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वैज्ञानिकों ने डैमेज हार्ट सेल्स को ठीक करने का नया तरीका विकसित किया, पढ़िए रिपोर्ट
हार्ट हमारे शरीर का सबसे महत्वपूर्ण अंग है और इसमें होने वाली छोटी से छोटी बीमारी भी आपकी मुश्किलें बढ़ा सकती है। अभी भी पूरी दुनिया में हार्ट अटैक या हार्ट सेल्स के खराब होने से मरने वालों की संख्या काफी तेजी से बढ़ रही है।
हलाकि इस दिशा में एक बहुत बड़ी खुशखबरी यह सुनने में आयी है कि वैज्ञानिकों ने एक ऐसा इंजेक्टेबल टिश्यू बैंडेज विकसित किया है जो डैमेज हार्ट सेल्स को भी रिपेयर कर सकता है। इसका आकार एक डाक टिकट से भी छोटा होता है।

आपको बता दें कि हार्ट अटैक आने के बाद हार्ट टिश्यू काफी हद तक डैमेज हो जाते हैं और आमतौर पर ऐसे में ओपन हार्ट सर्जरी करके ही इन्हें ठीक किया जाता है। लेकिन हाल ही में कनाडा स्थित टोरंटो यूनिवर्सिटी के वैज्ञानिकों की टीम ने एक ऐसी तकनीक विकसित की है जिसकी मदद से बिना चीर फाड़ या सर्जरी के सिर्फ एक इंजेक्शन की मदद से उस डैमेज टिश्यू को ठीक किया जा सकेगा।
इसे एंगियोचिप (AngioChip) का नाम दिया गया है जिसका आकार बहुत छोटा होता है और इसमें ब्लड वेसेल्स और हार्ट सेल्स पहले से मौजूद रहती हैं जो बिल्कुल हार्ट की ही तरह धडकती रहती हैं। रिसर्च टीम की मेम्बर मिलिका रैडीसिक बताती हैं कि जब कोई मरीज हार्ट अटैक के दौर से गुजरा हुआ होता है तो ऐसे में ओपन हार्ट सर्जरी करना बहुत रिस्क वाला काम होता है और कई बार इसके गंभीर परिणाम भी हो सकते हैं।

ऐसे में ये पैच काफी मददगार साबित हो सकता है। रैडिसिक लैब की पीएचडी स्कॉलर मिल्स मोंटोगोमेरी बताती हैं कि इस ख़ास पैच को बनाने में पूरी टीम को लगभग तीन साल का समय लगा। रिसर्चर ने बताया कि उन्होंने एक ऐसा डिजाईन विकसित किया जिसमें हुबहू टिश्यू की तरह सारे गुण हो और वह आकार में काफी छोटा भी हो जिसे इंजेक्शन की मदद से उस जगह पर पहुंचाया जा सके।
अगले स्टेप में इस पैच को हार्ट सेल्स के बीच में फिट करना भी काफी चुनौतीपूर्ण था। इसके लिए उन्होंने इस पैच को चूहों और सूअरों पर परिक्षण किया और यह परीक्षण पूरी तरह सफल रहा। इसमें पाया गया कि इन्जेक्टेड पैच भी उसी तरह विकसित हो रहा है जैसे बाकी हार्ट सेल्स हो रहे हैं। अभी इसे इंसानों पर टेस्ट करना बाकी है लेकिन यह इस दिशा में एक बहुत बड़ा कदम है।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



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