क्‍या आप भी एसिड से साफ करते हैं टॉयलेट, जानें साफ करने का तरीका

टॉयलेट की सही तरीके से साफ-सफाई न सिर्फ आपके घर को हाईजीन बनाए रखता है बल्कि आपको कई बीमार‍ियों से बचाकर रखता है। टॉयलेट को साफ करने के लिए हम कई डिर्जेंट, क्लींनर और एसिड का इस्तेमाल करते है और घंटों उसे चमकाने में लगा देते है लेकिन अगर फिर भी टॉयलेट साफ न दिखे तो सारी मेहनत बेकार चली जाती है। अगर आप भी घंटों से अपने बाथरूम को चमकाने में लगे रहते है तो आज हम तरीके बताएंगे, जिनकी मदद से आप अपने बाथरूम को आसानी से चमका सकते हैं।

टॉयलेट के किनारों को न करें नजरअंदाज

टॉयलेट के किनारों को न करें नजरअंदाज

टॉयलेट के किनारों पर कीटाणुनाशक छिड़कें, फिर इसे ऐसे ही थोड़ी दे रहने दें। इसके बाद वाइप तो चमकाएं। चमक आने पर उसपर सूखा कपड़ा मार दें।

सफेद सिरके से करें साफ

सफेद सिरके से करें साफ

सफेद सिरके के साथ टॉयलेट की सफाई करने से वह फ्रैश भी रहता है। इसके अलावा सिरका आपके सेनेटरी में जमे हार्ड-वाटर को भी निकाल देगा।

 ब्रश को ऐसे रखें

ब्रश को ऐसे रखें

टॉयलेट साफ करने के बाद ब्रश को पूरी रात के लिए कीटाणुनाशक या ब्लीच में डुबोकर रखें। इससे ब्रश में मौजूद सारी गंदगी और कीटाणु गायब हो जाएंगे।

टॉयलेट रिम करें साफ

टॉयलेट रिम करें साफ

टॉयलेट रिम पर भी कीटाणुनाशक छिड़क दें क्योंकि इस पर भी गंदगी और बैक्टीरिया लगे रहते हैं। साफ करने के लिए अच्छे ब्रश का इस्तेमाल करें, जिससे टॉयलेट रिम अच्छे से साफ हो जाए।

फ्लश टैंक पर भी दें ध्यान

फ्लश टैंक पर भी दें ध्यान

अगर आपका टॉयलेट अक्सर जाम हो जाता है तो फ्लश टैंक में थोड़ा सा सफेद सिरका डाल दें। इससे जाम की समस्या अपने ठीक हो जाएगी। इससे टॉयलेट भी फ्रेश रहेगा। चाहें तो खुशबू के लिए आप इसमें नीलगिरी का तेल भी मिला सकते हैं। इसके अलावा इसमें से जिद्दी दाग छुड़ाने के ल‍िए सिरका में नींबू और नमक मिला कर फ्लश में दाल दे।

एसिड का इस्‍तेमाल करने से बचें

एसिड का इस्‍तेमाल करने से बचें

अगर आप अपने घर में टॉयलेट साफ करने के लिए एसिड का इस्तेमाल करते हैं तो यह आपके सेहत से जुड़े बड़े खतरे की वजह हो सकता है। दिल्ली और आसपास के छह शहरों में किए गए शोध में पाया गया कि एसिड से साफ किए गए टॉयलेट का इस्तेमाल करने वाले लोगों को श्वास से जुड़ी समस्याओं का खतरा अधिक होता है।

विशेषज्ञों की मानें तो एसिड से साफ हुए टॉयलेट सेहत के लिए बड़ा खतरा हो सकते हैं। न केवल लंबे समय तक इनका इस्तेमाल बल्कि 10 से 15 मिनट भी इनके इस्तेमाल से लोगों को श्वास से जुड़ी समस्याएं हो सकती हैं।''

Story first published: Tuesday, November 19, 2019, 17:55 [IST]
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