Latest Updates
-
Aja Ekadashi Vrat Katha: अजा एकादशी पर पढ़ें ये व्रत कथा, मिलेगा अश्वमेध यज्ञ के बराबर पुण्य -
Aja Ekadashi 2026: नारायण की कृपा...इन संदेशों के साथ अपने प्रियजनों को भेजें अजा एकादशी की शुभकामनाएं -
National Nutrition Week: प्रेग्नेंसी में जरूरी है सही न्यूट्रिशन, जानें गर्भावस्था में क्या खाएं-क्या न खाएं -
Aja Ekadashi 2026: कब है अजा एकादशी? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त, महत्व, पूजा विधि और पारण समय -
Teacher's Day 2026: 5 सितंबर को ही क्यों मनाया जाता है शिक्षक दिवस? जानिए क्या है इसका इतिहास और महत्व -
Teacher's Day 2026 Sanskrit Wishes: इन संस्कृत श्लोकोंं के जरिए गुरुजनों को भेजें शिक्षक दिवस की शुभकामनाएं -
Teacher’s Day 2026 Wishes: गुरु का ज्ञान...इन संदेशों के साथ अपने टीचर्स को भेजें शिक्षक दिवस की शुभकामनाएं -
Dahi Handi 2026: 5 या 6 सितंबर, कब है दही हांडी? जानें क्यों और कैसे मनाते हैं ये पर्व -
Janmashtami 2026: धन, प्रेम विवाह और संतान प्राप्ति के लिए जन्माष्टमी पर करें ये अचूक उपाय, पूरी होगी मनोकामना -
Happy Krishna Janmashtami 2026 Wishes: नंद के घर खुशियां आईं...जन्माष्टमी पर अपनों को भेजें ये शुभकामना संदेश
Rice for Diabetes : डायबिटीज में चावल खाने से लगता है डर? असम के इस स्पेशल चावल को खाने से नहीं बढ़ेगा शुगर
how to control diabetes: चावल के शौकीन लोगों के लिए खुशखबरी है कि अब वो जितना चाहे जी भरकर चावल खा सकते हैं। उन्हें डायबिटीज से डरने की जरा भी जरुरत नहीं हैं।
अगर आप भी चावल खाने के बेहद शौकीन हैं, लेकिन डायबिटीज की वजह से परहेज करते हैं, तो हम आपको असम की स्पेशल चावल की एक ऐसी किस्म के बारे में बता रहे हैं, जिसके सेवन के बाद शुगर कंट्रोल रहेगी।

सर्दियों में उगता है जोहा चावल
असम में का जोहा चावल सर्दियों में उगता है। इसकी खेती ज्यादात्तर असम राज्य के गारो हिल्स में की जाती है। इस चावल में न्यूट्रास्युटिकल प्रॉपर्टीज भी पायी जाती हैं। इसका ग्लाइसेमिक इंडेक्स काफी लो होता है जिससे यह शुगर लेवल को बढ़ने नहीं देते। इन चावलों में प्रोटीन की मात्रा भी हाई होती है जो शुगर पेशेंट्स के लिहाज से इन्हें हेल्दी फूड बनाता है।
रिसर्च में ये बात हो चुकी है साबित
कुछ दिनों पहले साइंस एंड टेक्नोलॉजी विभाग के इंस्टीट्यूट ऑफ एडवांस्ड स्टडी इन साइंस एंड टेक्नोलॉजी (IASST) द्वारा किए गए शोध में मालूम चला है कि असम में पैदा होने वाले जोहा किस्म का चावल डायबिटीज के मरीजों के लिए फायदेमंद होता है। इससे ब्लड शुगर और डायबिटीज को कंट्रोल किया जा सकता है। इन चावलों में ओमेगा-3 फैटी एसिड्स सहित ओमेगा 6 फैटी एसिड्स भी पाए जाते हैं जो ना केवल ब्रेन के लिए अच्छे हैं बल्कि, ये शुगर लेवल को भी नियंत्रित रखने का काम करते है।
दिल के लिए भी अच्छा
जोहा चावल न सिर्फ डायबिटीज के मरीजों के लिए बल्कि हद्धय रोगियों के लिए भी फायदेमंद हैं। इसके सेवन से कार्डियोवैस्कुलर रोगों के खतरे को कम करता है। इसके अलावा चावल में पाए जाने वाले दो अनसैचुरेटेड फैटी एसिड यानी (ओमेगा -6) और (ओमेगा -3) कई फिजियोलॉजिकल कंडीशन को ठीक रखने में मदद कर सकते हैं।
मिल चुका है जीआई टैग
जोहा चावल का असम में सांस्कृतिक महत्व भी है। बिहू और जोनबील मेला जैसे विशेष अवसरों के दौरान इसे पकाकर परोसा जाता है। यह चावल बासमती चावलों की तरह दिखता है हालांकि इसमें किसी तरह की खूश्बू नहीं होती। इसकी खासियत के कारण ही इसे जीआई टैग दिया गया है। ये चावल खाने में बहुत ही स्वादिष्ट होता है।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications
