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फेफड़ों को स्वस्थ रखने के लिए करें ये योगासन, सांस लेने में नहीं होगी परेशानी
फेफड़ों के बिना ऑक्सीजन शरीर में नहीं पहुंच सकता है। हमारे शरीर में मौजूद सभी कोशिकाएं ब्लड और ऑक्सीजन के जरिए कार्य करती है। स्वस्थ शरीर के लिए फेफड़ों का स्वस्थ होना कितना जरूरी है। ऐसे लोग जिन्हें फेफड़े की बीमारियां, जैसे- फाइब्रोसिस और क्रॉनिक ऑब्सट्रक्टिव पल्मोनरी डिजीज (COPD) होती है, उन्हें शरीर को ऑक्सीजन पहुंचाने में काफी परेशानी होती है। फेफड़ों को स्वस्थ रखने के लिए खानपान के साथ-साथ एक्सरसाइज और योगासन का अभ्यास नियमित रूप से करना चाहिए। जानते हैं कुछ ऐसे योगासन, जिससे फेफड़ों को मजबूत किया जा सकता है।

1. बितिलासन योग
इसे Cow pose के नाम से भी जाना जाता है। बितिलासन योग के जरिए भी फेफड़ों को स्वस्थ बनाया जा सकता है। दरअसल यह एक ऐसी योग मुद्रा होती है, जिसे करने के दौरान आपके शरीर की श्वास नलिकाओं में खिंचाव होता है और यह फेफड़ों को स्वस्थ रखने में मदद करती हैं।
कैसे करें
सबसे पहले किसी समतल जगह पर योग मैट बिछा लें।
अब घुटनों और हाथों के बल इस पर बैठ जाएं।
इस मुद्रा में आप छोटे बच्चे के चलने जैसी स्थिति में ही होंगे।
अब अपने हाथों के बीच एक से डेढ़ फीट की दूरी रखें और पैरों के बीच 1 फीट की दूरी।
अपनी गर्दन को ऊपर उठाते हुए आसमान की ओर देखने का प्रयास करें।
अब इसी मुद्रा में कम से कम 10 से 15 सेकंड तक रहें है उसके बाद वापस प्रारंभिक मुद्रा में आ जाएं।
इस योगासन को आप करीब 5 मिनट तक कर सकते हैं।

2. भुजंगासन
भुजंगासन करने से ब्लड सर्कुलेशन सुचारू रूप से होता है। इसके साथ ही इस योगासन को नियमित रूप से करने पर फेफड़े भी स्वस्थ होते हैं। पेट के बल लेट जाएं। सांस भरते हुए कमर से ऊपर वाला हिस्सा आगे की ओर उठाएं।
पैर आपस में मिले रहें। गर्दन को पीछे की ओर मोड़ें और कुछ पल इसी अवस्था में रखें।
कैसे करें
सांस को सहज हो जाने दें और कुछ देर रुकें ताकि दबाव रीढ़ के निचले हिस्से पर पड़े। सांस छोड़ते हुए धीरे-धीरे वापस आएं।
गर्दन पीछे ही रखें और धीरे-धीरे पहले छाती तथा बाद में सिर को भी जमीन से लग जाने दें।
लगातार इस आसन को करने से कमर दर्द से छुटकारा मिल सकता है।
बहुत ज्यादा सर्वाइकल की समस्या होने पर किसी भी आसन को करने से पहले विषेशज्ञ की सलाह ले लें।

3. शलभासन
स्वस्थ फेफड़ों के साथ-साथ इस आसान का नियमित रूप से अभ्यास करने पर शरीर लचीला होता है। साथ ही कमर की मांसपेशियां मजबूत होती हैं।
कैसे करें
जमीन पर पेट के बल लेट जाएं। अपने दोनों पैरों को सीधा रखें।
हाथों को कमर के पास सीधा रखें। हथेली ऊपर की तरफ हो।
गहरी सांस लें। इस दौरान अपने सीधे पैर को ऊपर दीवार की तरफ उठाएं।
ध्यान रहे, हिप्स और घुटनों को नहीं मोड़ना है। सांस लेते रहें। अब सीधे पैर को नीचे रखें।
इस प्रक्रिया को अपने उल्टे पैर के साथ दोहराएं। इस प्रकिया के दौरान हाथों को स्थिर रखें। सांस लेते हुए अपने दोनों पैरों को ऊपर की ओर उठाएं।
इस दौरान हिप्स को सीधा रखें। घुटनों को मोड़े नहीं। अब सिर को ऊपर की तरफ उठाएं।
पैरों को नीचे ले आएं और आराम की अवस्था में आ जाएं। इस आसन को 2 से 4 मिनट के लिए अभ्यास करें।

4. दंडासन
दंडासन के जरिए हम फेफड़ों से जुड़ी समस्या को ठीक कर सकते हैं। नेशनल सेंटर फॉर बायोटेक्नोलॉजी इन्फॉर्मेशन के अनुसार, दंडासन करने से फेफड़े स्वस्थ होते हैं। इस योगासन को सुबह और शाम दोनों समय करें।
कैसे करें
दोनों पैरों को सामने एक-दूसरे से सटाकर रखें और हाथों को जमीन पर टिका दें।
अब पैरों की उंगलियों को अंदर की ओर मोड़ें और तलवों से बाहर की ओर दबाव बनाएं।
कंधों को आराम की मुद्रा में रखते हुए अपनी नजर को नासिकाग्र पर केंद्रित करें।
अधिकतम डेढ़ मिनट तक करें। फिर सांस छोड़ते हुए सामने की ओर देखते हुए वापस आ जाएं।
खाली पेट ही करें। उच्च रक्तचाप के रोगी न आजमाएं।



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