Latest Updates
-
कौन है Aditi Hundia? T20 वर्ल्ड कप जीत के बाद Ishan Kishan के साथ डांस Video Viral -
काले और फटे होंठों से हैं परेशान? तो पिंक लिप्स पाने के लिए आजमाएं ये घरेलू नुस्खे -
Chaitra Navratri 2026: 8 या 9 दिन जानें इस बार कितने दिन के होंगे नवरात्र? क्या है माता की सवारी और इसका फल -
Gangaur Vrat 2026: 20 या 21 मार्च, किस दिन रखा जाएगा गणगौर व्रत? नोट करें तिथि, पूजा का शुभ मुहूर्त -
घर में लाल चीटियों का दिखना शुभ है या अशुभ? जानें शकुन शास्त्र के ये 5 बड़े संकेत -
गर्दन का कालापन दूर करने के लिए रामबाण हैं ये 5 देसी नुस्खे, आज ही आजमाएं -
आपके 'नन्हे कान्हा' और 'प्यारी राधा' के लिए रंगों जैसे खूबसूरत और ट्रेंडी नाम, अर्थ सहित -
15 या 16 मार्च कब है पापमोचिनी एकादशी? जानें सही तारीख, शुभ मुहूर्त और पारण का समय -
Women's Day 2026: चांद पर कदम, जमीन पर आज भी असुरक्षित है स्त्री, जानें कैसे बदलेगी नारी की किस्मत -
Women’s Day 2026: बचपन के हादसे ने बदली किस्मत, अपनी मेहनत के दम पर मिताली बनीं Supermodel
शिशु को 6 महीने तब स्तनपान करवाने के फायदे
जब शिशु थोड़ा सा बड़ा हो जाता है, तो कई माएं शिशु को स्तनपान कराना बंद कर देती हैं। उन्हें ऐसा लगता है कि अब जब बच्चा थेाड़ा बहुत आहार खाने ही लग गया है, तो अब भला मेरे दूध पिलाने का क्या फायदा होगा। डॉक्टर के मुताबिक शिशु पैदा होने के 6 महीने बाद तक स्तनपान करवाने से शिशु की रोगप्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है और उसमें आगे चल कर कई सारी बीमारियों से लड़ने की क्षमता बढ जाती है। आइये जानते हैं कि शिशु को 6 महीने तक स्तनपान करवाने से क्या स्वास्थ्य लाभ मिलते हैं।
शिशु को 6 महीने तब स्तनपान करवाने के फायदे

1. अगर आप अपने बेबी को लंबे समय तब दूध पिलाएंगी तो उसे पैदा होने के कुछ समय तक सांस संबन्धित बीमारी नहीं होगी , जो कि आम तौर पर शिशुओ में देखी जाती है। स्तनपान के बाद आम ब्रेस्ट की समस्याएं
2. स्तनपान करवाने से शिशु को 50 प्रतिशत तक कान और गले का इंफेक्शन टलने का चांस रहेगा।
3. आंत में सूजन आ जाना शिशुओं में आम बात होती है, जो कि मां का दूध पीने से काफी हद तक सही हो सकती है। अगर आप चाहती हैं कि आपके शिशु को पेट की बीमारी ना हो तो, उसे अपना दूध कम से कम 6 महीने तक पिलाएं।
4. अगर आप चाहती हैं कि आपका बच्चा आगे चल कर मोटा ना बन जाए तो, उसे अपना दूध लंबे समय तक पिलाएं।
5. वे शिशु जिन्हें फार्मूला वाला दूध, गाय का दूध या फिर सोया मिल्क पिलाया जाता है, उन्हें एलर्जी की संभावना बढ़ जाती है।



Click it and Unblock the Notifications











