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प्रयागराज जाएं तो नेतराम की कचौड़ी जरुर खाएं, गांधी, नेहरू और अमिताभ भी थे कभी इसके दीवाने
13 जनवरी से प्रयागराज में महाकुंभ का शुभारंभ होने जा रहा है। यह धार्मिक मेला हर 12 साल में आयोजित होता है और इस बार का आयोजन बेहद विशेष माना जा रहा है। महाकुंभ में लाखों-करोड़ों श्रद्धालु संगम में पवित्र स्नान कर अपनी आस्था प्रकट करेंगे। साथ ही, संगम नगरी के प्रसिद्ध व्यंजनों का आनंद उठाना भी एक खास अनुभव है।
प्रयागराज की बात हो और नेतराम की कचौड़ियों का जिक्र न हो, ऐसा हो नहीं सकता। नेतराम मूलचंद की कचौड़ियां, जो 170 साल से शहर की पहचान हैं, अपनी शुद्ध घी में बनने वाली खासियत के कारण बेहद लोकप्रिय हैं। अमिताभ बच्चन से लेकर नेहरू और गांधी तक, ये कचौड़ियां हर किसी की पसंद रही हैं। इनका लाजवाब स्वाद महाकुंभ आने वाले पर्यटकों और श्रद्धालुओं के लिए एक खास आकर्षण होता है।

अगर आप भी प्रयागराज की यात्रा कर रहे हैं, तो नेतराम की कचौड़ियां जरूर ट्राई करें और इस ऐतिहासिक व्यंजन का आनंद लें, जो प्रयागराज की समृद्ध सांस्कृतिक धरोहर का हिस्सा है।
170 साल पुरानी है दुकान
प्रयागराज की प्रसिद्ध नेतराम मूलचंद की कचौड़ी की दुकान लगभग 170 साल पुरानी है। यह दुकान अपनी देसी घी में बनी कचौड़ियों के लिए मशहूर है, जिनमें उड़द दाल के मसाले की स्वादिष्ट स्टफिंग होती है। इन कचौड़ियों के साथ जलेबी और पूड़ी का कॉम्बिनेशन बेहद लाजवाब लगता है।
इस ऐतिहासिक दुकान की शुरुआत लाल नेतराम ने की थी और अब उनकी पांचवीं पीढ़ी इसे संभाल रही है। इस दुकान पर अमिताभ बच्चन ने भी कचौड़ी का स्वाद चखा है। कहा जाता है कि स्वतंत्रता संग्राम के समय महात्मा गांधी और जवाहरलाल नेहरू भी यहां की खस्ता कचौड़ी और जलेबी का आनंद ले चुके हैं। यह स्वाद आज भी प्रयागराज की पहचान बना हुआ है।
कचौड़ी के अलावा मिलती है ये चीजें
नेतराम मूलचंद की इस ऐतिहासिक दुकान पर कचौड़ी के अलावा मिठाइयों और स्नैक्स का भी बड़ा आकर्षण है। यहां खोया और छेना से बनी मिठाइयां, जैसे गुलाब जामुन, काला जाम, रसमलाई, मालपुआ, बालूशाही, मोतीचूर के लड्डू, मलाई रोल और गुजिया जैसी चीजें मिलती हैं।
शाम के नाश्ते में समोसा यहां का खास पसंदीदा आइटम है। सुबह 7 बजे से ही यहां ग्राहकों की भीड़ जुटने लगती है। खास बात यह है कि यहां खाना देसी अंदाज में पत्तल में परोसा जाता है। नेतराम की पूड़ी-सब्जी की थाली मात्र ₹80 में उपलब्ध है। अगर आप महाकुंभ के दौरान प्रयागराज आ रहे हैं, तो नेतराम की कचौड़ी और अन्य व्यंजनों का आनंद लेना न भूलें।



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