When Does Holashtak Begin: होलाष्टक होली से आठ दिन पहले शुरू होता है और इसे अशुभ माना जाता है। इस समय को धार्मिक मान्यताओं और ज्योतिषीय कारणों से शुभ कार्यों के लिए अनुकूल नहीं माना जाता। इस साल, होलाष्टक 2025 में 28 फरवरी से शुरू होगा। इस अवधि में विशेष ध्यान देना चाहिए कि कोई भी नए कार्य, जैसे कि विवाह, गृह प्रवेश या कोई भी बड़ा आयोजन न करें।इसके बजाय, इस समय में पूजा-अर्चना, ताजगी के लिए साधना, और अपने पापों का प्रायश्चित करने पर ध्यान दें। होलाष्टक के दौरान आत्म-निर्भरता और मानसिक शांति बनाए रखना महत्वपूर्ण है।होलाष्टक कब से शुरू हुआ?होलाष्टक शब्द होली और अष्टक से मिलकर बना है, जिसका अर्थ है आठ। यह अवधि फाल्गुन माह के शुक्ल पक्ष की अष्टमी तिथि से पूर्णिमा तक होती है। होलाष्टक होली से आठ दिन पहले शुरू होता है। इस साल, होलिका दहन 13 मार्च 2025 की रात को होगा, जबकि रंगों वाली होली 14 मार्च को मनाई जाएगी। इसलिए, होलाष्टक की शुरुआत 7 मार्च 2025, शुक्रवार से होगी और यह 13 मार्च, गुरुवार को समाप्त होगा। इस समय को अशुभ माना जाता है, इसलिए इस दौरान कोई भी शुभ कार्य न करने की सलाह दी जाती है।होलाष्टक में क्यों नहीं किए जाते शुभ कामहोलाष्टक के दौरान शुभ काम नहीं किए जाते क्योंकि इस अवधि में आठ ग्रह उग्र हो जाते हैं, जिससे शुभ कार्यों पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता है। होलाष्टक अष्टमी से पूर्णिमा तक चलता है, और हर दिन एक ग्रह की उग्रता होती है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, अष्टमी को चंद्रमा, नवमी को सूर्य, दशमी को शनि, एकादशी को शुक्र, द्वादशी को गुरु, त्रयोदशी को बुध, चतुर्दशी को मंगल, और पूर्णिमा को राहु उग्र होते हैं। इस उग्रता के कारण जीवन में कई समस्याएं भी आ सकती हैं, इसलिए इन आठ दिनों में शुभ कार्यों से बचने की सलाह दी जाती है।होलाष्टक में इन कामों की होती है मनाहीहोलाष्टक का समय मांगलिक कार्यों के लिए उपयुक्त नहीं माना जाता है। होलाष्टक से 8 दिन पहले कोई भी शुभ कार्य जैसे शादी, गृह प्रवेश, सगाई, या मुंडन नहीं किए जाते। इस अवधि में ध्यान और पूजा-पाठ करना अत्यंत लाभकारी होता है। विशेष रूप से, भगवान विष्णु और नरसिंह भगवान की पूजा करने से विशेष लाभ प्राप्त होता है। इस समय सकारात्मक ऊर्जा के लिए भगवान विष्णु का ध्यान करना चाहिए। होलाष्टक का यह समय आत्मिक उन्नति और साधना के लिए आदर्श माना जाता है, जिससे व्यक्ति अपने जीवन में सकारात्मक परिवर्तन ला सकता है।