Latest Updates
-
'कांटे' और 'शूटआउट एट वडाला' के निर्देशक संजय गुप्ता का 57 साल की उम्र में निधन, सामने आई मौत की वजह -
Ahoi Ashtami Vrat Me Pani Kab Piye: अहोई अष्टमी के व्रत में पानी पीना चाहिए या नहीं? जानें व्रत के जरूरी नियम -
Namakpara Recipe: दिवाली पर घर पर बनाएं बिना मैदा के कुरकुरे नमकपारे, निशा मधुलिका ने बताई आसान रेसिपी -
Halloween 2026: क्यों मनाया जाता है हैलोवीन? जानिए कहां और कैसे शुरू हुआ यह 'डरावना त्योहार' -
National Unity Day 2026 Wishes: हमारी पहचान हमारी एकता...राष्ट्रीय एकता दिवस पर आप भी भेजें ये शुभकामना संदेश -
Halloween 2026: हैलोवीन पार्टी के लिए ट्राई करें ये 5 स्पूकी मेकअप आइडियाज, दिखेंगी सबसे अलग -
बार-बार होने वाला सिरदर्द कहीं ब्रेन ट्यूमर तो नहीं? डॉक्टर ने बताए 5 वार्निंग संकेत जिन्हें पहचानना है जरूरी -
Ahoi Ashtami 2026: 1 या 2 नवंबर, अहोई अष्टमी कब है? जानें सही तारीख, शुभ मुहूर्त, महत्व और पूजा विधि -
Karwa Chauth Wishes For Saasu Maa: आपके आशीर्वाद से...करवा चौथ पर सासू मां को भेजें ये खास शुभकामना संदेश -
Happy Karwa Chauth Wishes For Husband: चांद से भी प्यारा...करवाचौथ पर जीवनसाथी को भेजें ये प्यार भरे संदेश
Bad Parenting: पैरेंट्स की इन हरकतों से बच्चे बन जाते हैं डरपोक, लो-कॉन्फिडेंस बनाता है कमजोर
अगर किसी बच्चे में आप कॉन्फिडेंस की कमी देखते हैं या फिर वो डरपोक सा है तो इसके पीछे बच्चे के घर के वातावरण का फर्क पड़ता है। हर माता-पिता की चाहत होती है कि उनका बेटा समझदार बनें, होशियर बनें, पढ़ने में भी आगे हो, इसके लिए वो बच्चे पर सख्ती करने लग जाते हैं। लेकिन पैरेंट्स को ये समझ में नहीं आता है कि बच्चों पर सख्ती कितनी करनी है। हद से ज्यादा बच्चों पर सख्ती दिखाना बच्चों को कमजोर और डरपोक बना देता है। उनके अंदर कॉन्फिडेंस की कमी होने लग जाती है।

ऐसे में अगर पेरेंट्स बच्चों के साथ स्ट्रिक्ट होते हैं या फिर उनके साथ मारपीट करते हैं तो उनको अपने इस तरह के बिहेवियर में बदलाव लाना होगा। क्योंकि इस तरह का व्यवहार करने से आप बच्चों का नुकसान कर रहे हैं
यहां आपको उन बातों के बारे में बताने जा रहे हैं, जिसके कारण पैरेंट्स अपने बच्चों को लो-कॉन्फिडेंस और डरपोक बना दे रहे हैं-

अपने बच्चे से दूसरे बच्चों को साथ तुलना
अगर आप भी ऐसा ही करते हैं तो अपनी ये आदत को आज ही खत्म कर दे। इससे आप अपने बच्चे की लाइफ को खराब कर रहे हैं, क्योंकि आप के ऐसा करने से बच्चों में जलन की भावना पैदा होना लग जाती है। आप जब दूसरे बच्चे की तारीफ अपने बच्चे के सामने करते हैं तो उनको यही लगता है वो अपने माता-पिता को कभी खुश नहीं रख सकते, इस तरह से बच्चे अंदर ही अंदर घुटने लग जाते हैं।

बच्चों के साथ मार-पीट करना
बच्चों के साथ पैरेंट्स मारपीट करते हैं, लेकिन मारना किसी भी चीज का सल्युशन नहीं है। अगर बच्चा शरारत करता है तो उसे मारना तो बिल्कुल नहीं चाहिए, क्योंकि उसे आपके मार की आदत पड़ जाएगी। उसकी शरारतें और बढ़ती जाएंगी क्योंकि उसको ये पता चल चुका होगा कि उसे मार तो खानी ही है। आप बच्चो को समझदारी के साथ समझाएं, उसे प्यार से सही बातों के बारें में बताएं, बच्चा जरूर समझेगा।

बच्चों पर बहुत ज्यादा पाबंदियां लगाना
जो माता-पिता अपने बच्चों पर हद से ज्यादा पाबंदियां लगाते हैं उन बच्चों में कॉन्फिडेंट की कमी हो जाती है, साथ ही वो डरपोक हो जाते हैं। ऐसे बच्चे जब बढ़े होते हैं तब वो अपनी बात कहने पर डरते हैं, साथ ही वो सही बात भी नहीं कह पाते हैं।



Click it and Unblock the Notifications
