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अब US की भी होगी दिवाली, जरूर पढ़ें सरकारी छुट्टी मिलने की कहानी
अब अमेरिका में ख़ास तौर पर पेन्सिल्वेनिया में घरों के बाहर जगमगाते दीपक दिखे, चटकीली रंगोली दिखे, लोग एक दूसरे को लड्डू बाँटते और शुभ दीपावली कहते दिखे तो आश्चर्य मत कीजियेगा! दिवाली मनाने के लिए उन्हें सरकारी छुट्टी जो मिल गयी है।
सीनेट में सर्व सम्मति से सहमति मिलते ही दीपावली को अमेरिका में राष्ट्र्रीय अवकाश के रूप में घोषित कर दिया गया। हिन्दुस्तानियों के बीच इस सूचना के बाद ख़ुशी की लहर दौड़ गयी है।
खुश हो भी क्यों ना, अब भारतीय पर्व दीपावली की लोकप्रियता देश की सीमा को पार कर अंतर्राष्ट्रीय मान्यता प्राप्त कर चुकी है। अब अमेरिका के लोग भारतीय पर्व और रौशनी के त्यौहार दीपावली को उत्साह के साथ मना सकेंगे।
आपके जेहन में भी सवाल आया होगा कि ऐसा कैसे हो गया? कैसे दीपावली को अमेरिका में सरकारी मान्यता मिल गयी? जाहिर सी बात है कि ये एक दिन की कोशिश का परिणाम तो नहीं ही होगा। इसके पीछे प्रयत्नों का लम्बा सिलसिला है जिसकी सफलता अब जाकर मिली है। ये भारतीय मूल के अमेरिकियों के लिए बड़ी उपलब्धि है। आइये हम आपको बताते हैं दीपावली को अमेरिका में राष्ट्रीय अवकाश के रूप में घोषित करवाने के पीछे किन लोगो का योगदान है।
अमेरिकी स्टेट पेन्सिल्वेनिया में दक्षिण एशियाई मूल के लोगों की संख्या काफी है। इस मूल के तक़रीबन दो लाख इस राज्य में रहते हैं। इनमें से ज्यादातर भारतीय हैं। ये दो लाख लोग हर साल दिवाली को बड़े धूमधाम से मनाते हैं। दीपक जलाना, रंग बिरंगी रोशनी करना, मिठाइयाँ बांटना और सांस्कृतिक कार्यक्रम करना त्यौहार मनाने का हिस्सा हैं। धीरे धीरे लोगो में उत्सुकता हुई की इस पर्व को क्यों मनाया जाता है? फिर जब बाकि के लोगो को भी इस बारे में जागरूक किया गया कि ये अंधेरे पर उजाले की विजय का प्रतीक है, बुराई पर अच्छाई की विजय का त्यौहार है तो फिर अन्य लोग भी इसके समर्थन में आये और धीरे धीरे दिवाली पूरे पेन्सिल्वेनिया में प्रसिद्ध हो गया।
दिवाली की लोकप्रियता और प्रासंगिकता को देखते हुए स्टेट सीनेटर ग्रेग रोदमैन और सीनेटर निकिल सवल ने दिवाली को राष्ट्रीय अवकाश घोषित कराने के लिए सीनेट में एक बिल रखा। आश्चर्यजनक रूप से कोई इसके विरोध में नहीं आया और सर्वसम्मति से बिल पारित हो गया। अब दिवाली के दिन खासतौर पर पेन्सिल्वेनिया के लोगों को राष्ट्रीय अवकाश मिलेगा ताकि वो प्रकाश पर्व दिवाली को धूम धाम से भारतीयों के साथ मना सकें।
अपने अधिकारिक ट्विटर हैंडल से ट्वीट करते हुए सीनेटर सवल ने कहा "दिवाली त्यौहार को राष्ट्रीय अवकाश के रूप में मान्यता मिलना हमारी कॉमनवेल्थ सांस्कृतिक विविधता का उत्सव मनाने जैसा है... इस बिल को पेश करने के लिए में स्टेट सीनेटर ग्रेग रोदमैन का शुक्रगुजार हूँ।"

इस बार यानी 2023 में जब 12 नवंबर को दिवाली मनाई जायेगी तब भारतीयों और भारतीय मूल के अमेरिकियों के बीच ख़ुशी दोगुनी होगी।
नोट: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। बोल्डस्काई लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी और धारणा को अमल में लाने या लागू करने से पहले कृपया संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।



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