Latest Updates
-
Sheetala Saptami 2026: कब है शीतला सप्तमी? जानें सही तारीख, शुभ मुहूर्त, महत्व और पूजा विधि -
Sheetala Saptami 2026 Wishes: मां शीतला का आशीर्वाद...इन संदेशों के साथ अपनों को दें शीतला सप्तमी की शुभकामना -
मंगलवार को कर लें माचिस की तीली का ये गुप्त टोटका, बजरंगबली दूर करेंगे हर बाधा -
लंच में बनाएं उत्तर प्रदेश की चना दाल कढ़ी, उंगलिया चाटते रह जाएंगे घरवाले -
Gangaur Ke Geet: 'आ टीकी बहू गोराँ ने सोवै'...इन मधुर गीतों के बिना अधूरी है गौरा पूजा, यहां पढ़ें पूरे लिरिक्स -
प्रेगनेंसी के शुरुआती 3 महीनों में भूलकर भी न खाएं ये 5 चीजें, वरना बच्चे की सेहत पर पड़ेगा बुरा असर -
Viral Video: टीम इंडिया की T20 वर्ल्ड कप जीत पर पाकिस्तान में जश्न, काटा केक और गाया 'जन-गण-मन' -
कौन हैं Mahieka Sharma? जिसके प्यार में 'क्लीन बोल्ड' हुए Hardik Pandya, देखें वायरल वीडियो -
कौन हैं Aditi Hundia? T20 वर्ल्ड कप जीत के बाद Ishan Kishan के साथ डांस Video Viral -
काले और फटे होंठों से हैं परेशान? तो पिंक लिप्स पाने के लिए आजमाएं ये घरेलू नुस्खे
क्या गर्भपात के तुरंत बाद आप फिर से गर्भवती हो सकती है?
एक नया जीव आपके जीवन में खुशियां लाता है, लेकिन एक अनचाही गर्भावस्था दम्पति के लिए तनाव का कारण बन सकती है। गर्भपात, उन दम्पतियों के लिए एक विकल्प है जो अभी एक परिवार की शुरुआत के लिए तैयार नहीं हैं। पर क्या आप सोचते हैं कि गर्भपात का मतलब अगले कुछ महीनों के लिए गर्भ धारण करने में कोई शंका न होना हैं? खैर, हम इस धारणा के पीछे छिपी सच्चाई को स्पष्ट करते हैं।
गर्भपात के बाद गर्भावस्था: अगर एक महिला किसी कारण से गर्भपात का चयन करती है, तो संभावना है कि वह तुरंत दूसरी बार इसका चयन नहीं करना चाहेगी। गर्भपात बांझपन का कारण नहीं है, अतः नव विवाहित दम्पतियों को कुछ निवारक उपाय करने चाहिए। अगर कोई महिला संयोग से या कोई अन्य कारण से गर्भवती हो जाती है, तो गर्भावस्था को पूर्ण करने में कोई समस्या नहीं है। गर्भपात के बाद होने वाली समस्याएं

कितनी जल्दी?
गर्भपात के बाद फिर से गर्भ धारण करने के लिए कम से कम तीन महीने के लिए प्रतीक्षा करना एक अच्छा विचार होगा। इस समय का इस्तेमाल प्रसवपूर्व के फोलिक एसिड व अपनी सेहत को सुधारने के लिए किया जा सकता है तथा गर्भपात का कारण बनें वाले थायराइट व इन्सुलिन को जांचने के लिए भी इस्तेमाल किया जा सकता है।
गर्भपात के बाद निवारक उपाय नहीं किये गए तो एक सप्ताह के बाद फिर से गर्भ धारण हो सकता है। गर्भपात के तुरंत बाद महिला का शरीर अण्डोत्सर्ग उत्पन्न करना शुरु कर देता है। डॉक्टर की सलाह अनुसार "शरीर को ठीक होने में कुछ महीनों का समय लग सकता है, इसलिए तीन महीनों के लिए प्रतीक्षा करने में ही समझदारी है। इसके अलावा, 80% गर्भपात गुणसूत्र विपथन के कारण होते हैं तथा शुक्राणु को परिवर्तिन होने में 2.5 महीने का समय लगता है, इसलिए प्रतीक्षा करने में ही बु्द्धिमानी है।"
जोखिम:
हालांकि दूसरा गर्भपात भी सुरक्षित हो सकता है, लेकिन शरीर में कुछ पोषण तत्वों की कमी हो सकती है जो आपके लिए चिंता का विषय बन सकते हैं। गर्भपात के तुरंत बाद गर्भ धारण करना संभव है परंतु अविवेकी है। चूंकि आपके शरीर में कई पोषण तत्वों की कमी होती है इस कमी को पूर्ण करने के लिए थोडा समय देना जरुरी है।
कैसे सुनिश्चित करें:
गर्भपात के बाद कुछ महीनों के लिए आपका गर्भावस्था परीक्षण गुलाबी रंग का नजर आएगा। यह आपके गर्भावस्था के हार्मोन को पढ़ने के कारण हो सकता है। महीने में कई बार परीक्षण करें तथा सप्ताह में एक बार परीक्षण करते हुए गर्भावस्था परीक्षण के रंग को बदलते देखें। अगर गर्भावस्था परीक्षण का रंग गहरा गुलाबी है तो आप फिर से एक नवजात के स्वागत की तैयारी कर सकती हैं। अगर रंग अभी फीका है, तो संभावना है कि परीक्षण को पढने में भूल हुई है।



Click it and Unblock the Notifications











