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गरुड़ पुराण की ये 7 बातें रखेंगे याद तो जीवन में हर मुश्किल होगी आसान, साथ ही जानें निरोगी काया का राज़
गरुड़ पुराण 18 पुराणों में से एक है। गरुड़ पुराण में केवल स्वर्ग-नरक, पाप-पुण्य के बारे में ही नहीं है। इसमें बहुत कुछ ऐसा है जो मानव जीवन के लिए पथ-प्रदर्शक के रूप में काम करता है। गरुड़ पुराण में नीति, नियम, धर्म के साथ ज्ञान और विज्ञान भी है। एक तरफ जहां ये मृत्यु के रहस्य को बताता है तो वहीं दूसरी तरफ जीवन के अनसुलझे राज की तरफ इशारा भी करता है। गरुड़ पुराण से कई तरह की शिक्षा मिलती है। आज इस लेख के माध्यम से जानते हैं कि गरुड़ पुराण की वो खास बातें जो मनुष्य के जीवन को सरल बनाती है।

कष्टों से बचाता है एकादशी व्रत
ग्रंथ, पुराण और गरुड़ पुराण में एकादशी व्रत की महिमा के बारे में बताया गया है। एकादशी तिथि को श्रेष्ठ माना गया है। ऐसी मान्यता है कि जो व्यक्ति एकादशी का व्रत करता है वो जीवन में आने वाली कठिनाइयों से बचा रहता है। इस व्रत से कई तरह के लाभ मिलते हैं। इसके प्रभाव से चंद्र देव के बुरे प्रभाव से भी राहत मिलती है।

साफ और महकदार वस्त्र
व्यक्ति को हमेशा साफ़-सफाई के साथ रहना चाहिए। गरुड़ पुराण में भी इस बात का जिक्र मिलता है। इसके अनुसार गंदे वस्त्र पहनने वाले लोगों का सौभाग्य नष्ट हो जाता है। ऐसे लोगों के घर में माता लक्ष्मी भी निवास नहीं करती हैं। यदि आप आर्थिक रूप से मजबूत और सौभाग्यशाली बनना चाहते हैं तो आपको साफ़-सुथरे और सुंगधित वस्त्र पहनने चाहिए।

जीवन में अभ्यास है जरूरी
किसी चीज का अभ्यास करने से कठिन से कठिन विषय भी समझा जा सकता है। विद्या हो या फिर कोई प्रयोगात्मक कार्य, व्यक्ति अभ्यास करके ही उसे लंबे समय तक याद रख सकता है। अभ्यास करने से इंसान उस कार्य में माहिर बन जाता है और जीवन में उसे कभी नहीं भूलता है। बिना निरंतर अभ्यास के कोई भी शिक्षा नष्ट हो जाती है। इस वजह से गरुड़ पुराण में ये कहा गया है कि हम जो भी नया ज्ञान अर्जित करें उसका अभ्यास कम से कम एक बार जरुर करें ताकि वह मस्तिष्क में संरक्षित रहे।

तुलसी का है विशेष स्थान
दूसरे पुराणों की तरह गरुड़ पुराण में भी तुलसी की महत्ता का जिक्र मिलता है। व्यक्ति को अपने घर में तुलसी अवश्य रखनी चाहिए। घर में तुलसी को स्थान देने और रोजाना जल चढ़ाने से तरक्की के मार्ग में आने वाली अड़चन दूर होती है। तुलसी के प्रभाव से कई तरह के रोगों का नाश होता है। भगवान विष्णु की पूजा में तुलसी का उपयोग अवश्य करें।

धर्म का करें सम्मान
व्यक्ति को भूलकर भी किसी पूजा स्थल या धर्म का अपमान नहीं करना चाहिए। गरुड़ पुराण की मानें तो जो लोग दूसरों का इस्तेमाल करते हैं, लोगों का फायदा उठाते हैं, पवित्र स्थान में कोई गलत काम करते हैं उन्हें जीवन में पछताना पड़ता है। धर्म, वेद-पुराण, शास्त्रों के अस्तित्व पर सवाल उठाने वाले व्यक्ति को नरक में स्थान मिलता है।

निरोगी काया का उपाय
निरोगी काया पाने का सबसे सरलतम उपाय है संतुलित भोजन करना। हमारे शरीर के लिए मुख्य स्रोत भोजन ही है। इसी से व्यक्ति की सेहत पर सीधा प्रभाव पड़ता है। हमारा असंतुलित खानपान ही बीमारियों की वजह बनता है। गरुड़ पुराण के अनुसार व्यक्ति को ऐसा भोजन करना चाहिए जो आसानी से पच जाए। इससे पाचन तंत्र सही ढंग से काम करता है और भोजन से उचित ऊर्जा भी शरीर को मिलती है।

शत्रु के अनुसार हो नीति
जिस व्यक्ति का इस धरती पर जन्म हुआ है वो अपने जीवन में मित्र और साथ ही साथ शत्रु भी बनाता है। कुछ शत्रु सामान्य और कुछ ज्यादा खतरनाक हो सकते हैं। गरुड़ पुराण के अनुसार खतरनाक शत्रुओं से निपटने के लिए व्यक्ति को हमेशा सतर्क रहना चाहिए। चतुराई से मामला सुलझाना चाहिए। शत्रु का उद्देश्य केवल नुकसान पहुंचाना होता है, ऐसे में शत्रु से निपटने के लिए उसके अनुसार ही नीति का चयन करना चाहिए।



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