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पुराने ज़माने में जब टीवी नहीं था तो हमारी दादी और माँ हमारे लिए आपने हाथों से अच्छा और स्वादिष्ट भोजन बनाती और अपने हाथों से खिलाती थी। पर आज जब हमारे पास सारी सुख सुविधा है फिर भी हमारे पास समय नहीं है। आज की भाग दौड़ भरी ज़िन्दगी में हम इतना व्यस्त हो गये है की हमे दूसरो के लिए क्या आपने लिए भी टाइम नहीं मिलाता हैं। और ऐसे में हम बहुत सारी चीज़ों को नज़रंदाज़ कर देते हैं जो कि हमारे लिये बहुत जरुरी होती है।
हम रोज जो भोजन खाते हैं वह भी हम सही ढंग से नहीं खा पाते। क्योंकी हम इतने व्यस्त है, इसलिए हमे सब कुछ रेडी मेड चाहिए फिर चाहे वो हमारा भोजन ही क्यों न हो। आज मार्केट में बहुत सारे रेडी मेड खाद्य पदार्थों उपलब्ध है जिन्हें ये बता कर बेचा जाता है की वह हमारे लिए पौष्टिक और सेहतमंद है। पर ऐसा नहीं आइये जानते हैं कुछ ऐसे ही खाद्य पदार्थों के बारे में जो सिर्फ हमारी सेहत को ही नहीं बल्कि हमारी जेब पर भी बुरा असर डाल रहे हैं।

1.मल्टीग्रेन आटा
मल्टीग्रेन आटा यानि कुछ और आनज जैसे दालों को गेहूं के आटे के साथ मिला कर उसे मल्टी ग्रेन आटा बना दिया जाता हैं। और यह मार्किट में मल्टी ग्रेन आटे के नाम से बिकता है। पर ऐसा देखा गया है की जरुरी नहीं की उसमें और अनाज मिलाये गए हो। इस लिए अगर आप यह मल्टी ग्रेन आटा खरीद रहे है तो, खरीद ने से पहले उसमें मिला आई जाने वाली सामग्री को आचे से जाचं ले फिर खरीदें।

2. सोयाबीन का दूध
बहुत से लोग सोयाबीन के दूध का इस्तेमाल करते है जो एक बहुत ही पौष्टिक आहार माना जाता है। पर आज मार्किट में सोयाबीन के दूध में भी मिलावट होती है। दूध में जिस प्रकार की मिलावट की जाती है, उसके बारे में सुनकर हर व्यक्ति आश्चर्यचकित रह हो जायेगा, दूध में पनीर का पानी, सोयाबीन का तेल, यूरिया खाद, शूगर, नमक एवं कई अन्य वस्तुओं का प्रयोग किया जाता है। जो की आपकी सेहत के लिए बहुत ही खतरनाक है। और अगर आप स्वस्थ रहना और नॉन-डेरी प्रोडक्ट ही इस्तेमाल करना है तो बेहत होगा की आप स्किम्ड दूध पियें।

3. बनावटी चीनी के नुकसान
यह भी हमारे स्वास्थ के लिए नुकसान देह है। क्यों की डिब्बाडबंद खाद्य पदार्थ में रिफाइंड चीनी हमारे स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है। इसके उपयोग से शरीर में कई तरह के रोग हो सकते है। और इतना ही नहीं इसके उपयोग से मानसिक शक्ति क्षीण हो सकती है। और माहवारी के समय महिलाओं को अत्यधिक दर्द की शिकायत भी हो सकती है।

4. आइस टी
मार्किट में कई तरह के आइस टी पाउडर उपलब्ध है जो आपकी सेहत के लिए हानिकारक है। इनमें कोला की तुलना में बहुत अधिक चीनी होती है। और इनमें कई तरह के आर्टफिशल फ्लेवर मिलाये जाते है जो आपके शारीर के लिए हानिकारक हैं। इस लिए अगर हो सकते तो घर में ही ताज़ी आइस टी बानये और पियें।

5. मार्गरीन
यह मक्खन के सब्स्टटूट की तरह इस्तेमाल किया जाता है। मार्गरीन एक तरह का हाइड्रजनेट ट्रांस फैट है, जो आपके शारीर के लिए हानिकारक है। यह आपके खाने में कोलेस्टेरोल को बढ़ा देती है और आपके इम्यूनटी सिस्टम को कमज़ोर बना देती है।

6. गैर मौसमी फलों और सब्जियों के नुकसान
आज विज्ञान ने इतनी तरकी करली है जिसकी वजह से हम हर मौसम में हर फल और सब्ज़ी का मज़ा ले सकते है। लेकिन क्या हम जानते है की इन सब्जिओं को आर्टफिशली पकाया जाता है। इस लिए सबसे अच्छा तरीका यही है की हम मौसमी फल और सब्जी ही खाये।

7. डिब्बाबंद खाद्य पदार्थ
मौजूदा समय में आनन-फानन में तैयार होने वाले फास्ट फूड, वसायुक्त खाद्य पदार्थों, और डिब्बाबंद खाद्य सामग्रियों के प्रयोग के कारण लोगों के शरीर में कोलेस्ट्रॉल की मात्रा बढ़ रही है। और इसमें पायेजाने वाले केमिकल बहुत सारी बिमारियों को भी जन्म दे रही है जैसे स्तन कैंसर और रीप्रडक्टिव प्रोब्लेम्स। इसलिए जितना हो सके इन्हें अवॉयड करे।

8. माइक्रोवेव पॉपकॉर्न
हो सकता है कि माइक्रोवेव में तैयार होने वाले पॉपकॉर्न आपको बहुत पसंद हों लेकिन इनमें मौजूद प्रिजर्वेटिव्स, सोडियम और सोया प्रोटीन सेहत के लिए बहुत हानिकारक है। माइक्रोवेव पॉपकॉर्न का अधिक सेवन नपुसंकता के रिस्क को 60 प्रतिशत बढ़ा देता है। इसके अलावा इससे थायरॉइड को नुकसान पहुंचता है और प्रतिरोधी क्षमता घटती है।

9. टेट्रापैक
बाजार में बिकने वाले रेडीमेड फ्रूट जूस या टेट्रापैक डेयरी प्रोडक्ट्स में अधिक मात्रा में प्रिजरवेटिव्स होते हैं। इनका सही विवरण लेबल पर नहीं पता चल पाता। इनमें शुगर की अधिकता होती है और पोषक तत्व कम होते हैं, जो बच्चों के विकास पर असर डालते हैं। पैकेटबंद जूस, टेट्रा पैक या स्किम्ड दूध जैसे पेय से बच्चों में विटामिन डी की कमी होने का खतरा अधिक होता है। इसके अलावा, कई मानसिक समस्याएं जैसे कंसंट्रेशन की कमी भी हो सकती है। इनसे बच्चों को भरपूर पोषक तत्व नहीं मिल पाते हैं और मोटापा हो सकता है।

10. जमे हुए भोजन के नुकसान
बर्गर,पैटीज़ मीट बॉल्स इन सब के आप बहुत शौकीन होंगे पर इन्हें खाने से आपको कितना नुकसान होगा इसे भी जानना जरुरी है। क्योंकि इसके सेवन से ब्रेस्ट कैंसर तक हो सकता है। इनमें हेट्रोसाइकिलिक एमाइन्स, पोलीसाइकिलिक अरोमाटिक हाइड्रोकार्बन और एडवांस्ड ग्लाइसेशन्स इंड प्रोडक्ट्स जैसे तत्व होते हैं। इनसे कोलोन कैंसर, ब्रेस्ट कैंसर, दिल के रोग, किडनी के रोग और डायबिटीज जैसे खतरों का रिस्क बढ़ जाता है।

11. एनर्जी ड्रिंक्स
दिमाग की सजगता और शारीरिक ताकत बढ़ाने के लिए बाजार में बिक रहे एनर्जी ड्रिंक्स भी सुरक्षित नहीं हैं। एक रिपोर्ट के अनुसार इनमें कैफीन का अत्यंत ही खतरनाक स्तर पाया गया, जो स्वास्थ्य पर बहुत बुरा असर डाल सकता है।

12. डिब्बाबंद पीने का पानी
बोतलबंद पानी जितना पुराना होता जाता है, उसमें एंटीमनी की मात्रा उतनी ही बढ़ती जाती है। 'अगर यह रसायन किसी व्यक्ति के शरीर में जाता है, तो उसे जी मिचलाने, उल्टी और डायरिया जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। इससे साफ है कि बोतलबंद पानी शुद्धता और स्वच्छता का दावा चाहे जितना करें लेकिन वह सेहत की दृष्टि से सही नहीं है।



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