Latest Updates
-
एक्टर राजेश शर्मा को जहरीले कीड़े ने काटा, हालत नाजुक, जानें मानसून में क्यों बढ़ता है सांप कीड़ों का खतरा -
Yogini Ekadashi 2026: कब रखा जाएगा योगिनी एकादशी का व्रत? इस दिन भूलकर भी न करें ये 5 काम -
Varalakshmi Vrat 2026: सावन के आखिरी शुक्रवार को करें ये 5 उपाय, मां लक्ष्मी बरसाएंगी धन-दौलत -
पंजाब की पहली महिला ड्राइवर और पायलट थीं शेफ विकास खन्ना की मां बिंदु खन्ना, राजीव गांधी के साथ ली थी ट्रेनिंग -
बारिश के मौसम में भूलकर भी फ्रिज में न रखें ये 5 फल, सेहत को हो सकता है नुकसान -
Sapne Me Aam Dekhna: सपने में आम दिखना शुभ या अशुभ? जानें इसका मतलब -
अब WhatsApp पर ही आसानी से बनवा सकते हैं आयुष्मान कार्ड, जानें स्टेप-बाय-स्टेप प्रोसेस -
Birthday Special: पड़ोसन को घर से भगा ले गए थे सौरव गांगुली, फिर दोबारा करनी पड़ी थी शादी -
Varalakshmi Vrat 2026: कब रखा जाएगा वरलक्ष्मी व्रत? नोट करें तिथि, शुभ मुहूर्त, महत्व और पूजा विधि -
बारिश में बनाएं गर्मागर्म प्याज के पकौड़े और खट्टी-मीठी इमली की चटनी, जानें आसान रेसिपी
राजस्थान में रेड और 13 जिलों में यलो अलर्ट, मौसम विभाग के इन अलग-अलग रंगों के अलर्ट का क्या होता है मतलब?
Weather Alerts Issued By IMD Meaning : देश में भीषण गर्मी का कहर जारी है। राजस्थान, उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश समेत कई राज्यों में तापमान 45 डिग्री सेल्सियस से ऊपर पहुंच चुका है। ऐसे में भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने राजस्थान के 6 जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट और 13 जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी किया है। वहीं कुछ हिस्सों में रेड अलर्ट भी जारी किया गया है। लेकिन अक्सर लोग इन रंगों वाले अलर्ट का मतलब नहीं समझ पाते। आइए जानते हैं कि इनका क्या महत्व होता है।

क्या होता है यलो, ऑरेंज और रेड अलर्ट का मतलब?
यलो अलर्ट
यह मौसम की चेतावनी का पहला स्तर होता है। जब मौसम विभाग यलो अलर्ट जारी करता है, तो इसका मतलब है कि मौसम बिगड़ सकता है। इस समय तापमान 35 से 40 डिग्री सेल्सियस तक जा सकता है। इसमें तत्काल खतरा नहीं होता, लेकिन सावधानी बरतना जरूरी होता है। जैसे - पानी पीते रहें, ढीले और हल्के रंग के कपड़े पहनें।
ऑरेंज अलर्ट
यह अलर्ट यलो से ज्यादा गंभीर होता है। जब तापमान 43 से 45 डिग्री के बीच जाने की संभावना होती है, तब यह अलर्ट जारी किया जाता है। इस स्तर पर लू चलने की आशंका होती है। ऐसे में बच्चों, बुजुर्गों और बीमार लोगों को खास सावधानी बरतनी चाहिए।
रेड अलर्ट
यह सबसे गंभीर अलर्ट होता है। इसका मतलब है कि हालात बेहद खराब हो सकते हैं और जान का खतरा भी हो सकता है। यह तब जारी होता है जब तापमान 45 डिग्री से ऊपर जाने की संभावना होती है या हीटवेव बहुत तीव्र होती है। इस दौरान घर से बाहर न निकलें, विशेषकर दोपहर के समय।
इन बातों का रखें ध्यान
- धूप में बाहर न जाएं, खासकर दोपहर 12 से 3 बजे के बीच।
- हल्के रंग के ढीले और सूती कपड़े पहनें।
- सिर को ढककर रखें - टोपी, स्कार्फ या छाते का उपयोग करें।
- खूब पानी पीएं और ओआरएस, नींबू पानी, लस्सी, छाछ जैसी चीजें पिएं।
- थकान, चक्कर या सुस्ती लगे तो डॉक्टर से संपर्क करें।
- गर्मी से बचाव ही इस मौसम में सेहत बनाए रखने का सबसे बेहतर उपाय है।



Click it and Unblock the Notifications