दिन पहले शुरू हो जाता है। चलिए जानते हैं इस वर्ष के रमादान की तारीखों, रोज़े और इसके इतिहास के बारे में -

रमजान 2023 की तारीखें
शाबान महीने के अंत का चांद दिखने के अगले दिन से ही रमजान महीने की शुरुआत हो जाती है। इस साल 22 मार्च को शाबान का चांद दिखाई देगा और 23 मार्च से रमजान की शुरुआत होगी। हालांकि अगर 22 को चांद न दिखकर 23 को दिखा तो रमजान की तारीख भी एक दिन आगे बढ़ जाएगी। इसी के अनुसार 22 या 23 अप्रैल को ईद-उल-फितर मनाई जाएगी।

रमज़ान का इतिहास और महत्व
रमादान की शुरुआत 7वीं शताब्दी में हुई, जब पैगम्बर मुहम्मद ने इस्लाम के पवित्र ग्रंथ कुरान की पहली आयतों को ग्रहण किया था। रमज़ान की 27वीं रात सबसे पवित्र मानी जाती हैं, इसलिए इस रात ख़ास दुआएं की जाती हैं। क़ुरान के उपदेशों के अनुसार एक निश्चित संख्या में रोज़े रखने से अल्लाह शुक्राना कबूल करते हैं।

रोज़े होते हैं बहुत ख़ास
खुदा की रहमत पाने और उनको शुक्रिया अदा करने के लिए रमजान के पाक़ महीने में रोज़े रखे जाते है। रमजान के पहले 10 दिन रहमत के होते हैं। रोज़े के दौरान रोज़ेदार सूरज के उगने से पहले खाना खाते हैं, जिसे सहरी कहते हैं। इसके बाद पूरे दिन बिना पानी के उपवास रखा जाता है। फिर सूरज ढलने के बाद शाम में इफ्तार किया जाता है।

आंख, कान, जीभ और विचारों का भी होता है रोज़ा
रोज़ा सिर्फ शारीरिक तौर पर नहीं रखा जाता है। रोज़ा पूरे मन, विचारों और शरीर के हर अंग से रखा जाता है। अपनी जुबां से कोई भी अपशब्द ना बोलना, अपने विचारों को हमेशा पवित्र रखना, और आँख व जीभ को भी स्वच्छ रखना ज़रूरी होता है।
सऊदी अरब में कब दिखेगा चांद
सभी को चांद के नजर आने का बेसब्री से इंतजार है क्योंकि इसके साथ ही पाक माह का आगाज हो जाएगा। आज 22 मार्च बुधवार को चांद दिखने की उम्मीद जताई जा रही है। यदि आज सऊदी अरब में चांद नजर आ जाता है तो कल यानी 23 मार्च को पहला रोज़ा रखा जाएगा।
वहीं भारत की बात करें तो यहां 23 मार्च को चांद दिखने की उम्मीद है। गौरतलब है कि वैश्विक समय के कारण सऊदी अरब, यूएई और अन्य खाड़ी देश भारत की तुलना में एक दिन आगे चलते हैं। सऊदी में रोजे शुरू होने के बाद, अगले दिन से भारत में रमजान का महीना शुरू होता है।
नोट: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। बोल्डस्काई लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी और धारणा को अमल में लाने या लागू करने से पहले कृपया संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।



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