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Surya Grahan 2023: कुछ ही घंटों में शुरू होने वाला है सूर्य ग्रहण, भूल से भी न करें तुलसी से जुड़ी ये 5 गलतियां
Surya Grahan 2023: साल का दूसरा और आखिरी सूर्य ग्रहण 14 अक्टूबर, शनिवार को लगने जा रहा है। इसी दिन सर्वपितृ अमावस्या भी है और यह पितृ पक्ष का अंतिम दिन होता है।
इस बार का सूर्य ग्रहण वलयकार होगा अर्थात इसमें सूर्य एक आग के छल्ले के समान नजर आएगा। यह ग्रहण भारत में नजर नहीं आएगा। इस वजह से इसका सूतक काल भी मान्य नहीं होगा।

सनातन धर्म में ग्रहण की घटनाओं को काफी महत्वपूर्ण माना गया है। इस दौरान कई नियमों को मानने की सलाह दी जाती है। आइये जानते हैं सूर्य ग्रहण के दौरान तुलसी से जुड़े कौन कौन से नियम हैं जिनका पालन करना जरूरी है।
1. ग्रहण के समय में तुलसी के पौधे को स्पर्श न करें और न ही उसके पत्ते तोड़े। ग्रहण में तुलसी को छूना ही अशुभ समझा जाता है।
2. घर में बने भोजन को ग्रहण के प्रभाव से अशुद्ध होने से बचाने के लिए उसमें तुलसी के पत्ते डाले जाते हैं। मगर ये पत्ते कभी भी ग्रहण काल में नहीं तोड़े जाते हैं। ऐसा माना जाता है ग्रहण के समय में जो तुलसी के पत्ते तोड़ता है उससे माता लक्ष्मी रुष्ट हो जाती हैं। आप भूल से भी यह गलती न करें।

3. ग्रहण का असर तुलसी के पौधे पर भी पड़ता है। ऐसा माना जाता है कि तुलसी के औषिधीय गुण को बचाने के लिए गमले पर गेरू लगाना चाहिए।
4. ग्रहण के सीधे प्रभाव से तुलसी को बचाना जरूरी होता है। ऐसे में आप तुलसी को खुले में न रखें। यदि उसे उसकी जगह से हटाना संभव न हो तो पौधे को सूती कपड़े से ढक दें।
5. आप ग्रहण के दौरान भोजन में तुलसी पत्ता जरूर रखें ताकि खाना दूषित न हो। आप इसके लिए पहले ही तुलसी के पत्ते तोड़ लें। आप सबसे पहले तुलसी माता को प्रणाम करें और बिना नखुन लगाए और बिना झटके के पत्ते तोड़े।
नोट: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। बोल्डस्काई लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी और धारणा को अमल में लाने या लागू करने से पहले कृपया संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।



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