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Pitru Paksha Wishes: इन संदेशों के साथ करें पूर्वजों को याद, सोशल मीडिया पर भी कर सकते हैं शेयर
Pitru Paksha Wishes and Messages in Hindi: हिन्दू धर्मशास्त्रों के अनुसार मनुष्य का शरीर पञ्च तत्वों से मिलकर बना है और मृत्यु के पश्चात शारीर इन पञ्च तत्वों में विलीन हो जाता है। लेकिन महाभारत के अनुशासन पर्व में पितामह भीष्म बताते हैं कि मोहमाया के बंधन में फंसी जीवात्मा शरीर की मृत्यु के पश्चात भी यमराज के पास रहती है और पितृ पक्ष में अपनी संतानों से मिलने आती है।
हर वर्ष 16 दिनों तक पितृ पक्ष यानी श्राद्ध मनाया जाता है। इस दौरान परिवारजन अपने पूर्वजों और पितरों का स्मरण करते हैं, उनके लिए भोजन रखते हैं और पिंड दान करते हैं। पूरी श्रद्धा के साथ किये गए श्राद्ध कर्म से पितरों की आत्मा को शांति मिलती है। साथ ही पूर्वजों की कृपा भी प्राप्त होती है। 29 सितंबर यानी आज से पितृ पक्ष शुरू हो रहा है। इस मौके पर आप इन संदेशों के साथ अपने पितरों का स्मरण कर सकते हैं।

1.
ॐ सर्वेभ्यो पितृभ्यो नमः।
पितृ पक्ष आपके लिए शुभ हो।
2.
हे पितृगण,
चाहे आप कहीं भी हों, मैं आपके प्रेम और शांति की कामना करता हूं।
आप हमारी यादों में हमेशा जीवित रहेंगे और हम सभी आपसे प्यार करते हैं।

3.
इज्जत भी मिलेगी, दोलत भी मिलेगी,
सेवा करो मां की, जन्नत भी मिलेगी।
श्राद्ध पक्ष की शुभकामना।
4.
मृत्यु सत्य है और शरीर नश्वर हैं,
यह जानते हुए भी अपनों के जाने का
हम सभी को बेहद दुःख होता हैं.
हमें ईश्वर से विनती और प्रार्थना करनी चाहिए कि
दिवंगत आत्मा को ईश्वर शांति और मोक्ष प्रदान करें.....
श्राद्ध पक्ष की शुभकामना।

5.
वो समय निष्ठुर था
पर जाना आपका भी निश्चित था
विधाता के समक्ष
समय का हारना सुनिश्चित था
श्रद्धा सुमन से
वंदना करूँ मैं आपके चरणों की
आप जहां भी रहें
खुश रहें यही कामना मेरी।

6.
याज्ञवल्क्यस्मृति का कथन है कि
पितर लोग, यथा-वसु, रुद्र एवं आदित्य,
जो कि श्राद्ध के देवता हैं, श्राद्ध से संतुष्ट होकर
मानवों के पूर्वपुरुषों को संतुष्टि देते हैं।
श्राद्ध पक्ष की शुभकामना।
7.
श्राद्ध पक्ष शुभ पक्ष में
पितृ हरे सब कष्ट,
निज् पितृों के तर्पण से
मिट जाते सब कष्ट।
श्री बालाजी महाराज की कृपा से श्राद्ध पक्ष शुभ हो।

8.
श्राद्ध पक्ष के अवसर पर
सभी लोगों को उनके पितरों का आशीर्वाद प्राप्त हो।
यही है हमारी कामना।
नोट: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। बोल्डस्काई लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी और धारणा को अमल में लाने या लागू करने से पहले कृपया संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।



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