Latest Updates
-
IND vs SL 2nd Test: कोलंबो में सीरीज जीत की दहलीज पर भारत, बारिश और पिच का क्या है हाल? -
Varalakshmi Vrat Katha: वरलक्ष्मी व्रत के दिन जरूर पढ़ें ये व्रत कथा, धन से जुड़ी बाधाएं होंगी दूर -
Varalakshmi Vrat 2026 Wishes: मां लक्ष्मी का आशीर्वाद...वरलक्ष्मी व्रत पर प्रियजनों को भेजें ये शुभकामना संदेश -
Rakhi Gift Ideas For Sister: इस रक्षाबंधन बहन को दें ये 7 प्यार भरे तोहफे, देखते ही खुशी से झूम उठेगी -
World Mosquito Day 2026: मच्छरों के काटने से हो सकती हैं ये खतरनाक बीमारियां, बचाव के लिए अपनाएं ये घरेलू उपाय -
पुरूषों को स्पर्म काउंट बढ़ाने के लिए खानी चाहिए ये 7 चीजें, फर्टिलिटी में होगा सुधार -
घर में अचानक कॉकरोच निकलना शुभ या अशुभ? जानें ज्योतिष और वास्तु के संकेत -
40 की उम्र में भी नजर आएंगी 20 की, हेल्दी और ग्लोइंग स्किन के लिए डाइट में शामिल करें ये 7 फूड्स -
September Travel Destinations: सितंबर में घूमने के लिए बेस्ट हैं ये भारत की ये 7 खूबसूरत जगहें, मिलेगा यादगार -
World Photography Day 2026: क्यों मनाया जाता है विश्व फोटोग्राफी दिवस? जानें इस दिन का इतिहास, महत्व और थीम
Maharana Pratap Death Anniversary: महराणा प्रताप की पुण्यतिथि पर इन संदेशों के साथ करें उन्हें नमन
Maharana Pratap Death Anniversary Messages: भारत की धरती पर कई महान सपूतों ने जन्म लिया जिन्होंने भारतीय क्षेत्र की स्वतंत्रता के लिए अपनी जान तक न्योछावर कर दी। उन वीर सपूतों में सबसे अग्रणी नाम महाराणा प्रताप का माना जाता है। महाराणा प्रताप एक महान राजा थे जो भारतीय इतिहास में अपनी वीरता और साहस के लिए प्रसिद्ध हैं। महाराणा प्रताप का नाम भारतीय इतिहास में हलचल मचा देने वाले हल्दीघाटी के युद्ध के संदर्भ में विशेष रूप से प्रसिद्ध है, जिसमें महाराणा प्रताप ने अकबर के सेनापति मानसिंह से मुकाबला किया था।
हल्दीघाटी के युद्ध में महाराणा प्रताप की सेना ने बड़ी बहादुरी से लड़ा। हालांकि इस युद्ध में उनकी हानि हो गई और मेवाड़ को अकबर के साम्राज्य में विलीन करना पड़ा, लेकिन महाराणा प्रताप ने अपनी स्वतंत्रता की लड़ाई जारी रखी और अपनी मौजूदगी को बनाए रखने के लिए संघर्ष किया।

महाराणा प्रताप ने अपने जीवनभर में मेवाड़ की स्वतंत्रता के लिए संघर्ष किया और उनकी वीरता, साहस और निष्ठा के लिए वे प्रसिद्ध हैं। 19 जनवरी को महाराणा प्रताप वीरगति को प्राप्त हुए। हर साल 19 जनवरी का दिन महाराणा प्रताप की पुण्यतिथि के रूप में याद किया जाता है। उन्होंने विपरीत परिस्थितियों में मुगलों से लगातार मेवाड़ी अस्मिता और स्वतंत्रता को बचाए रखा। जाबांज महाराणा प्रताप को उनकी पुण्यतिथि पर नमन और कुछ श्रद्धांजलि भरे सन्देश-
1.
चेतक पर चढ़ जिसने,
भाला से दुश्मन संघारे थे,
मातृभूमि के खातिर,
जंगल में कई साल गुजारे थे।
उन महाराणा प्रताप जी को पुण्यतिथि पर नमन!

2.
माँ भारती के अमर सपूत, साहस, त्याग एवं स्वाभिमान के प्रतीक तथा वीरता व अदम्य शौर्य के परिचायक महाराणा प्रताप जी की पुण्यतिथि पर उन्हें कोटिशः नमन।
3.
झुके नहीं वह मुगलों से, मुगलों को ही झुका डाला,
मातृभूमि की भक्ति का, नया प्रतिमान बना डाला,
हिंदुओं के सिरमौर, भारतीय शौर्य और स्वाभिमान के पर्याय
वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप जी की पुण्यतिथि पर शत्-शत् नमन।
4.
जब-जब तेरी तलवार उठी, तो दुश्मन टोली डोल गयी,
फीकी पड़ी दहाड़ शेर की, जब-जब तुने हुंकार भरी।
शूरवीर महाराणा जी को पुण्यतिथि को भावपूर्ण श्रद्धांजलि!
5.
राजपुताने की आन है राणा,
राजपुताने की शान है राणा।
वीरों के लिए पैगाम है राणा,
भारत के वीर पुत्र का नाम है राणा।
महाराणा प्रताप की पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि!
6.
चढ़ चेतक पर तलवार उठा,
रखता था भूतल पानी को।
राणा प्रताप सिर काट-काट,
करता था सफल जवानी को।
महाराणा प्रताप की पुण्यतिथि पर नमन!
7.
मातृभूमि के लिए सर्वस्व निछावर कर जाऊंगा
वक्त आने पर मैं भी मेवाड़ी राणा बन जाऊंगा।
पल-पल जिया जो इस मिट्टी के लिए
मैं भी वही महाराणा प्रताप बन जाऊंगा।
महाराणा प्रताप की पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि!
8.
जिसकी तलवार की छलक से
दुश्मन का दिल घबराता था,
वो अजर-अमर वो शूरवीर तो
महाराणा प्रताप कहलाता था।
उनकी पुण्यतिथि पर उनको नमन!
नोट: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। बोल्डस्काई लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी और धारणा को अमल में लाने या लागू करने से पहले कृपया संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications