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Health Tips : चारधाम यात्रा में जा रहे हैं बीपी, शुगर या गठिया के मरीज? जानिए डॉक्टर की सलाह
Health Precautions Tips For Char Dham Yatra : उत्तराखंड की पवित्र चार धाम यात्रा- बद्रीनाथ, केदारनाथ, यमुनोत्री और गंगोत्री 30 अप्रैल से शुरू हो रही है। हर साल लाखों श्रद्धा लु इस यात्रा में भाग लेते हैं, जिनमें न सिर्फ देश भर से बल्कि विदेशों से भी लोग शामिल होते हैं। कठिन और पथरीली चढ़ाई, ऊंचाई पर कम ऑक्सीजन और बदलते मौसम के चलते यह यात्रा शारीरिक रूप से चुनौतीपूर्ण हो सकती है, खासकर उन लोगों के लिए जो हृदय रोग, हाई बीपी, डायबिटीज या जोड़ों के दर्द जैसी बीमारियों से ग्रस्त हैं।
डॉक्टर्स की सलाह के अनुसार, ऐसे यात्रियों को यात्रा पर निकलने से पहले कुछ जरूरी सावधानियां जरूर बरतनी चाहिए। जयपुर के एसएमएस अस्पताल के सीनियर फिजिशियन डॉ. पीयूष शर्मा बताते हैं कि हृदय रोगी और हाई बीपी के मरीज ECG, ईकोकार्डियोग्राफी और ब्लड प्रेशर की जांच जरूर करवाएं, क्योंकि यह यात्रा कठिन होती है, इसलिए पूरी जांच के बाद ही जाएं।
ऑक्सीजन और ऑक्सीमीटर साथ रखें
हृदय रोगियों को ऊंचाई पर ऑक्सीजन की कमी से सांस लेने में दिक्कत हो सकती है। ऐसे में पोर्टेबल ऑक्सीजन सिलेंडर साथ रखना जरूरी है। साथ ही, एक ऑक्सीमीटर जरूर रखें ताकि ऑक्सीजन सैचुरेशन स्तर पर नजर रखी जा सके। यदि यह 90% से नीचे जाए, तो तुरंत मेडिकल सहायता लें।
शुगर मरीज रखें खास ध्यान
डायबिटीज से पीड़ित लोग अपनी दवाइयां नियमित रूप से लें और ब्लड शुगर चेक करने की मशीन साथ रखें। समय-समय पर शुगर लेवल चेक करते रहें। खानपान में संतुलन बनाए रखें, ऑयली और मसालेदार भोजन से बचें और केवल साफ पानी पिएं।
जोड़ों के दर्द से परेशान यात्री रखें ये चीजें
जिन लोगों को आर्थराइटिस या जोड़ों में दर्द की समस्या है, उनके लिए लंबी चढ़ाई चुनौतीपूर्ण हो सकती है। ऐसे में ट्रैकिंग स्टिक का इस्तेमाल करें, आरामदायक जूते पहनें और बीच-बीच में आराम लेते रहें। भारी सामान उठाने से बचें और हल्के रास्तों से शुरुआत करें। थकावट से बचने के लिए रोजाना दूरी सीमित रखें और नींद पूरी लें।
यात्रा के दौरान अगर कोई भी स्वास्थ्य संबंधी दिक्कत हो, तो उसे नजरअंदाज न करें। नजदीकी मेडिकल सहायता तुरंत लें। याद रखें, यह यात्रा भक्ति के साथ-साथ शरीर की परीक्षा भी है, इसलिए पूरी तैयारी के साथ ही इस पवित्र यात्रा पर निकलें।
सरकार ने भी जारी की एडवायजरी
चारधाम यात्रा को सुरक्षित और सुगम बनाने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने एसओपी जारी की है। इसमें यात्रियों को कम से कम सात दिनों की यात्रा योजना बनाने की सलाह दी गई है। केदारनाथ और यमुनोत्री की चढ़ाई के दौरान हर 1-2 घंटे में 5-10 मिनट का विश्राम जरूरी बताया गया है। ठंड और बारिश से बचाव के लिए गरम कपड़े, रेनकोट और छाता जरूर रखें। साथ ही पल्स ऑक्सीमीटर और थर्मामीटर जैसे हेल्थ चेकअप उपकरण भी साथ रखें। हृदय रोग, उच्च रक्तचाप, अस्थमा और मधुमेह के मरीज अपनी दवाएं और डॉक्टर का नंबर जरूर रखें। किसी भी परेशानी में नजदीकी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र से तुरंत संपर्क करें।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



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