Latest Updates
-
बार-बार मुंह में हो रहे छालों को भूलकर भी न करें नजरअंदाज, हो सकता है ओरल कैंसर, जानें लक्षण -
लड़के-लड़कियों के लिए सबसे मॉडर्न और छोटे 100+ टॉप नाम, यहां देखें अर्थ सहित लिस्ट -
कांवड़ यात्रा कब से होगी शुरू? इस दौरान भूलकर भी न करें ये 5 गलतियां, अधूरी रह जाएगी पूजा -
Kriti Sanon ने करवाए अपने अंडे फ्रीज! जानें किस उम्र में ये कराना बेहतर और Egg Freezing फायदे-नुकसान? -
कब है आषाढ़ अमावस्या? इस दिन इन 4 राशियों पर मंडरा रहा संकट, कहीं आपकी राशि भी तो लिस्ट में नहीं? -
Corona Alert: सिंगर कुमार सानू के बेटे को हुआ कोविड, आंध्र प्रदेश में मिले सबसे ज्यादा मरीज, जानें लक्षण -
स्कूल टिफिन के लिए 15 मिनट में तैयार करें सॉफ्ट और स्पंजी सूजी के अप्पे, नोट कर लें आसान रेसिपी -
संडे स्पेशल डिनर के लिए परफेक्ट है पनीर कॉर्न पुलाव, स्वाद ऐसा कि सब मांगेंगे दोबारा -
सूरज की तपिश से काला पड़ गया है चेहरा? इन 3 देसी नुस्खों से हटाएं जिद्दी सन टैन -
क्या बारिश से हुए नुकसान पर सरकार और इंश्योरेंस कंपनी से मिलता है मुआवजा? हां, तो जानें कैसे करें क्लेम?
सनातन धर्म के अनुसार ना तो कभी ऐसी चीज़ दान करें और ना ही बांटें
सनातन धर्म के इस श्लोक के अनुसार कभी भी किसी मनुष्य को किसी अन्य मनुष्य को अपना पेन, पुस्तक और पति या पत्नी से नहीं बाटना चाहिए। इसीलिए आज ऐसी कुछ 5 चीज़ों के बारे में बताने जा रहें हैं।
सनातन धर्म अनंत हैं, इसका ना कोई अंत है और ना कोई शुरुआत। धर्म का मतलब है धीरि जिसका अर्थ है सब एक साथ, मतलब सनातन धर्म में सब एक साथ रहते हैं।
हमारे वैदिक प्रथाओं के अनुसार सनातन धर्म में धर्म और संस्कृति का बहुत महत्व है। यही नहीं कृष्ण ने भी भगवत गीता में कहा है कि इंसान का कर्म ही धर्म हैं जिसके जरिये हर इंसान अपने बारे में सीखता है। सनातन धर्म में सारे नियम भगवान के अनुसार हैं।
सनातन धर्म सबसे पुराना माना जाता है यही कारण है कि इसे मार्ग दर्शक के रूप में जाना जाता है। यही नहीं इसकी शिक्षा और नीतियों को पर आँख बंद करके विश्वास करते हैं।

इसमें में यह बताया गया है कि मानव जाति के उधार के लिए हमे मिलजुल कर रहना चाहिए और हर चीज़ को बाटना चाहिए फिर चाहे वह ज्ञान हो या कोई वास्तु। लेकिन हमारे ऋषि मुनियों ने कुछ चीजों को दूसरों को बाटने के लिए मना किया है कहा जाता है कि इससे देवी देवता क्रोधित होते हैं।
'लेखनी पुस्टिका नारी परहस्तम ना दीयते" सनातन धर्म के इस श्लोक के अनुसार कभी भी किसी मनुष्य को किसी अन्य मनुष्य को अपना पेन, पुस्तक और पति या पत्नी से नहीं बाटना चाहिए। इसीलिए आज ऐसी कुछ 5 चीज़ों के बारे में बताने जा रहें हैं।

1. कलम
हम अक्सर अपना पेन दूसरों को काम करने के लिए देते हैं और फिर वापस ले लेते हैं। पेन को सनातन धर्म में अच्छे कर्म की निशानी माना जाता है। तो अगर आप अपना पेन को किसी और को देते हैं तो इसका मतलब है कि आप अपने अच्छे कर्म उस व्यक्ति को दे रहें हैं।

2. पुस्तक
पुस्तकें हमे ज्ञान देती हैं यही कारण है कि हमे कभी भी किसी को अपनी पुस्तकें पढ़ने के लिए नहीं देनी चाहिए। अगर आपको अपने किसी मित्र को पुस्तक देनी भी है तो उसे नयी खरीद कर दें। लेकिन कभी भी अपनी इस्तेमाल की हुई पुस्तक किसी को दान में नहीं देनी चाहिए। इससे यह साबित होता है कि आप अपना ज्ञान उस व्यक्ति को दे रहें हैं।

3. पति या पत्नी
आपका पति या पत्नी आपकी मान-मर्यादा की परछाई होता है। अगर कोई और उस पर अपना हक्क जताता है तो इससे आपका नुक्सान होगा। इसीलिए किसी भी हालात में किसी अन्य व्यक्ति से अपने पति या पत्नी को बाटना नहीं चाहिए।

4. रूमाल
सनातन धर्म में रुमाल को बहुत पवित्र माना गया है इससे हम अपने माथे का पसीना पूछते हैं जो हमारी किस्मत बनाता है। और कई लोग इसे अपनी जेब में अपने पर्स या वॉलेट में रखते हैं जिससे यह हमारे धन को भी प्रभावित करता है। ऐसे ही अपना रूमाल किसी और को इस्तेमाल के लिए देने से हम अपने धन और किस्मत कम कर लेते हैं। इसीलिए अगर आपको अपना रूमाल किसी को देना है तो उसे अच्छे से साफ़ करके दें।

5. कपड़े
अगर आप दूसरों के कपड़ें मांग कर पहनते हैं या देते हैं तो अभी रुक जाएँ। सनातम धर्म के अनुसार अपने कपड़े किसी और देना या लेने से नकारात्मकता पैदा होती है जिससे दरिद्रता होती है। ज्योतिष के अनुसार जो भी आप पहनते हैं उससे शुक्र अच्छा होता है और अगर ऐसे में आप किसी और के कपड़े पहनते हैं या अपने देते हैं तो इससे शुक्र कमज़ोर होता है। अगर आपको किसी को कपड़े देने ही है तो उसे अच्छे से धो कर दें।



Click it and Unblock the Notifications