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अचानक ठंड लगने पर शरीर में क्यों खड़े हो जाते हैं रोंगटे, इसके पीछे है वैज्ञानिक कारण
अचानक से आप कोई अनहोनी घटना सुनते है या हॉरर मूवी देखते हैं तो आपके शरीर में अलग सी प्रतिक्रिया देखने को मिलती है? तुरंत आपके रोंगटे खड़े हो जाते हैं। इसके अलावा जब आपको बहुत तेज ठंड लगती है तो क्या होगा-आपके रोंगटे खड़े हो जाएंगे। इस तरह की 2 अलग-अलग घटनाओं में हमारा शरीर एक जैसा रिएक्शन कैसे देता है? इसके पीछे मुख्य वजह शरीर विज्ञान और इससे जुड़ी भावनाएं हैं।
रोंगटे खड़े होना को Goosebumps भी कहा जाता है। ये बहुत ही सामान्य सी प्रतिक्रिया है जो शरीर में ठंड लगने पर या कोई अचानक से भावनात्मक प्रतिक्रिया में आए बदलाव की वजह से भी ऐसा होता है। दरअसल, जब किसी वजह से हमारी स्किन में छोटे-छोटे उठान हो जाते हैं जिससे शरीर पर मौजूद बाल और रोएं बिलकुल सीधे खड़े हो जाते हैं तो इस घटना को ही गूजबम्प्स या रोंगटे खड़े होना कहते हैं। आइए जानते है कि आखिर क्यों शरीर में रोंगटे खड़े हो जाते हैं।

क्यों होती है यह घटना?
स्किन पर मौजूद हर एक बाल से जुड़ी छोटी-छोटी मांसपेशियों की सिकुड़न और संकुचन की वजह से रोंगटे खड़े होते हैं। सिकुड़ने वाली हर एक मसल स्किन की सतह पर एक तरह का छिछला गड्ढा बनाती है जिससे आसपास का हिस्सा उभर जाता है। जब इंसान को ठंड लगती है तब भी कुछ ऐसा ही महसूस होता है। ठीक ऐसा ही जानवरों में भी होता है। रोंगटे खड़े होने पर उनके मोटे-मोटे और घने बाल फैल जाते हैं औऱ हवा की थोड़ी सी मात्रा को छिपाकर रख लेते हैं जो इंसुलेशन लेयर का काम करता है। बाल का लेयर जितना ज्यादा घना होगा, उतनी ज्यादा गर्माहट को रोक पाएगा।

रोंगटे खड़े होने का वैज्ञानिक कारण
स्ट्रेस हॉर्मोन जिसे ऐड्रेनलिन कहते हैं के अवचेतन अवस्था में रिलीज होने पर ही रोंगटे खड़े होते हैं। इस हॉर्मोन के रिलीज होने पर न सिर्फ स्किन की मांसपेशियों में सिकुड़न और संकुचन होता है बल्कि शरीर के दूसरे फंक्शन्स पर भी इसका प्रभाव पड़ता है। जानवरों में यह स्ट्रेस हॉर्मोन उस वक्त रिलीज होता है जब उन्हें ठंड लगती है या फिर जब वे किसी तरह के स्ट्रेस या तनाव भरी परिस्थिति में होते हैं।

ठंड लगने पर क्यों खड़े होते हैं रोंगटे
जब कभी आपको बहुत अधिक ठंड का अहसास होता है तो आपका दिमाग आपके शरीर को संकेत देता है कि आपके शरीर को गर्माहट की जरुरत है। शरीर में रोंगटे खड़ा होना उन्हीं संकेतों में से एक है। इसके अलावा जब आपके शरीर में रोंगटे खड़े होते है तो वो आपके शरीर को बाहरी ठंड से बचाने का प्रयास करते हैं और आपकी बॉडी में गर्माहट को बनाने की कोशिश करते हैं।

रोंगटे खड़े होने के साथ क्या होता है?
इंसानों में ऐड्रेनलिन हॉर्मोन ठंड लगने पर, डर लगने पर, इमोशनल होने पर, तनाव की स्थिति में आने पर कभी भी रिलीज हो जाता है। इंसानों में ऐड्रेनलिन रिलीज होने पर आंसू निकलने लगते हैं, हथेली से पसीना आने लगता है, हार्टबीट तेज हो जाती है, हाथ कांपने लगता है, ब्लड प्रेशर बढ़ जाता है और पेट में कुछ अजीब सा होने लगता है। किसी तरह के इमोशनल सिचुएशन में ही नहीं बल्कि भूत वाली डरावनी फिल्म या विडियो देखने के दौरान भी रोंगटे खड़े हो जाते हैं या फिर कई बार तो अतीत में हो चुकी किसी पुरानी घटना को याद करके भी रोंगटे खड़े हो जाते हैं।



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