Latest Updates
-
Ganesh Chaturthi Decoration Ideas: गणेश चतुर्थी पर ऐसे सजाएं बप्पा का दरबार, कम खर्च में ये आइडियाज आएंगे काम -
Hartalika Teej 2026: हरतालिका तीज पर हाथों में लगी मेहंदी का चाहती हैं डार्क कलर, तो आजमाएं ये 4 आसान टिप्स -
Modak Recipe: गणेश चतुर्थी पर बप्पा के लिए घर पर बनाएं उनके प्रिय उकडिचे मोदक, जानें इसकी आसान रेसिपी -
Hartalika Teej 2026: हरतालिका तीज का व्रत कब है? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त, पूजा विधि और महत्व -
ना मूर्ति, ना पुजारी, सूर्यास्त के बाद एंट्री भी मना, जानिए फिल्म 'The Vvaan' वाले वन देवी मंदिर का रहस्य -
नेपाल में बाढ़ के बाद भूकंप, इंडोनेशिया में फटा ज्वालामुखी, क्या बाबा वेंगा की भविष्यवाणी हुई सच? -
Pithori Amavasya 2026: आज या कल, पिठोरी अमावस्या कब है? जानें सही तारीख, स्नान-दान का शुभ मुहूर्त और महत्व -
World Suicide Prevention Day 2026: क्यों मनाया जाता है विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस? जानें इसका इतिहास और महत्व -
तांबे के बर्तन में पानी पीने से मिलेंगे ये 5 फायदे, डायजेशन के साथ इम्यूनिटी भी होगी मजबूत -
Ganesh Chaturthi 2026: कब है गणेश चतुर्थी? जानें तिथि, गणपति स्थापना का शुभ मुहूर्त और विसर्जन की तारीख
Vat Purnima Vrat 2024: सुहागिन महिलाएं वट पूर्णिमा पूजा में न करें ये भूल, हो सकता है भारी नुकसान
Vat Purnima Vrat Ke Niyam: वट पूर्णिमा व्रत 21 जून 2024 को मनाया जाएगा। यह व्रत वट सावित्री व्रत जैसा ही है, जिसमें विवाहित महिलाएं अपने पति की दीर्घायु और खुशहाली के लिए प्रार्थना करती हैं। पौराणिक कथाओं के अनुसार देवी सावित्री को महासती के रूप में पूजा जाता है और वट वृक्ष मृत्यु के देवता यमराज का प्रतीक है।
सावित्री की भक्ति और चतुराई ने यमराज को उसके पति सत्यवान के जीवन को बहाल करने के लिए मजबूर कर दिया। 21 जून को पूर्णिमा तिथि सुबह 7:31 बजे शुरू होगी और 22 जून को सुबह 6:37 बजे समाप्त होगी।

वट पूर्णिमा व्रत एक महत्वपूर्ण हिंदू पर्व है, जो मुख्यतः महाराष्ट्र, गुजरात, और कर्नाटक में विवाहित महिलाओं द्वारा अपने पति की लंबी उम्र और सुखद दांपत्य जीवन के लिए मनाया जाता है।
यह व्रत न केवल धार्मिक महत्व रखता है बल्कि पति-पत्नी के बीच प्रेम और सामंजस्य को भी बढ़ाता है। सही नियमों और विधियों का पालन करके व्रत की महत्ता और फल प्राप्त किया जा सकता है। इस व्रत में कई नियम और परंपराएं हैं जिनका पालन करना आवश्यक होता है। व्रत के दौरान कुछ चीजें नहीं करनी चाहिए, जो इस प्रकार हैं।
वट पूर्णिमा व्रत में क्या नहीं करना चाहिए:
वट परिक्रमा की दिशा:
इस व्रत में वट वृक्ष की पूजा का विशेष महत्व है। वृक्ष की परिक्रमा दाएं से बाएं करनी चाहिए। ऐसा माना जाता है कि बाएं से दाएं करने से पति की आयु कम होती है या गंभीर बीमारी होती है। इस अनुष्ठान के दौरान महिलाएं वृक्ष के चारों ओर लाल-पीली मौली या कलावा लपेटती हैं।
सफेद सूत का प्रयोग
वट वृक्ष पर बांधे जाने वाले धागे का रंग सफेद नहीं होना चाहिए। यदि लाल-पीली मौली उपलब्ध न हो तो सफेद धागे को हल्दी-कुमकुम से रंगकर बांधना चाहिए। ऐसा न करने पर पति पर दुर्भाग्य या अकाल मृत्यु आ सकती है।
अनाज और नमक का सेवन न करें:
व्रत के दिन अनाज और नमक का सेवन नहीं करना चाहिए। फलाहार या फल और दूध का सेवन व्रत के लिए उपयुक्त माना जाता है।
धार्मिक अनुष्ठान में अवरोध न डालें:
पूजा और व्रत के दौरान किसी भी प्रकार का अवरोध नहीं डालना चाहिए। शांतिपूर्वक और ध्यानपूर्वक पूजा करें।
नकारात्मक विचारों से बचें:
व्रत के दौरान नकारात्मक विचारों और क्रोध से बचें। सकारात्मक और शांत मन से पूजा करें।
अशुद्ध वस्त्र न पहनें:
पूजा के समय साफ और पवित्र वस्त्र पहनें। गंदे या अशुद्ध वस्त्रों से पूजा नहीं करनी चाहिए।
झूठ और छल-कपट से बचें:
इस दिन झूठ बोलने और छल-कपट से बचना चाहिए। सच्चाई और ईमानदारी का पालन करें।
अतिव्यय न करें:
पूजा के दौरान अतिव्यय (अधिक खर्च) करने से बचें। साधारण और श्रद्धापूर्ण पूजा करें।
सूर्यास्त के बाद व्रत न तोड़ें:
व्रत को सूर्यास्त के बाद नहीं तोड़ना चाहिए। आमतौर पर व्रत का पारण अगले दिन सूर्योदय के बाद किया जाता है।
स्वास्थ्य को नजरअंदाज न करें:
यदि स्वास्थ्य संबंधी कोई समस्या है, तो व्रत के दौरान इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। स्वस्थ रहें और आवश्यकता पड़ने पर डॉक्टर की सलाह लें।
अलक्ष्मी (धन की हानि) का विचार न करें:
व्रत के दौरान धन की हानि या आर्थिक समस्याओं का विचार नहीं करना चाहिए। सकारात्मक सोच रखें।
नोट: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। बोल्डस्काई लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी और धारणा को अमल में लाने या लागू करने से पहले कृपया संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications
