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बी अलर्ट..!! गर्भवती महिलाओं के लिए जानलेवा हो सकता है डेंगू और मलेरिया
इन दिनों एक बार से फिर से देशभर में भारी बारिश की वजह से डेंगू, चिकनगुनिया और स्वाइन फ्लू जैसी बीमारियों का कहर शुरू होने का खतरा दिखाई दे रहा है। डेंगू और मलेरिया के केसेज इन दिनों फिर से देखने को मिल रहे हैं। ये बीमारियां जानलेवा होती हैं।
वैसे तो ये बीमारियां किसी को भी हो सकती हैं लेकिन गर्भवती महिलाओं को इस सीजन में इन बीमारियों का खतरा ज्यादा रहता है। प्रेगनेंसी के दौरान शरीर का इम्युनिटी लेवल कम रहता है जिस वजह से संक्रमण का खतरा ज्यादा रहता है। इसलिए इन दिनों प्रेगनेंट महिलाओं को ज्यादा सर्तक होकर रहने की जरुरत हैं।

डेंगू क्यों खतरनाक है :
प्रेगनेंसी के दौर में डेंगू होना बच्चे और माँ दोनों के लिए हानिकारक हो सकता है। इसके कारण प्रीमैच्योर डिलीवरी होने का खतरा भी रहता है और कई मामलों में मां की मृत्यु होने की भी संभावना रहती है। इस इन्फेक्शन के कारण यह बीमारी मां से बच्चे में भी फ़ैल सकती है और उसके लिए नुकसानदायक हो सकती है।

मलेरिया क्यों खतरनाक है :
डेंगू की ही तरह मलेरिया होना भी प्रेगनेंसी के दौर में बहुत खरनाक है। इससे गर्भपात जैसी गंभीर समस्याएं भी हो सकती हैं। इसके अलावा मलेरिया के कारण गर्भवती महिलाओं को एनीमिया, किडनी फेल होना और कई महत्वपूर्ण अंगो के डैमेज होने जैसी समस्याएं हो सकती हैं। इसके कारण महिला की मौत भी हो सकती हैं इसलिए इस रोग के लक्षणों को बिल्कुल भी अनदेखा न करें।

प्रेगनेंसी में डेंगू और मलेरिया से बचने के लिए क्या करें:
- ऐसी जगहों पर बिल्कुल भी ना जाएं जहाँ पहले से ही इन बीमारियों का प्रकोप हो।
- अपने आस पास की जगहों को साफ़ सुथरा रखें और सुबह और शाम को घर की खिड़कियां बंद रखें।
- पूरी बांह की शर्ट और फुल लेंथ वाली पेंट पहनें। अगर आपके इलाके में मच्छर ज्यादा हों तो मच्छरदानी का इस्तेमाल करें।
- प्रेगनेंसी में डेंगू और मलेरिया का इलाज कैसे करें:
- अधिक मात्रा में पानी, जूस और नारियल पानी पिएं जिससे शरीर में पानी की कमी ना रहे।
- बुखार होने पर एस्पिरिन या ऐसी कोई दवा बिना डॉक्टर की सलाह के ना खाएं। इससे ब्लीडिंग भी हो सकती हैं अगर ऐसे कोई लक्षण दिखे तो बिना देरी किये डॉक्टर के पास जायें।



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