Latest Updates
-
पेरिस में बना फ्रांस का पहला पारंपरिक हिंदू मंदिर, 1970 के संकल्प से 2026 तक ऐसे पूरा हुआ सफर -
International Literacy Day 2026: क्यों मनाया जाता है अंतर्राष्ट्रीय साक्षरता दिवस? जानें इतिहास, महत्व और थीम -
International Literacy Day 2026: साक्षरता दिवस पर ये संदेश भेज सबको करें जागरूक, बताएं पढ़ने-लिखने का महत्व -
Aja Ekadashi Vrat Katha: अजा एकादशी पर पढ़ें ये व्रत कथा, मिलेगा अश्वमेध यज्ञ के बराबर पुण्य -
Aja Ekadashi 2026: नारायण की कृपा...इन संदेशों के साथ अपने प्रियजनों को भेजें अजा एकादशी की शुभकामनाएं -
National Nutrition Week: प्रेग्नेंसी में जरूरी है सही न्यूट्रिशन, जानें गर्भावस्था में क्या खाएं-क्या न खाएं -
Aja Ekadashi 2026: कब है अजा एकादशी? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त, महत्व, पूजा विधि और पारण समय -
Teacher's Day 2026: 5 सितंबर को ही क्यों मनाया जाता है शिक्षक दिवस? जानिए क्या है इसका इतिहास और महत्व -
Teacher's Day 2026 Sanskrit Wishes: इन संस्कृत श्लोकोंं के जरिए गुरुजनों को भेजें शिक्षक दिवस की शुभकामनाएं -
Teacher’s Day 2026 Wishes: गुरु का ज्ञान...इन संदेशों के साथ अपने टीचर्स को भेजें शिक्षक दिवस की शुभकामनाएं
Bad Parenting: पैरेंट्स की इन हरकतों से बच्चे बन जाते हैं डरपोक, लो-कॉन्फिडेंस बनाता है कमजोर
अगर किसी बच्चे में आप कॉन्फिडेंस की कमी देखते हैं या फिर वो डरपोक सा है तो इसके पीछे बच्चे के घर के वातावरण का फर्क पड़ता है। हर माता-पिता की चाहत होती है कि उनका बेटा समझदार बनें, होशियर बनें, पढ़ने में भी आगे हो, इसके लिए वो बच्चे पर सख्ती करने लग जाते हैं। लेकिन पैरेंट्स को ये समझ में नहीं आता है कि बच्चों पर सख्ती कितनी करनी है। हद से ज्यादा बच्चों पर सख्ती दिखाना बच्चों को कमजोर और डरपोक बना देता है। उनके अंदर कॉन्फिडेंस की कमी होने लग जाती है।

ऐसे में अगर पेरेंट्स बच्चों के साथ स्ट्रिक्ट होते हैं या फिर उनके साथ मारपीट करते हैं तो उनको अपने इस तरह के बिहेवियर में बदलाव लाना होगा। क्योंकि इस तरह का व्यवहार करने से आप बच्चों का नुकसान कर रहे हैं
यहां आपको उन बातों के बारे में बताने जा रहे हैं, जिसके कारण पैरेंट्स अपने बच्चों को लो-कॉन्फिडेंस और डरपोक बना दे रहे हैं-

अपने बच्चे से दूसरे बच्चों को साथ तुलना
अगर आप भी ऐसा ही करते हैं तो अपनी ये आदत को आज ही खत्म कर दे। इससे आप अपने बच्चे की लाइफ को खराब कर रहे हैं, क्योंकि आप के ऐसा करने से बच्चों में जलन की भावना पैदा होना लग जाती है। आप जब दूसरे बच्चे की तारीफ अपने बच्चे के सामने करते हैं तो उनको यही लगता है वो अपने माता-पिता को कभी खुश नहीं रख सकते, इस तरह से बच्चे अंदर ही अंदर घुटने लग जाते हैं।

बच्चों के साथ मार-पीट करना
बच्चों के साथ पैरेंट्स मारपीट करते हैं, लेकिन मारना किसी भी चीज का सल्युशन नहीं है। अगर बच्चा शरारत करता है तो उसे मारना तो बिल्कुल नहीं चाहिए, क्योंकि उसे आपके मार की आदत पड़ जाएगी। उसकी शरारतें और बढ़ती जाएंगी क्योंकि उसको ये पता चल चुका होगा कि उसे मार तो खानी ही है। आप बच्चो को समझदारी के साथ समझाएं, उसे प्यार से सही बातों के बारें में बताएं, बच्चा जरूर समझेगा।

बच्चों पर बहुत ज्यादा पाबंदियां लगाना
जो माता-पिता अपने बच्चों पर हद से ज्यादा पाबंदियां लगाते हैं उन बच्चों में कॉन्फिडेंट की कमी हो जाती है, साथ ही वो डरपोक हो जाते हैं। ऐसे बच्चे जब बढ़े होते हैं तब वो अपनी बात कहने पर डरते हैं, साथ ही वो सही बात भी नहीं कह पाते हैं।



Click it and Unblock the Notifications
