Latest Updates
-
World Photography Day 2026: क्यों मनाया जाता है विश्व फोटोग्राफी दिवस? जानें इस दिन का इतिहास, महत्व और थीम -
5 साल से तालाब में रह रहे इकबाल की मदद के लिए आगे आए अनंत अंबानी, इलाज के लिए मुंबई एयरलिफ्ट कराया -
इन 5 लोगों को भूलकर भी नहीं करना चाहिए मशरूम का सेवन, सेहत को हो सकता है गंभीर नुकसान -
Special Marriage Act क्या है? सोनाक्षी-जहीर इकबाल समेत इन बॉलीवुड कपल्स ने बिना धर्म बदले की शादी -
किन्नौर कैलाश के दर्शन के बाद बदल गई हिमांशी खुराना की जिंदगी, एक्ट्रेस ने बताया क्यों इतनी खास है यह जगह -
Raksha Bandhan 2026: कब है रक्षाबंधन? जानें तिथि, राखी बांधने का शुभ मुहूर्त, भद्रा का समय और महत्व -
कभी 75 रुपये में साफ करते थे गाड़ियां, आज कहलाते हैं दिल्ली के खान सर; पढ़ें मनोज गर्ग की सक्सेस स्टोरी -
Sawan 2026: सावन में दाढ़ी और बाल कटवाना चाहिए या नहीं? जानें ज्योतिष और धार्मिक नियम -
कौन थीं अनन्या राज? 27 साल की उम्र में हुई मौत, एक महीने बाद सामने आई निधन की खबर -
Rudrabhishek Vidhi: घर पर शिव जी का रुद्राभिषेक कैसे करें? जानें सरल पूजा विधि, सामग्री, मंत्र और जरूरी नियम
Kanwar Yatra 2023 : सावन महीने में इस बार है दो शिवरात्रि, यहां जानें जलाभिषेक के लिए कौन-कौन से है खास दिन
सावन के महीने में इस साल पुरुषोत्तम मास का शुभ संयोग बन रहा है। पुरुषोत्तम मास भगवान शिव की पूजा के लिए बहुत ही शुभ माना जाता है। इस साल सावन का महीना 59 दिनों का रहेगा।
सावन महीने में अधिक मास होने के कारण इस बार 8 सावन सोमवार के व्रत. चार प्रदोष व्रत और दो सावन शिवरात्रि पड़ेगी। ऐसे में शिव भक्तों को भी कावड़ यात्रा के लिए ज्यादा समय मिलेगा। शिव भक्त पवित्र तीर्थस्थलों से गंगा जल लेकर शिवलिंग पर चढ़ाते हैं। जिसके लिए अधिकतर भक्त शिवलिंग पर जल अर्पित करने के लिए शिवरात्रि का दिन चुनते हैं।
क्या है कावड़ यात्रा ?
कावड़ बांस या लकड़ी से बना एक डंडा होता है, जिसे रंगबिरंगे झंडे, धागों और आर्टिफिशियल फूलों से सजाया जाता है और उसके दोनों किनारों पर एक कलश एक कलश गंगा जल भरकर लटकाया जाता है। सावन के महीने में शिव भक्त गंगा घाटों पर जाते हैं और वहां स्नान करके कलश में गंगा जल भरते हैं। फिर उस गंगा जल से भरे कलश को कावड़ पर बांधकर अपने-अपने इलाके के शिवालय में लाते हैं और शिवलिंग पर चढ़ाते हैं।
कब से कब तक चलेगी कावड़ यात्रा
सावन के महीने में कावड़ यात्रा का विशेष महत्व होता है। जिसके कारण साल 2023 में सावन महीना 4 जुलाई से शुरू होकर 31 अगस्त यानि 59 दिनों तक का रहेगा। इस साल की कावड़ यात्रा 4 जुलाई 2023 से शुरु होकर 31 अगस्त 2023 तक चलेगी। 19 साल बाद ऐसा संयोग बन रहा है जिसमें सावन का महीना एक नहीं बल्कि दो महीने रहेगा। ऐसे में शिव भक्तों को कावड़ यात्रा के लिए ज्यादा समय मिल जाएगा। सावन का ये बढ़ा महीना यानि पुरुषोत्तम मास 18 जुलाई से 16 अगस्त तक रहेगा ।

2023 में कब-कब चढ़ेगा शिवलिंग पर जल
सावन महीने का हर दिन शुभ और पवित्र माना जाता है। ऐसे में आप किसी भी दिन शिवलिंग पर जल अर्पित कर सकते हैं। लेकिन प्रदोष और शिवरात्रि का दिन कावड़ ले जाने वालों के लिए बहुत ही खास और शुभ होता है। इस साल सावन में दो शिवरात्रि, चार प्रदोष व्रत पड़ रहे हैं। ऐसे में आप अपने अनुसार किसी भी दिन शिवलिंग पर जलाभिषेक कर सकते हैं।
2023 में कावड़ यात्रियों के जलाभिषेक के खास दिन
- शिवरात्रि , प्रदोष व्रत - 15 जुलाई 2023, शनिवार
- प्रदोष व्रत - 30 जुलाई 2023, रविवार
- प्रदोष व्रत - 13 अगस्त 2023, रविवार
- शिवरात्रि - 14 अगस्त 2023, सोमवार
- प्रदोष व्रत - 28 अगस्त 2023, सोमवार



Click it and Unblock the Notifications