Latest Updates
-
DHT: क्या है डायरेक्ट हेयर ट्रांसप्लांटेशन? जानें बालों की रिग्रोथ के लिए कितनी कारगर है यह तकनीक -
Captain Smit Machchhar: कैप्टन 'स्मित मच्छर' के सरनेम का क्या है मतलब? जानें इसके पीछे की दिलचस्प कहानी -
नुसरत भरूचा की रीढ़ की हड्डी में हुआ फ्रैक्चर, एयरलिफ्ट कर बाली से लाई गईं मुंबई, वीडियो देख फैंस हुए परेशान -
Jitiya Vrat 2026: जितिया व्रत में पानी पी सकते हैं या नहीं? जानें जरूरी नियम और पारण का समय -
Jitiya Vrat Katha: जितिया (जीवित्पुत्रिका) व्रत में जरूर करें इस कथा का पाठ, पूरे साल सुरक्षित रहेगी संतान -
Jitiya Vrat 2026 Wishes: संतान की लंबी उम्र...जितिया व्रत के अवसर पर अपनों को भेजें ये खास शुभकामना संदेश -
Lal Bahadur Shastri Jayanti 2026: क्या आप जानते हैं लाल बहादुर शास्त्री का असली नाम? जानें 10 रोचक तथ्य -
Gandhi Jayanti 2026: गांधी जी को 'बापू' क्यों कहा जाता है? जानें किसने दी थी 'महात्मा' की उपाधि -
Gandhi Jayanti Wishes 2026: हाथ में लाठी थी...गांधी जयंती पर अपनों को ये खास मैसेज भेजकर दें शुभकामनाएं -
Gandhi Jayanti 2026 Essay, Speech: गांधी जयंती पर ऐसे करें भाषण और निबंध की तैयारी, मिलेगा इनाम
मोतियाबिंद को कम करने के उपाय
अगर किसी को भी मोतियाबिंद की समस्या होती है तो उसे शीघ्र ही अपना इलाज करवा लेना चाहिए, इसके इलाज में आंखों का ऑपरेशन किया जाता है और इसके बाद, व्यक्ति की सामान्य दृष्टि हो जाती है।
उम्र बढ़ने के साथ-साथ कई लोगों को आंखों में दिक्कत होने लगती है। दृष्टि बाधित हो जाती है और मोतियाबिंद की समस्या भी हो जाती है।
बढ़ती उम्र में मोतियाबिंद एक समस्या है जो लगभग हर किसी को होती है। ये समस्या, शरीर में विटामिन ए की कमी के कारण भी हो सकती है।
अगर किसी को भी मोतियाबिंद की समस्या होती है तो उसे शीघ्र ही अपना इलाज करवा लेना चाहिए, इसके इलाज में आंखों का ऑपरेशन किया जाता है और इसके बाद, व्यक्ति की सामान्य दृष्टि हो जाती है।
इस बीमारी की शुरूआत में रोगी को हल्का ब्लर दिखाई देता है और अंतिम चरण में आंख पर सफेद पैच बन जाता है।
कुछ प्रकार के रोगों, जैसे- मधुमेह, आनुवांशिक, आंख में चोट, धूप का अधिक पड़ना, शराब का सेवन आदि के कारण भी ये हो जाता है। लेकिन आप मोतियाबिंद को कुछेक उपायों से सही कर सकते हैं या बढ़ने से रोक सकते हैं। जोकि निम्न प्रकार है:

सामग्री -
- 1 कप गुलाब की पत्तियां
- 4 चम्मच रास्पबेरी लीव्स
- 4 कप गरम पानी

किस प्रकार बनाएं
गर्म पानी में गुलाब और रास्पबेरी की पत्तियों को उबाल लें। बाद में इस पानी को ठंडा कर लें। इस पानी को निथार लें और इससे अपनी आंखों को धुलें। इससे आंखों की रोशनी में बढ़ोत्तरी होती है।

उपचार 2-
दूसरा उपाय यह है कि आप एक चम्मच नींबू का रस लें और इसमें बराबर मात्रा में गुलाब जल मिलाएं। इसे चार बूंद अपनी आंखों में डालें। इसके बाद चेहरा धो लें। इससे प्रारम्भिक चरण का मोतियाबिंद सही हो जाता है।

उपचार 3-
प्रतिदिन लहसून की दो कलियों को चबाएं। इससे मोतियाबिंद नहीं होगा।

उपचार 4-
प्रतिदिन एक चम्मच अश्वगंधा पाउडर का सेवन करें। इससे मोतियाबिंद में 40 प्रतिशत तक की कमी हो जाएगी।

उपचार 6 -
बादाम को भिगो दें और इसे हर दिन सुबह दूध के साथ पिएं। ऐसा करने से आंखों सम्बधी कई समस्याएं दूर हो जाती हैं।

उपचार 7 -
हर दिन एक गिलास गाजर का जूस पिएं। साथ ही टमाटर और पालक को भी अपनी खुराक में शामिल करें। इससे आंखों की रोशनी अच्छी हो जाएगी।

सावधानियां
धूप और गर्मी से बचें। सुबह टहलने जाएं। शराब का सेवन न करें। जंक फूड और व्हाइट ब्रेड से दूर रहें।



Click it and Unblock the Notifications
